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नैनीताल स्थित घर में तोड़फोड़ के बाद सलमान ख़ुर्शीद ने कहा, यह हिंदू धर्म नहीं हो सकता

कांग्रेस नेता सलमान ख़ुर्शीद द्वारा अपनी किताब ‘सनराइज़ ओवर अयोध्याः नेशनहुड इन आर टाइम्स’ में कथित तौर पर ‘हिदुत्व’ की तुलना जिहादी आतंकी संगठनों से की गई है, जिसके बाद विवाद छिड़ गया है. भाजपा के अलावा ख़ुर्शीद को इस किताब के कारण अपनी ही पार्टी के कुछ नेताओं की आलोचना का सामना करना पड़ा है.

सलमान ख़ुर्शीद. (फोटो: रॉयटर्स)

देहरादून: कांग्रेस के वरिष्ठ नेता सलमान खुर्शीद द्वारा अपनी किताब ‘सनराइज़ ओवर अयोध्या’ में कथित रूप से हिंदुत्व और आईएसआईएस जैसे आतंकी संगठनों की तुलना करने पर उपजे विवाद के बीच उत्तराखंड के नैनीताल में स्थित उनके घर में सोमवार को तोड़फोड़ और आगज़नी की गई.

उनके घर को निशाना बनाने वाले लोगों की तस्वीर का हवाला देते हुए पूर्व केंद्रीय मंत्री ने कहा कि वे भाजपा का झंडा लिए हुए हैं और पार्टी को ‘खंडन’ जारी करना चाहिए.

नैनीताल के नगर पुलिस अधीक्षक (एसपी) जगदीश चंद्र ने बताया कि शुरुआती सूचना के अनुसार, नैनीताल के बोवाली थाना क्षेत्र में स्थित कांग्रेस नेता के घर में कुछ लोगों ने घुसकर उसमें लगे शीशों को क्षतिग्रस्त कर दिया और लकड़ी के एक दरवाजे में आग लगा दी.

खुर्शीद के इस घर में केवल घर की देखभाल करने वाले लोग ही रहते हैं. पुलिस अधिकारी ने बताया कि घटना में हालांकि कोई हताहत नहीं हुआ है. उन्होंने कहा कि बोवाली के पुलिस थानाध्यक्ष को मौके पर भेजा गया है.

एसपी ने कहा कि 15-20 अज्ञात लोगों के खिलाफ एक मामला दर्ज किया जा रहा है.

वरिष्ठ अधिकारियों ने शिकायत के हवाले से कहा कि घर की देखरेख करने वाले ने पुलिस को सूचित किया कि 15-20 लोगों ने परिसर में घुसकर खिड़कियों और फूलों के गमलों में तोड़फोड़ की. इसके बाद डीजल से गेट में आग लगा दी.

सोमवार की देर शाम पुलिस आईपीसी की धारा 147 (दंगा), 436 (घर को नष्ट करने के इरादे से आग या विस्फोटक पदार्थ द्वारा किया गया कृत्य) और 452 (चोट, मारपीट की तैयारी के बाद घर में अवैध तरीके से घुसना) के तहत प्राथमिकी दर्ज करने की प्रक्रिया में थी. पुलिस ने कहा कि आरोपियों की पहचान करने और उन्हें गिरफ्तार करने के लिए टीमों का गठन किया गया है.

खुर्शीद का आवास नैनीताल के मुक्तेश्वर थाना क्षेत्र के सतखोल गांव में स्थित है.

इस बीच घटना के बारे में कांग्रेस नेता ने फेसबुक पर वीडियो क्लिप भी साझा किए हैं, जिनमें भीड़ कथित तौर पर उनका पुतला फूंकते और उनके तथा मुस्लिम समुदाय के खिलाफ नारे लगाते दिख रही है.

एक नारे में कहा गया है कि ‘गद्दारों’ को गोली मार देनी चाहिए. अन्य नारे में कहा गया है कि देश ‘मुल्लों’ का नहीं है, बल्कि ‘वीर शिवाजी’ का है. भीड़ को यह नारा लगाते हुए भी सुना गया ‘जय जय वीर बजरंगी जय, जय श्रीराम.’

पूर्व विदेश मंत्री की किताब ‘सनराइज़ ओवर अयोध्या: नेशनहुड इन आर टाइम्स’ का कुछ दिन पहले ही विमोचन हुआ है. भाजपा तथा दक्षिणपंथी संगठनों ने इसकी काफी आलोचना की है.

उन्होंने कहा है, ‘मुझे उम्मीद थी कि मैं अपने उन दोस्तों के लिए ये दरवाजे खोलूंगा, जिन्होंने इस कॉलिंग कार्ड को छोड़ दिया है. क्या ये कहने पर मैं अभी भी गलत हूं कि यह हिंदुत्व नहीं हो सकता.’

खुर्शीद ने उनके नैनीताल स्थित घर पर आगज़नी की तस्वीरें पोस्ट करते हुए फेसबुक पर लिखा कि क्या उनका यह कहना अब भी गलत है कि यह हिंदू धर्म नहीं हो सकता.

