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हरियाणा में हो रहे अपराधों के लिए पिछली सरकार ज़िम्मेदार: खट्टर

राज्य में लगातार जारी बलात्कार की घटनाओं के बीच तीन साल से सत्ता पर काबिज़ मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर ने कहा कि पिछली सरकारों ने बेटियों को बचाने के लिए कोई क़दम नहीं उठाया.

Gurgaon : Haryana Chief Minister Manohar Lal greets actress Parineeti Chopra as US Ambassador Richard Verma looks on at a ‘Beti Bachao-Beti Padhao’ programme in Gurgaon on on Tuesday. PTI Photo (PTI7_21_2015_000296B)

साल 2015 में हरियाणा की मनोहर लाल खट्टर सरकार ने बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ अभियान की शुरुआत की थी. कार्यक्रम अभिनेत्री परिणिती चोपड़ा भी शामिल हुई थीं. (फाइल फोटो: पीटीआई)

जींद: हरियाणा में पिछले कुछ दिनों से बलात्कार की घटनाएं सामने आने के बीच तीन साल से राज्य की सत्ता पर काबिज़ भाजपा सरकार के मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर ने कहा कि इसके लिए पिछली सरकार ज़िम्मेदार है. उन्होंने कहा कि पिछली सरकार के समय हरियाणा में क़ानून व्यवस्था ख़राब थी.

शुक्रवार को खट्टर जींद में लगभग 150 करोड़ रुपये की 15 परियोजनाओं का शिलान्यास करने पहुंचे थे और उन्होंने एकलव्य स्टेडियम के पास एक जनसभा को संबोधित करते हुए पूर्व की सरकारों पर निशाना साधा.

उन्होंने कहा की पिछली सरकारों ने बेटियों को बचाने के लिए कोई भी क़दम नहीं उठाया इसलिए सामाजिक बुराइयां पनप रही हैं. हालांकि उनकी सरकार ने हरियाणा में लिंगानुपात को 837 से बढ़ाकर 914 पर पहुंचा दिया है जो अपने आप में एक उपलब्धि है.

उन्होंने कहा कि प्रदेश में बलात्कार की जो घटनाएं सामने आई हैं उनमें आरोपियों को लगातार पकड़ा जा रहा है. उन्होंने बच्चियों से बलात्कार, अपहरण और हत्या के मामलों पर चिंता ज़ाहिर करते हुए कहा कि अब क़ानून में बदलाव की ज़रूरत महसूस होने लगी है. उन्होंने कहा कि इतने कड़े क़ानून बनाने पड़ेंगे कि अपराधी अपराध करने से डरें.

उन्होंने कहा कि किसी भी देश एवं प्रदेश को विकास के लिए लिंगानुपात संतुलित रखना बहुत ज़रूरी होता है, अन्यथा समाज में अनेक विकृतियां पैदा हो जाती हैं, जो विकास में बाधा बन जाती हैं.

उन्होंने कहा कि प्रदेश के लिंगानुपात को संतुलित बनाने के लिए सरकार द्वारा ‘बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ’ अभियान चलाया गया है. इस अभियान के परिणामस्वरूप लड़कियों के प्रति लोगों की सोच में बड़ा सकारात्मक बदलाव आया है. कुछ वर्ष पहले प्रदेश का लिंगानुपात एक हजार पुरुषों पर 825 महिलाओं का था, आज यह एक हजार पुरुषों पर 914 महिलाओं का हो गया है.

साल 2015 में हरियाणा की मनोहर लाल खट्टर सरकार ने ‘बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ’ अभियान की शुरुआत की थी. जिसके तहत बेटियों को बचाने और शिक्षित करने की योजना चलाई जाती है.

खट्टर ने कहा कि चुनाव से पहले प्रदेश को भष्ट्राचार मुक्त बनाने का जो वादा जनता से किया गया था, उसे बेख़ूबी निभाया जा रहा है. भविष्य में भी प्रदेश में किसी प्रकार का कोई भष्ट्राचार नहीं होने दिया जाएगा.

उन्होंने आरोप लगाते हुए कहा कि पिछली सरकारों में भ्रष्टाचार को बढ़ावा दिया गया. मुख्यमंत्री ने कहा कि भाजपा की सरकार ने पिछले तीन वर्षों में प्रदेश के हर वर्ग के कल्याण के लिए कल्याणकारी योजनाएं लागू करने का काम किया है. अब तक सरकार के जो भी निर्णय हैं, वे सभी समाजहित में हैं.

उन्होंने कहा कि जींद ज़िले में 200 करोड़ रुपये की राशि से कई विकास परियोजनाएं पूरी हो चुकी हैं. उन्होंने कहा कि विकास के सिलसिले को रुकने नहीं दिया जाएगा. उन्होंने अपने सम्बोधन से पहले लगभग 154 करोड़ रुपये की 15 विकास परियोजनाओं का उद्घाटन एवं शिलान्यास भी किया.

ग़ौरतलब है कि पिछले एक हफ्ते से हरियाणा में बलात्कार की घटनाएं लगातार सामने आ रही हैं. इनमें से अधिकांश पीड़ित नाबालिग हैं. ये घटनाएं तब हो रही हैं कि जब सरकार की ओर से दावा किया गया है कि राज्य में लिंगानुपात में सुधार हुआ है.

