राजनीति

आंध्र प्रदेश में सत्ता में आने पर 50 रुपये में देंगे शराब की बोतल: राज्य भाजपा प्रमुख

भाजपा की आंध्र प्रदेश इकाई के प्रमुख सोमू वीरराजू ने एक जनसभा में राज्य में वर्ष 2024 में होने वाले विधानसभा चुनाव में जीत हासिल करने पर राज्य के लोगों को 50 रुपये में शराब की बोतल देने का वादा किया. हालांकि बाद में बचाव करते हुए भाजपा नेता ने कहा कि उन्होंने ग़रीबों और ज़रूरतमंदों के बारे में बात की, क्योंकि सरकार शराब की कीमतों में बढ़ोतरी करके उन्हें लूट रही है.

आंध्र प्रदेश भाजपा प्रमुख सोम वीरराजू. (फोटो साभार: ट्विटर/@somuveerraju)

अमरावती: भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने आंध्र प्रदेश में वर्ष 2024 में होने वाले विधानसभा चुनाव में जीत हासिल करने पर राज्य के लोगों को 50 रुपये में शराब की बोतल देने का वादा किया है.

भाजपा की प्रदेश इकाई के प्रमुख सोमू वीरराजू ने बीते 28 दिसंबर को एक जनसभा में मुख्यमंत्री वाईएस जगन मोहन रेड्डी की अगुवाई वाली वाईआरएस कांग्रेस पार्टी और विपक्षी दल तेलुगू देशम पार्टी (तेदेपा) की ओलाचना की.

भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष ने कहा कि प्रचुर संसाधन और लंबा समुद्र तट होने के बावजूद राजनीतिक शक्तियां राज्य का विकास करने में नाकाम रही हैं.

वीरराजू ने राज्य में शराब की महंगी कीमतों का परोक्ष रूप से जिक्र करते हुए कहा, ‘मैं आपको बता रहा हूं कि राज्य में एक करोड़ लोग (शराब) पीते हैं. आप भाजपा को वोट दीजिए, हम आपको 75 रुपये में शराब देंगे. अगर अच्छा राजस्व रहा तो हम इसे महज 50 रुपये में देंगे, (खराब शराब नहीं) यकीनन अच्छी वाली.’

वाईआरएस कांग्रेस पार्टी के नेतृत्व वाली सरकार की प्रत्यक्ष लाभ अंतरण योजना का जिक्र करते हुए भाजपा नेता ने लोगों से कहा कि एक माह में एक व्यक्ति औसतन 12,000 रुपये की शराब पीता है और जगन मोहन रेड्डी यह सारा धन इकट्ठा कर उन्हें एक योजना के नाम पर वापस दे रहे हैं.

वीरराजू ने कहा कि भाजपा अमरावती को राजधानी बनाने के लिए प्रतिबद्ध है और राज्य में जीत मिलने पर वह इसे तीन वर्ष में विकसित करेगी.

समाचार एजेंसी पीटीआई के मुताबिक, चरणबद्ध शराबबंदी को लागू करने के अपने वादे के तहत राज्य में शराब की उपलब्धता और कीमतों में वाईआरएस कांग्रेस सरकार द्वारा लाए गए बदलावों की आलोचना करते हुए वीरराजू ने आरोप लगाया कि सरकार खुद देशी शराब बना रही है और बूम बीयर जैसे अज्ञात स्थानीय ब्रांड बेच रही है, जबकि किंगफिशर जैसे लोकप्रिय ब्रांड गायब हो गए हैं.

उन्होंने कहा, ‘उन्होंने कहा था कि पूर्ण शराबबंदी होगी, लेकिन वे खुद ब्रांडी का निर्माण और बिक्री कर रहे हैं.’

इस दौरान वीरराजू ने कम्युनिस्टों को ‘भौंकने वाले कुत्ते’ बताते हुए आरोप लगाया कि वामपंथी दलों ने देश को बर्बाद कर दिया.

अपनी टिप्पणियों का बचाव करते हुए भाजपा नेता ने कहा कि उन्होंने गरीबों और जरूरतमंदों के बारे में बात की क्योंकि सरकार शराब की कीमतों में बढ़ोतरी करके उन्हें ‘लूट’ रही है.

वीरराजू ने विजयवाड़ा में संवाददाता सम्मेलन में कहा, ‘मैं हमेशा गरीब समर्थक रहा हूं. अगर हम शराब की कीमतें कम करते हैं तो यह मेरी बहनों (गृहिणियों) को 6,000 रुपये देने के बराबर है. आप (राज्य सरकार) गरीब लोगों की कमजोरी के साथ नहीं खेल सकते. यह शराब की खपत को प्रोत्साहित नहीं कर रहा है.’

भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष की टिप्पणी पर प्रतिक्रिया जताते हुए उपमुख्यमंत्री नारायण स्वामी ने कहा कि वह यह समझने में असमर्थ हैं कि भारतीय जनता पार्टी के नेता इस तरह की टिप्पणी क्यों करते हैं.

जनसभा में पूर्व केंद्रीय मंत्री प्रकाश जावड़ेकर, दग्गुबाती पुरंदेश्वरी और राज्यसभा सदस्य वाईएस चौधरी और एमसी रमेश ने भी संबोधित किया.

भाजपा नेता के इस बयान पर तेलंगाना के सूचना प्रौद्योगिकी और उद्योग मंत्री केटी रामाराव ने कहा कि प्रदेश भाजपा ‘निचले स्तर’ पर पहुंच गई है.

रामाराव ने एक ट्वीट में कहा, ‘वाह, क्या योजना है. कितनी शर्म की बात है. प्रदेश भाजपा और निचले स्तर पर पहुंच गई. 50 रुपये में सस्ती शराब आपूर्ति करने की भाजपा की राष्ट्रीय नीति या यह बंपर ऑफर सिर्फ उन्हीं राज्यों के लिए है जहां मायूसी ज्यादा है.’

(समाचार एजेंसी भाषा से इनपुट के साथ)