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मार्च से सितंबर तक बाल अश्लील सामग्री, बलात्कार एवं गैंगरेप की 13,244 शिकायतें दर्ज: स्मृति ईरानी

केंद्रीय महिला एवं बाल विकास मंत्री स्मृति ईरानी ने राज्यसभा में बताया कि बच्चों के ख़िलाफ़ अपराध के अलावा एक मार्च से 20 सितंबर के बीच महिलाओं के ख़िलाफ़ अपराध की कुल 13,410 शिकायतें मिलीं, जिनमें से 4,350 घरेलू हिंसा से संबंधित थीं.

New Delhi: Union Textiles Minister Smriti Irani addresses a press conference at BJP Headquarters in New Delhi, Tuesday, Sept 11, 2018. (PTI Photo) (PTI9_11_2018_000085B)

स्मृति ईरानी (फाइल फोटो: पीटीआई)

नई दिल्ली: केंद्रीय महिला एवं बाल विकास मंत्री स्मृति ईरानी ने मंगलवार को संसद को बताया कि एक मार्च से 18 सितंबर के बीच राष्ट्रीय साइबर अपराध रिर्पोटिंग पोर्टल (एनसीआरपी) पर बच्चों से जुड़ी अश्लील सामग्री, बलात्कार एवं सामूहिक बलात्कार की 13,244 शिकायतें दर्ज की गईं.

राज्यसभा में एक सवाल के लिखित जवाब में ईरानी ने यह भी बताया कि राष्ट्रीय बाल अधिकार संरक्षण आयोग (एनसीपीसीआर) ने एक मार्च से 31 अगस्त के बीच बाल यौन शोषण की 420 शिकायतें प्राप्त की हैं.

उन्होंने बताया, ‘राष्ट्रीय अपराध रिकॉर्ड ब्यूरो (एनसीआरबी) द्वारा प्रदान की गई सूचना के अनुसार एक मार्च से 18 सितंबर तक राष्ट्रीय साइबर अपराध रिर्पोटिंग पोर्टल पर बच्चों से जुड़ी अश्लील सामग्री, बलात्कार एवं सामूहिक बलात्कार की दर्ज की गई शिकायतों की कुल संख्या 13,244 है.’

उन्होंने कहा कि चाइल्ड लाइन इंडिया फाउंडेशन (सीआईएफ) को एक मार्च से 15 सितंबर, 2020 तक बाल यौन शोषण के संबंध में 3,941 कॉल प्राप्त हुई हैं.

एक अन्य सवाल के जवाब में ईरानी ने राष्ट्रीय महिला आयोग के आंकड़ों को साझा करते हुए कहा कि मार्च एक से 20 सितंबर के बीच घरेलू हिंसा की 4,350 शिकायतें प्राप्त हुईं, जबकि इसी अवधि में महिलाओं के खिलाफ अपराध की कुल घटनाओं की संख्या 13,410 रही.

एक अन्य लिखित जवाब में स्मृति ईरानी ने बताया कि राष्ट्रीय महिला आयोग को मार्च में महिलाओं के खिलाफ अपराध के कुल 1,347 शिकायतें मिलीं, जिसमें 298 शिकायतें घरेलू हिंसा की थीं.

वहीं, अप्रैल में आयोग को घरेलू हिंसा की 315 शिकायतों के साथ कुल 800 शिकायतें मिलीं. मई में घरेलू हिंसा की 393 शिकायतों के साथ कुल 1,500 शिकायतें प्राप्त हुईं, जबकि जून में आयोग को घरेलू हिंसा की 461 शिकायतों के साथ कुल 2,043 शिकायतें मिलीं.

आयोग को जुलाई में घरेलू हिंसा की 660 शिकायतों के साथ कुल 2,914 शिकायतें प्राप्त हुईं. अगस्त में कुल 2,128 शिकायतें मिलीं, जिसमें घरेलू हिंसा की 537 शिकायतें थीं. 20 सितंबर तक आयोग को घरेलू हिंसा की 243 शिकायतों के साथ कुल 1,235 शिकायतें मिलीं.

लॉकडाउन के दौरान घरेलू हिंसा की शिकायतों को प्राप्त करने के लिए अप्रैल में महीने में राष्ट्रीय महिला आयोग ने एक वॉट्सऐप नंबर (7217735372) भी लॉन्च किया था. स्मृति ईरानी ने बताया कि इस नंबर पर आयोग को घरेलू हिंसा की 1,443 शिकायतें मिलीं.

बता दें कि अगस्त महीने में राष्ट्रीय महिला आयोग ने कहा था कि नवंबर 2018 के बाद जुलाई में उनको महिलाओं के खिलाफ अपराध की सर्वाधिक शिकायतें मिलीं.

जुलाई महीने में एनसीडब्ल्यू को महिलाओं के खिलाफ अपराध की 2,914 शिकायतें मिली थीं, जिसमें घरेलू हिंसा की 660 और 774 शिकायतें गरिमा के साथ जीने के अधिकार प्रावधान के तहत मिलीं.

बता दें कि अप्रैल की शुरुआत में राष्ट्रीय महिला आयोग ने लॉकडाउन के चलते बढ़ीं घरेलू हिंसा की घटनाओं पर चिंता जताई थी. मार्च के पहले सप्ताह में एनसीडब्ल्यू को देशभर में महिलाओं के खिलाफ अपराध की 116 शिकायतें मिली थीं. लेकिन लॉकडाउन के दौरान 23 से 31 मार्च के दौरान घरेलू हिंसा की शिकायतें बढ़कर 257 हो गई थीं.

हालांकि, जून में केंद्रीय महिला एवं बाल विकास मंत्री स्मृति ईरानी ने कोरोना वायरस के मद्देनजर लगाए गए लॉकडाउन के दौरान देश में महिलाओं के खिलाफ घरेलू हिंसा के मामलों में बढ़ोतरी के दावे को खारिज किया था.

इसके अलावा संयुक्त राष्ट्र ने भी दुनिया भर में लॉकडाउन के दौरान बढ़े घरेलू हिंसा के मामलों पर चिंता व्यक्त की थी. संयुक्त राष्ट्र महासचिव एंतोनियो गुतारेस ने इन हालात में सरकारों से ठोस कार्रवाई का आह्वान किया था.

(समाचार एजेंसी भाषा से इनपुट के साथ)