भारत

डेरा समर्थकों की गुंडागर्दी जारी, 28 की मौत और 300 से अधिक घायल

पंचकुला को सेना के हवाले किया गया. दिल्ली में सात जगह हिंसा, आनंद विहार रेलवे स्टेशन पर खड़ी ट्रेन में आग लगाई.

Panchkula: Security personnel walk past a vehicle burnt in violence following Dera Sacha Sauda chief Gurmeet Ram Rahim’s conviction in Panchkula on Friday. PTI Photo (PTI8_25_2017_000162A)

पंचकुला में हिंसा के बीच तैनात सेना के जवान. (फोटो: पीटीआई)

पंचकूला/हरियाणा: शहर की एक विशेष सीबीआई अदालत ने शुक्रवार को स्वयंभू बाबा गुरमीत राम रहीम सिंह को 2002 के बलात्कार के एक मामले में दोषी क़रार दिया जिसके बाद पंजाब एवं हरियाणा में उनके समर्थकों ने व्यापक हिंसा और आगजनी की और प्रदर्शनकारियों पर काबू पाने के लिए पुलिस ने गोली चलाई.

हिंसा में कम से कम 28 लोगों की मौत हो गयी और 300 लोग घायल हो गए. अधिकारियों ने कहा कि चारों तरफ जमकर तबाही मचाई गई. कई जगह आगजनी की गई. पुलिस ने हिंसा रोकने के लिए हवा में गोलियां चलायीं, प्रदर्शनकारियों पर पानी की बौछार की. यह हिंसा हरियाणा, पंजाब और राजस्थान में भी फैलती नजर आ रही है.

सीबीआई न्यायाधीश जगदीप सिंह ने डेरा सच्चा सौदा के 50 वर्षीय प्रमुख राम रहीम को 2002 में एक अनाम लिखित शिकायत के आधार पर दर्ज किए गए मामले में बलात्कार का दोषी करार दिया. शिकायत में उन पर दो महिला अनुयायियों के यौन उत्पीड़न का आरोप लगाया गया.

रिपोर्ट के आधार पर पंजाब एवं हरियाणा उच्च न्यायालय के निर्देश पर उनके खिलाफ दिसंबर, 2002 में मामला दर्ज किया गया था. स्वयंभू गुरु गुरमीत राम रहीम सिंह को शुक्रवार को विशेष सीबीआई अदालत द्वारा बलात्कार का दोषी करार दिए जाने के दो घंटे के अंदर उनके हजारों समर्थकों ने उपद्रव शुरू कर दिया और वाहनों, इमारतों और रेलवे स्टेशनों को आग के हवाले कर दिया.

राम रहीम को इस मामले में कैद की सजा सुनाई जा सकती है जो सात साल से कम नहीं होगी. इसे उम्रकैद तक बढ़ाया जा सकता है.

Panchkula: Supporters of the Dera Sacha Sauda sect attack a member of the media, foreground wearing a blue dark t-shirt, in Panchkula on Friday. PTI Photo(PTI8_25_2017_000148B)

राम रहीम के ख़िलाफ़ फैसला आने के बाद पंचकुला में डेरा समर्थकों ने नीली टी शर्ट पहने एक मीडियाकर्मी पर हमला कर दिया. इसके अलावा मीडिया के कई ओबी वैन में आग लगा दी गई. (फोटो: पीटीआई)

पुलिस ने हिंसा पर रोकथाम के लिए हवाई गोलीबारी की, प्रदर्शनकारियों पर आंसूगैस के गोले छोड़े और पानी की बौछार की. पंचकूला के बाहर हरियाणा, पंजाब और यहां तक कि राजस्थान के कुछ इलाकों में हिंसा फैलने की खबरें आ रही हैं. पुलिस ने कहा कि पूर्वोत्तर दिल्ली के लोनी चौक में कथित तौर पर डेरा सच्चा सौदा समर्थकों ने बस में आग लगा दी.

इससे पहले पंचकूला के सिविल अस्पताल के मुख्य चिकित्सा अधिकारी विवेद भादू ने कहा, 17 लोगों की मौत हो गई और कम से कम 200 लोग घायल हो गए. भादू ने कहा कि अधिकतर लोग गोली लगने की वजह से मारे गए.

अधिकारियों ने कहा कि चंडीगढ़ के पीजीआईएमईआर अस्पताल में भी मौत के सात मामले दर्ज किए गए हैं. चार लोगों की मौत के मामले चंडीगढ़ के सरकारी मेडिकल कॉलेज से सामने आए हैं.

