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धोखाधड़ी के मामले में विधायक पत्नी, बेटे के साथ न्यायिक हिरासत में भेजे गए सपा सांसद आजम खान

पुलिस अधीक्षक संतोष कुमार मिश्रा ने बताया कि अदालत ने फर्जी जन्म प्रमाणपत्र बनवाने के मामले में आजम खान, उनके बेटे अब्दुल्ला और पत्नी तजीन फातिमा को दो मार्च तक के लिए न्यायिक हिरासत में भेजने के आदेश दिए हैं.

सपा सांसद आजम खान के साथ उनके बेटे मोहम्मद अब्दुल्लाह आजम खान. (फोटो साभार: फेसबुक)

सपा सांसद आजम खान के साथ उनके बेटे मोहम्मद अब्दुल्लाह आजम खान. (फोटो साभार: फेसबुक)

लखनऊ: रामपुर से समाजवादी पार्टी के सांसद आजम खान, उनकी विधायक पत्नी तजीन फातिमा और बेटे अब्दुल्ला आजम को फर्जी जन्म प्रमाणपत्र बनवाने के मामले में अदालत के आदेश पर बुधवार को दो मार्च तक न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया.

पुलिस अधीक्षक संतोष कुमार मिश्रा ने टेलीफोन पर बताया कि अदालत ने आजम खान, उनके बेटे अब्दुल्ला और पत्नी तजीन फातिमा को दो मार्च तक के लिए न्यायिक हिरासत में भेजने के आदेश दिए हैं.

उन्होंने कहा कि आज कई मुकदमों की सुनवाई थी. उनमें अब्दुल्ला के दो जन्म प्रमाणपत्र बनवाने का मामला प्रमुख था.

सूत्रों के मुताबिक आजम, उनकी विधायक पत्नी और पुत्र ने अदालत में समर्पण किया जहां से तीनों को दो मार्च तक के लिए हिरासत में भेज दिया गया.

गौरतलब है कि विशेष एमपी-एमएलए कोर्ट ने मंगलवार को तीनों के कुर्की वारंट के साथ ही गिरफ्तारी के लिए गैर जमानती वारंट जारी किए थे.

भाजपा के स्थानीय नेता आकाश सक्सेना ने पिछले साल दर्ज कराये गये मुकदमे में अब्दुल्ला के दो-दो जन्म प्रमाण पत्र बनवाये जाने का आरोप लगाया था. एक प्रमाण पत्र रामपुर से तो दूसरा लखनऊ से जारी किया गया है.

जांच में आरोप सही पाये गये. अदालत ने इस मामले में पेश होने के लिए कई बार समन जारी किये लेकिन आजम खान और उनका परिवार हाजिर नहीं हुआ. उसके बाद अदालत ने कुर्की और गैरजमानती वारंट जारी किया था.

आजम और उनके परिवार के सदस्यों के खिलाफ कई अन्य मामले हैं जिनमें पिछले साल अप्रैल से आजम के खिलाफ 86 मामले दर्ज हैं.

पिछले साल दिसंबर में आजम खान के बेटे और रामपुर जिले की स्वार विधानसभा सीट से विधायक मोहम्मद अब्दुल्ला आज़म खान की विधानसभा सदस्यता अवैध घोषित कर दी थी.

हाईकोर्ट ने उन्हें फर्जी दस्तावेज देकर चुनाव लड़ने का दोषी पाया है. अदालत ने कहा कि अब्दुल्ला आज़म ने 2017 के विधानसभा चुनाव के दौरान अपनी उम्र को लेकर फर्जी दस्तावेज पेश किए थे.

(समाचार एजेंसी भाषा से इनपुट के साथ)