दावा है कि हरियाणा में पिछले साल लिंगानुपात में सुधार हुआ और प्रति एक हजार लड़कों के मुकाबले लड़कियों की जन्मदर 914 हो गई.

वर्ष 2015 में हरियाणा में प्रति एक हज़ार लड़कों के मुकाबले लड़कियों की जन्मदर 871 थी और 2016 में प्रति एक हज़ार लड़कों के मुकाबले लड़कियों की जन्मदर 900 हो गई.

इसके इतर फर्स्टपोस्ट की रिपोर्ट के अनुसार राज्य में पिछले छह दिनों में बलात्कार की आठ घटनाएं घटित हुई हैं.

बीते 12 जनवरी को जींद में ही बुढाखेड़ा के निकट नहर पटरी से नग्न हालत में 15 वर्षीय लड़की का क्षत-विक्षत शव मिला है. लड़की के गुप्तांगों और शरीर पर चोट के निशान है.

यह दलित लड़की कुरूक्षेत्र के एक गांव की रहने वाली थीं. गांव के संबंधित थाने में नौ जनवरी को लड़की के लापता होने की एफआईआर दर्ज कराई गई थी.

गौरतलब है कि मामले में पुलिस को जिस लड़के पर शक़ था उसकी भी लाश कुछ दिन बाद बरामद हुई. इस मामले में पुलिस ने एक 50 वर्षीय व्यक्ति को गिरफ्तार किया है.

रोहतक पीजीआई में लड़की के शव का पोस्टमॉर्टम करने वाले डॉ. एसके धत्तरवाल ने लड़की के साथ सामूहिक बलात्कार किए जाने की पुष्टि करते हुए बताया कि लड़की के साथ बुरी तरह से दरिंदगी की गई है. शरीर पर चोटों के काफी निशान मिले है.

डॉ. धत्तरवाल ने बताया कि लडकी के शरीर में कोई सख़्त चीज डालने की वजह से उसका लीवर फटा हुआ मिला है. लड़की को पानी में डुबोए रखने की कोशिश भी की गई है.

इसके बाद 14 जनवरी को पानीपत ज़िले के उरनाला कलां में एक 11 वर्षीय दलित लड़की की अर्धनग्न लाश मिली. उसके साथ सामूहिक बलात्कार की पुष्टि हुई है. पुलिस ने मामले में प्रदीप कुमार (28) और सागर (22) को गिरफ्तार किया है. लड़की बीते शनिवार को लापता हो गई थी.

इंडियन एक्सप्रेस से बातचीत में मतलौदा थाने के एसएचओ संदीप सिंह ने बताया, ‘आरोपी लड़की को प्रदीप के घर ले गए थे. पहले उन्होंने लड़की की हत्या की और फिर लाश के साथ बलात्कार किया. आरोपियों ने सबूत नष्ट करने के लिए लड़की के कपड़े जला दिए थे.’

यही नहीं मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर जिस दिन जींद में राज्य में हो रहे अपराधों के लिए पिछली सरकारों को ज़िम्मेदार ठहरा रहे थे उसके एक दिन पहले 17 जनवरी को फरीदाबाद के सेक्टर 55 में 16 साल की लड़की के साथ चलती कार में सामूहिक बलात्कार की घटना सामने आई.

समाचार एजेंसी पीटीआई/भाषा के मुताबिक पुलिस ने अपहरण और गैंपरेप का मुक़दमा दर्ज करते हुए तीनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है. आरोप है कि किशोरी अपनी मौसी के साथ खेतों में काम कर रही थी जब तीनों युवक उसे जबरदस्ती उठाकर कार में ले गए थे.

बृहस्पतिवार को ही राज्य के फतेहाबाद ज़िले के एक गांव में 20 वर्षीय विवाहित महिला के साथ कथित तौर पर सामूहिक बलात्कार किया गया. पुलिस ने महिला के पड़ोसी और एक अन्य के ख़िलाफ़ मामला दर्ज किया है. महिला की शादी को अभी छह महीने ही हुए थे.

बीते 16 जनवरी को हिसार की एक कॉलोनी में 14 साल के एक लड़के ने तीन साल की मासूम के साथ कथित तौर पर बलात्कार किया. 15 जनवरी को ओल्ड फरीदाबाद क्षेत्र में 23 वर्षीय युवती का अपहरण करने के बाद उसके साथ चलती कार में सामूहिक बलात्कार किया गया.

ओल्ड फरीदाबाद के राजीव चौक से युवती का अपहरण उस वक़्त हुआ जब वह काम से घर लौट रही थीं.

बीते 15 जनवरी को राज्य के चरखी दादरी ज़िले के मनकावस गांव में कक्षा सात में पढ़ने वाली दलित लड़की से सामूहिक बलात्कार का मामला सामना आया. चाकू दिखाकर चार लोगों ने उसका अपहरण कर लिया था.

बहरहाल राज्य में क़ानून और व्यवस्था की बिगड़ती स्थिति को देखते हुए कांग्रेस ने बीते 17 जनवरी को मनोहर लाल खट्टर सरकार को बर्ख़ास्त करने की मांग की है. राज्यपाल को इस मांग का एक ज्ञापन सौंपते हुए कांग्रेस प्रतिनिधिमंडल में शामिल पूर्व मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा ने राज्य में राष्ट्रपति शासन लगाने की मांग की है.

(समाचार एजेंसी भाषा से इनपुट के साथ)

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