हरियाणा के डीजीपी बीएस संधू ने यहां सेक्टर छह में सिविल अस्पताल का दौरा किया और कहा कि एक हजार से अधिक डेरा समर्थकों को हिरासत में ले लिया गया है. संधू ने बताया, पंचकूला से डेरा समर्थकों को निकाल दिया गया है वहीं एक हजार से अधिक समर्थकों को एहतियातन हिरासत में लिया गया है. उन्होंने कहा कि यहां हालात काबू में हैं.

बड़ी संख्या में एंबुलेंसों में बहुत से घायलों को यहां सिविल अस्पताल और पीजीआईएमईआर अस्पताल लाते हुए देखा गया.

Sirsa: Followers of Ram Rahim pelting stones as security personnel in violence following court verdict in the rape trial of Dera Sacha Sauda chief Gurmeet Ram Rahim, in Sirsa on Friday. PTI Photo by Vijay Verma(PTI8_25_2017_000129B)

सिरसा में सेना के जवानों पर पत्थर फेंकते डेरा समर्थक. (फोटो: पीटीआई)

पंचकूला में कर्फ्यू लगा दिया गया जहां शुक्रवार को अदालत ने डेरा सच्चा सौदा के प्रमुख राम रहीम को दुष्कर्म के मामले में दोषी करार दिया. पंचकुला में सेना के छह कॉलम तैनात किए गए हैं जिनमें कुल 500 से 600 जवान हैं.

नई दिल्ली और लखनऊ सहित उत्तर भारत के कुछ हिस्सों में भी सुरक्षा कड़ी कर दी गई है. सिरसा और कैथल में भी कर्फ्यू लगा दिया गया है.

कर्फ्यू का प्रदर्शनकारियों पर हालांकि ज्यादा असर नहीं दिखाई दिया जिन्होंने पंजाब के मलौट और बलुआना रेलवे स्टेशनों में भी आग लगा दी. कई मोटरसाइकिलों, कारों और इमारतों को भी आग के हवाले कर दिया गया जिनमें पंजाब के मानसा में आयकर भवन शामिल है. पंजाब में खासतौर पर मालवा क्षेत्र में हालात बिगड़ रहे हैं जो डेरा सच्चा सौदा के प्रभाव वाला इलाका है.

निजी टीवी समाचार चैनलों की कम से कम तीन ओबी वैन में भी तोड़फोड़ की गई. भीड़ ने दो वैन पलट दीं. इंडिया टुडे समूह के टीवी चैनल ने अपने संवाददाता और कैमरामैन पर हमले की तस्वीरें दिखाईं. वे वैन में बैठकर सिरसा जा रहे थे. लोग डंडों से वैन की खिड़की के कांच तोड़ते देखे गए. वैन में सवार एक व्यक्ति के चेहरे पर खून के निशान देखे गए.

उधर डेरा सच्चा सौदा ने विशेष सीबीआई अदालत के फैसले को अन्यायपूर्ण बताते हुए कहा कि वह इस फैसले के खिलाफ अपील करेगा. सिरसा में राम रहीम के समर्थक राजेश ने कहा, हम उन्हें दोषी करार दिए जाने के फैसले की उम्मीद नहीं कर रहे थे. बाबा ने हमारे लिए बहुत मेहनत की है. लड़ाई अभी शुरू हुई है.

 

सिरसा की सड़कों पर महिला समर्थकों को लाठियां लेकर घूमते हुए देखा गया.

Gurugram: Women police personnel prepare in Gurugram in view of the verdict in the case against Dera Sacha Sauda chief Gurmeet Ram Rahim on Friday. PTI Photo (PTI8_25_2017_000053B)

हिंसा के मद्देनज़र गुरुग्राम में महिला पुलिसकर्मी. फोटो: पीटीआई

राम रहीम सुबह करीब नौ बजे सड़क मार्ग से सिरसा स्थित डेरा के मुख्यालय से निकले और पांच घंटे से ज्यादा समय बाद चंडीगढ़ के उपनगरीय इलाके पंचकूला की अदालत में पहुंचे. सिरसा चंडीगढ़ से करीब 260 किलोमीटर दूर है.

पंचकूला स्थित सीबीआई अदालत परिसर में सेनाकर्मी और केंद्रीय अर्द्धसैनिक बलों को तैनात किया गया था और परिसर से लगे इलाकों को सील कर दिया गया था.

