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बिहार लोकसभा सीट बंटवारा: भाजपा और जदयू 17-17, लोजपा छह सीटों पर लड़ेगी चुनाव

पिछले कुछ दिनों से बिहार में सीट बंटवारे को लेकर लोजपा और भाजपा के बीच अनबन की खबरें आ रही थीं. रामविलास पासवान के बेटे चिराग पासवान ने ट्वीट कर इसके संकेत दिए थे.

Photo ANI Division of loksabha seats in Bihar

(फोटो साभार: एएनआई)

नई दिल्ली: भाजपा और इसके सहयोगी दलों ने लोकसभा चुनाव के लिए बिहार में सीट बंटवारे को रविवार को अंतिम रूप दे दिया. भाजपा अध्यक्ष अमित शाह ने घोषणा की है कि बिहार में भाजपा और जदयू सत्रह-सत्रह और लोक जनशक्ति पार्टी (लोजपा) छह सीटों पर चुनाव लड़ेगी.

शाह ने बिहार के मुख्यमंत्री एवं जदयू अध्यक्ष नीतीश कुमार और लोजपा अध्यक्ष एवं केंद्रीय मंत्री राम विलास पासवान की मौजूदगी में यह घोषणा की. लोजपा को राज्यसभा की भी एक सीट दी जाएगी और पासवान के इस सीट पर उम्मीदवार होने की संभावना है.

हालांकि, किस पार्टी को कौनसी सीट दी जाएगी इस पर कोई फैसला नहीं हुआ है. शाह ने कहा कि इस मुद्दे पर तीनों दलों के नेता एक बार फिर साथ बैठकर चर्चा करेंगे.

एनडीटीवी की खबर के मुताबिक प्रेस कॉन्फ्रेंस में नीतीश कुमार ने कहा, ‘अब तय हो गया है कि हम सब मिलकर काम करेंगे और किसी भी मुद्दे पर बैठकर बात करेंगे. राम विलास पासवान राज्यसभा जाएंगे. जहां भी पहले चुनाव होगा, वहीं से उन्हें राज्य सभा भेजा जाएगा.’

उन्होंने आगे कहा, ‘बीजेपी का धन्यवाद कि उन्होंने पासवान की इच्छा का ध्यान रखा. 2009 में बीजेपी और जेडीयू का गठबंधन था, तब पूरे देश में सिर्फ बिहार में ही एनडीए को 40 में से 32 सीटें मिली थी. इस बार उम्मीद है कि 2014 से ही नहीं बल्कि 2009 से भी बेहतर नतीजे आएंगे.’

वहीं रामविलास पासवान ने भी अमित शाह और नीतीश कुमार को धन्यवाद दिया है. पासवान ने कहा कि उन्हें समझौता सम्मानजनक होने की उम्मीद थी.

बता दें कि पिछले कुछ दिनों से बिहार में सीट बंटवारे को लेकर लोजपा और भाजपा के बीच अनबन की खबरें आ रही थीं. रामविलास पासवान के बेटे चिराग पासवान ने ट्वीट कर इसके संकेत दिए थे.

उन्होंने कहा था, ‘टीडीपी व रालोसपा के एनडीए गठबंधन से जाने के बाद एनडीए गठबंधन नाजुक मोड़ से गुजर रहा है. ऐसे समय में भारतीय जनता पार्टी गठबंधन में फिलहाल बचे हुए साथियों की चिंताओं को समय रहते सम्मान पूर्वक तरीके से दूर किया जाए.’

साथ ही उन्होंने ये भी कहा, ‘गठबंधन की सीटों को लेकर कई बार भारतीय जनता पार्टी के नेताओ से मुलाकात हुई परंतु अभी तक कुछ ठोस बात आगे नहीं बढ़ पाई है. इस विषय पर समय रहते बात नहीं बनी तो इससे नुक़सान भी हो सकता है.’

(समाचार एजेंसी भाषा से इनपुट के साथ)