राजनीति

प्रियंका गांधी का दावा, प्रधानमंत्री के संसदीय क्षेत्र में पिछले साल 359 दिन लागू रही धारा 144

कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी ने एक ट्वीट कर कहा है कि इस स्थिति में भी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी कहते हैं कि लोगों को डरने की ज़रूरत नहीं है.

Lucknow: AICC general secretary Priyanka Gandhi Vadra addresses on party's 135th foundation day at UPCC HQ in Lucknow, Saturday, Dec. 28, 2019. (PTI Photo/Nand Kumar)(PTI12_28_2019_000108B)

प्रियंका गांधी. (फोटो: पीटीआई)

नई दिल्ली: कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी वाड्रा ने बृहस्पतिवार को दावा किया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के संसदीय क्षेत्र में बीते वर्ष 359 दिनों तक किसी न किसी कारण से धारा 144 लागू रही.

उन्होंने एक खबर का हवाला देते हुए ट्वीट किया, ‘प्रधानमंत्री के संसदीय क्षेत्र वाराणसी में 2019 में 365 दिनों में से 359 दिन धारा 144 लागू रही.’ प्रियंका ने प्रधानमंत्री मोदी पर तंज कसते हुए कहा, ‘इस स्थिति में भी प्रधानमंत्री कह रहे हैं कि लोगों को डरने की जरूरत नहीं है.’

प्रियंका गांधी ने न हिंदू की एक रिपोर्ट ट्विटर पर साझा करते हुए यह बात कही है. इस रिपोर्ट ने बीएचयू के एक छात्र रजत कुमार ने दावा किया है कि साल 2019 के 365 दिनों में से 359 दिन बनारस में धारा 144 लागू रही.

रजत कुमार ने बीते 24 दिसंबर को नागरिकता संशोधन कानून और एनआरसी के विरोध में अपनी मास्टर डिग्री लेने से मना कर दिया था.

बता दें कि प्रियंका गांधी संशोधित नागरिकता कानून के खिलाफ हुए प्रदर्शनों के बाद हुई गिरफ्तारियों और पुलिस कार्रवाई को लेकर भी केंद्र एवं उत्तर प्रदेश की भाजपा सरकार पर लगातार हमले कर रही हैं.

सीआरपीएफ की धारा 144 एक जगह पर चार से अधिक लोगों के जमा होने पर प्रतिबंध लगाती है.

दरअसल अमर उजाला के वाराणसी संस्करण में प्रकाशित एक रिपोर्ट में दावा किया गया है कि बनारस में बीते साल 365 दिनों में 359 दिनों तक शांति और कानून व्यवस्था बनाए रखने के नाम पर प्रशासन द्वारा धारा 144 लागू किया गया था. यह रिपोर्ट अमर उजाला के रिपोर्टर पुष्पेंद्र कुमार त्रिपाठी ने लिखी है.

इस रिपोर्ट के अनुसार, बनारस जिले में 17 नवंबर 2018 को धारा 144 लागू की गई थी, जो 55 दिन 10 जनवरी 2019 को हटाई गई और एक दिन बाद ही फिर इसे लागू कर दिया गया. तब से लेकर अब तक साल 2019 में अलग-अलग कारणों से सिर्फ पांच दिन छोड़कर धारा 144 लागू रही.

अमर उजाला में प्रकाशित रिपोर्ट.

अमर उजाला में प्रकाशित रिपोर्ट.

रिपोर्ट में जिला प्रशासन के अधिकारियों से कहा गया है कि शहर में वीआईपी लोगों का आवागमन लगभग रोजाना रहता है. इसके अलावा काशी विश्वनाथ मंदिर में दर्शन पूजन और पर्यटन के लिए लोग पूरे साल आते रहते हैं. कानून व्यवस्था को सुचारु रूप से संचालित करने के लिए धारा 144 लागू करनी पड़ती है.

हिंदुस्तान टाइम्स की रिपोर्ट के अनुसार अतिरिक्त जिला मजिस्ट्रट (शहर) विनय सिंह ने बताया, ‘जिले में धारा 144 कुल 350 दिनों तक लागू रही.’

हिंदुस्तान टाइम्स से बातचीत में एक अन्य अधिकारी ने बताया है, ‘पिछले साल मार्च में आम चुनावों की घोषणा हुई थी. आचार संहिता लागू होने से जिले में धारा 144 लागू कर दी गई थी. बीते साल मई महीने में नई सरकार के गठन के साथ आचार संहिता खत्म हुई और धारा 144 हटा दी गई.’

वे आगे कहते हैं, ‘कुछ अन्य कार्यक्रमों के मद्देनजर निवारक उपाय के रूप में फिर से जिले में धारा 144 लागू की गई थी. बीते साल अक्टूबर के आखिरी हफ्ते में अयोध्या मामले पर फैसला आने की घोषणा की वजह से फिर से लागू किया गया था.’

(समाचार एजेंसी भाषा से इनपुट के साथ)