जेड श्रेणी की सुरक्षा प्राप्त डेरा प्रमुख गाड़ियों के एक काफिले में पंचकूला पहुंचे जिसमें कई एसयूवी वाहन शामिल थे.

राम रहीम के सिरसा स्थित मुख्यालय से रवाना होने के साथ सड़क किनारे खड़े उनके कुछ अनुयायी उग्र हो गए और काफिले को कुछ मिनटों के लिए आगे बढ़ने से रोक दिया.

अनुयायी काफिले के सामने सड़कों पर बैठ गए. इन अनुयायियों में अधिकतर युवक थे. हालांकि पुलिस ने तत्काल उन्हें वहां से हटाया जिसके बाद राम रहीम पंचकूला के लिए आगे की यात्रा पर रवाना हुए.

काफिले में राम रहीम के साथ उनके कई निजी सुरक्षाकर्मी शामिल थे. फैसले के बाद उन्हें हिरासत में ले लिया गया और तेजी से वहां से दूर ले जाया गया.

सिरसा और पंचकूला में अजीब सी शांति थी जो फैसला आते ही डेरा समर्थकों के उत्पात मचाने के साथ हिंसा के रूप में फट पड़ी. उन्होंने मीडियाकर्मियों और उनके वाहनों पर हमले किए.

वहां पुलिस साफ तौर पर हिंसा को रोकने में असहाय सी लगी, इससे उत्साहित प्रदर्शनकारियों ने वाहनों और इमारतों में आगजनी की. इन इमारतों में पंजाब के दो रेलवे स्टेशन शामिल हैं.

सीएनएन न्यूज 18 टीवी के एक संवाददाता ने बताया कि खून से लथपथ घायलों को लेकर एंबुलेंस अस्पताल पहुंच रही हैं. उसने स्थिति को अराजक बताया. फिलहाल यह स्पष्ट नहीं हो पाया कि ये लोग पुलिस कार्रवाई में घायल हुए या डेरा समर्थकों की हिंसा में.

उसने कहा, घायलों का आना नहीं रुका है. उसकी तस्वीर में एक व्यक्ति सड़क किनारे बेसुध पड़ा नजर आ रहा है. रिपोर्ट के अनुसार उस व्यक्ति की मौत हो चुकी है.

Sirsa: Security arrangements near Dera Sacha Sauda ahead of the verdict in the rape trial of Dera Sacha Sauda chief Gurmeet Ram Rahim, in Sirsa on Thursday. PTI Photo by Vijay Verma(PTI8_24_2017_000246B)

(फोटो: पीटीआई)

फैसला आने के तत्काल बाद महिलाओं समेत कई डेरा समर्थकों ने पुलिस बैरीकैड और सुरक्षा घेरा तोड़ दिया. एक निजी टीवी चैनल के कम से कम तीन ओबी वैन को नुकसान पहुंचाया गया. दो वैन को भीड़ ने पलट दिया.

इंडिया टुडे ग्रुप के टीवी चैनल ने अपने संवाददाता और कैमरामैन पर हमले का दृश्य दिखाया. वे सिरसा में एक वाहन से जा रहे थे जहां डेरा मुख्यालय है. वीडियो में दिख रहा है कि हाथ में डंडे लिए लोग वाहन पर हमला कर रहे हैं. हमले में वाहन का कांच टूट गया और गाड़ी के अंदर बैठा व्यक्ति बदहवास है. उसके बाद उसके चेहरे से खून बहता नजर आ रहा है.

पुलिस ने हवा में गोलिया चलायीं और भीड़ पर आंसूगैस के गोले दागे.

सीबीआई के वकील एचपीएस वर्मा ने अदालत के बाहर पत्रकारों को बताया कि सीबीआई न्यायाधीश जगदीप सिंह ने 50 वर्षीय डेरा सच्चा सौदा प्रमुख को बलात्कार का दोषी ठहराया और कहा कि 28 अगस्त को सजा सुनाई जाएगी.

डेरा प्रमुख को कम से कम सात साल की कैद से लेकर उम्रकैद तक की सजा हो सकती है. पंचकूला में सैन्यकर्मियों एवं अर्धसैनिक बलों ने सीबीआई अदालत परिसर के ईद-गिर्द कमान संभाल रखी थी और परिसर के समीप के इलाके को सील कर दिया गया था.

(समाचार एजेंसी भाषा के इनपुट के साथ)