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अमेरिका: अदालत ने टिकटॉक पर प्रतिबंध लगाने के ट्रंप प्रशासन के आदेश पर रोक लगाई

एप्पल और गूगल ऐपस्टोर पर डाउनलोड के लिए उपलब्ध न होने के लिए टिकटॉक पर लगाया गया अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप प्रशासन का यह प्रतिबंध रविवार रात 12 बजे से प्रभावी होने वाला था.

(फोटो: रॉयटर्स)

(फोटो: रॉयटर्स)

वॉशिंगटन: एक अमेरिकी जज ने रविवार देर रात को राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के चीनी वीडियो शेयरिंग ऐप टिकटॉक को प्रतिबंधित करने के आदेश पर अस्थायी तौर पर रोक लगा दी.

समाचार एजेंसी रॉयटर्स के अनुसार, एप्पल और गूगल ऐपस्टोर पर डाउनलोड के लिए उपलब्ध न होने के लिए टिकटॉक पर लगाया गया ट्रंप प्रशासन का यह प्रतिबंध रविवार रात 12 बजे से प्रभावी होने वाला था.

वॉशिंगटन स्थित अमेरिकी जिला जज कार्ल निकॉल्स ने एक संक्षिप्त आदेश में कहा कि वह टिकटॉक ऐप स्टोर प्रतिबंध को प्रभावी होने से रोकने के लिए एक प्रारंभिक निषेधाज्ञा जारी कर रहे हैं. सोमवार को उनका विस्तृत आदेश जारी होगा.

बता दें कि जज कार्ल निकॉल्स को पिछले साल ट्रंप ने ही नामित किया था.

हालांकि, जज निकॉल्स ने अमेरिकी वाणिज्य विभाग द्वारा आगामी 12 नवंबर से लगाए जा रहे अन्य प्रतिबंधों पर रोक लगाने से इनकार कर दिया. टिकटॉक का कहना है कि इन प्रतिबंधों के चलते ऐप अमेरिका में इस्तेमाल करने लायक नहीं बचेगा.

टिकटॉक के वकील जॉन ई. हाल ने रविवार सुबह अदालत में 90 मिनट तक चली बहस के दौरान कहा था कि प्रतिबंध तर्कहीन है.

रविवार को हाल ने सवाल उठाया कि जब समझौते की प्रक्रिया जारी है, तब यह ऐप स्टोर प्रतिबंध आज रात से कैसे लागू हो सकता है और समझौते के बाद बेकार बन सकता है.

उन्होंने कहा, ‘यह सिर्फ दंडात्मक है. यह कंपनी को बर्बाद करने का एक तरीका है. इसकी तत्काल कोई आवश्यकता नहीं है.’

दरअसल अमेरिकी अधिकारियों ने चिंता व्यक्त की थी कि ऐप का उपयोग करने वाले कम से कम 10 करोड़ से अधिक अमेरिकियों के व्यक्तिगत डेटा को चीन की कम्युनिस्ट पार्टी की सरकार को दिया जा रहा है.

वहीं, टिकटॉक और बाइटडांस ने अपनी शिकायत में आरोप लगाया था कि ये प्रतिबंध राजनीतिक कारणों से लगाए जा रहे हैं. टिकटॉक ने यह भी कहा कि ये प्रतिबंध कंपनी के पहले संशोधन के अधिकारों का भी उल्लंघन करते हैं.

बता दें कि बीते 20 सितंबर को टिकटॉक की मूल कंपनी बाइटडांस ने अमेरिकी कंपनियों वॉलमार्ट और ऑरेकल कॉर्प के साथ एक शुरुआती समझौता किया था.

समझौते का समर्थन करते हुए ट्रंप ने कहा था कि टिकटॉक का स्वामित्व एक नई कंपनी टिकटॉक ग्लोबल के पास होगा और इसका मुख्यालय अमेरिका में होगा.

वहीं, ओरेकल कॉर्प अमेरिकी राष्ट्रीय सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए सभी अमेरिकी यूजरों के डेटा को अपने क्लाउड पर सुरक्षित रखेगी.

अभी अमेरिकी सरकार की विदेशी निवेश समिति (सीएफआईयूएस) द्वारा इस सौदे की समीक्षा की जानी बाकी है.

इससे पहले अमेरिकी वाणिज्य विभाग ने 18 सितंबर को अमेरिका में लोगों को चीनी स्वामित्व वाले मैसेजिंग ऐप वीचैट और टिकटॉक को 20 सितंबर, 2020 से डाउनलोड करने से रोकने पर प्रतिबंध लगाने की घोषणा की थी.

हालांकि 19 सितंबर को वाणिज्य विभाग ने समझौते को पूरा करने के लिए दोनों कंपनियों पर लगाए गए प्रतिबंध को एक हफ्ते आगे बढ़ा दिया था.

वहीं, पेंसिलवेनिया के एक जज ने शनिवार को प्रतिबंध पर रोक लगाने की मांग वाली तीन टिकटॉक कंटेंट क्रिएटर्स की याचिका खारिज कर दी, जबकि कैलिफोर्निया के एक जज ने चीनी कंपनी वीचैट ऐप पर प्रतिबंध लगाने वाले एक आदेश पर रोक लगा दी थी.