एक अन्य पोस्ट में उन्होंने कहा, ‘तो अब ऐसी बहस है. शर्म बहुत मामूली शब्द है. इसके अलावा मुझे अब भी उम्मीद है कि हम एक दिन एक साथ तर्क कर सकते हैं और असहमत होने पर सहमत हो सकते हैं.’

किताब पर इस तरह की प्रतिक्रिया पर पूछे जाने पर खुर्शीद ने कहा, ‘मुझे अब कुछ भी साबित नहीं करना है. इसने मेरी बात को सही साबित किया है.’

डीआईजी कुमाऊं रेंज नीलेश आनंद भार्णेय ने द इंडियन एक्सप्रेस को बताया कि उन्हें घर की देखरेख करने वाले सुंदर राम से शिकायत मिली है और राकेश कपिल नाम के स्थानीय निवासी और कई अन्य अज्ञात लोगों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की जा रही है.

उन्होंने इन खबरों का खंडन किया कि एक दक्षिणपंथी संगठन का नाम सामने आया है.

खुर्शीद के घर पर हुई कथित तोड़फोड़ के बारे में कांग्रेस सांसद शशि थरूर ने कहा, ‘यह शर्मनाक है. सलमान खुर्शीद एक ऐसे राजनेता है, जिन्होंने अंतरराष्ट्रीय मंचों पर भारत को गौरवान्वित किया है और घरेलू मंचों पर हमेशा एक उदारवादी, मध्यमार्गी और देश का समावेशी दृष्टिकोण व्यक्त किया है. हमारी राजनीति में असहिष्णुता के बढ़ते स्तर का सत्ता में बैठे लोगों को त्याग करना चाहिए.’

कांग्रेस के वरिष्ठ नेता खुर्शीद ने अपनी किताब ‘सनराइज़ ओवर अयोध्या: नेशनहुड इन आवर टाइम्स’ में कथित तौर पर हिंदुत्व के उग्र स्वरूप की तुलना आईएसआईएस और बोको हराम जैसे जिहादी इस्लामी आतंकवादी समूहों से की गई है, जिससे विवाद शुरू हो गया है. कांग्रेस ने तुलना से खुद को दूर कर लिया है.

इस किताब के प्रकाशन, प्रसार और बिक्री पर रोक लगाने के लिए दिल्ली की एक अदालत में याचिका दाखिल की गई है.

हिंदुत्व की तुलना आतंकवादी समूहों के साथ करने के लिए भाजपा के अलावा खुर्शीद को अपनी ही पार्टी के नेता और राज्यसभा में विपक्ष के पूर्व नेता गुलाम नबी आजाद की आलोचना का सामना करना पड़ा.

आज़ाद ने कहा था, ‘तुलना तथ्यात्मक रूप से गलत और अतिशयोक्ति है.’

लेकिन, 12 नवंबर को वर्धा में पार्टी कार्यकर्ताओं के एक प्रशिक्षण कार्यक्रम को संबोधित करते हुए, कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने तर्क दिया कि हिंदू धर्म और हिंदुत्व अलग हैं.

गांधी ने पुस्तक का जिक्र किए बिना कहा, ‘क्या ये एक बात हो सकती हैं? आप हिंदू धर्म शब्द का इस्तेमाल क्यों करते हैं, अगर वे एक ही चीज हैं तो सिर्फ हिंदुत्व का इस्तेमाल क्यों नहीं करते? वे स्पष्ट रूप से अलग चीजें हैं.’

उन्होंने कहा, ‘क्या हिंदू धर्म सिख या मुसलमान को पीटने के बारे में है.’ उन्होंने कहा कि हिंदुत्व हिंसा का समर्थन कर सकता है, हिंदू धर्म नहीं.

इससे पहले सोमवार को कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और उत्तराखंड के पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत ने कहा था कि उन्हें अपने धर्म पर गर्व है और वह दूसरों के अपने धर्म पर गर्व करने के अधिकार का सम्मान करते हैं तथा इस पर खुर्शीद के विचारों से वह असहमत हैं.

भाजपा विधायक ने सलमान खुर्शीद की किताब पर प्रतिबंध लगाने की मांग की

हैदराबाद: इस बीच तेलंगाना के एक भाजपा विधायक ने सोमवार को केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह को पत्र लिखकर कांग्रेस नेता सलमान खुर्शीद की किताब पर प्रतिबंध लगाने की मांग की है.

इस किताब में पूर्व गृह मंत्री ने कथित तौर पर ‘हिदुत्व’ की तुलना जिहादी संगठनों से की है, जिसके बाद विवाद छिड़ गया. तेलंगाना में भाजपा विधायक टी. राजा सिंह लोध ने कहा कि खुर्शीद ने सभी हिंदुओं का अपमान किया है.

उन्होंने गृह मंत्री से तत्काल हिंदू विरोधी सामग्री के लिए पुस्तक पर प्रतिबंध लगाने और कांग्रेस नेता के खिलाफ कानूनी कार्रवई करने की अपील की.

शाह को संबोधित पत्र में उन्होंने हिंदू धर्म को सभी को गले लगाने वाला और ब्रह्मांड कल्याण की कामना करने वाला बताया.

(समाचार एजेंसी भाषा से इनपुट के साथ)