राजनीति

उत्तर प्रदेश: सड़क निर्माण के श्रेय को लेकर भाजपा सांसद-विधायक ने एक दूसरे को चप्पलों से पीटा

उत्तर प्रदेश के संत कबीर नगर ज़िले कलेक्ट्रेट सभागार में ज़िला योजना समिति की बैठक के दौरान भाजपा सांसद शरद त्रिपाठी और भाजपा विधायक राकेश सिंह बघेल के बीच हुई मारपीट. सड़क शिलान्यास कार्यक्रम में नाम नहीं लिखने से भड़के थे शरद त्रिपाठी.

BJP MLA MP Sant Kabir Nagar Fight

संत कबीर नगर: उत्तर प्रदेश के संत कबीर नगर ज़िले में भाजपा सांसद शरद त्रिपाठी और मेंहदावल से भाजपा विधायक राकेश सिंह बघेल के बीच बुधवार शाम एक सार्वजनिक कार्यक्रम में मारपीट हो गई. इस घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया.

सूत्रों ने बताया कि कलेक्ट्रेट सभागार में ज़िला योजना समिति की बैठक चल रही थी. ज़िले के प्रभारी मंत्री आशुतोष टंडन मौजूद थे. इसी बीच संत कबीर नगर से भाजपा सांसद शरद त्रिपाठी और मेंहदावल से भाजपा विधायक राकेश सिंह बघेल के बीच सड़क निर्माण का श्रेय लेने को लेकर कहासुनी हो गई और दोनों के बीच मारपीट होने लगी.

दैनिक जागरण की रिपोर्ट के अनुसार बैठक में संत कबीर नगर ज़िले के प्रभारी मंत्री एवं प्राविधिक, चिकित्सा शिक्षा मंत्री आशुतोष टंडन उर्फ गोपाल भी मौजूद थे.

सूत्रों के अनुसार, मामला कहासुनी तक ही सीमित नहीं रहा. दोनों आपस में भिड़ गए. एक ने दूसरे को मारने के लिए जूता निकाल लिया.

डीएम रवीश गुप्त एवं अन्य पुलिस अधिकारियों ने बीचबचाव कर मामला शांत कराया. मारपीट के बाद बैठक स्थगित हो गई है.

सूत्रों के मुताबिक ज़िले के मेंहदावल क्षेत्र में सड़क निर्माण की शिला पट्टिका से सांसद का नाम गायब था, जिसे लेकर बवाल हुआ.

दैनिक जागरण की रिपोर्ट के अनुसार, मारपीट के बाद भाजपा सांसद शरद त्रिपाठी को कलेक्‍ट्रेट ले जाया गया है. वहां पर भाजपा विधायक राकेश सिंह बघेल के समर्थकों ने नारेबाजी शुरू की. वह सांसद के निकलने का इंतज़ार कर रहे हैं.

घटना के बाद भाजपा विधायक राकेश सिंह बघेल के समर्थकों ने ज़िला मजिस्ट्रेट कार्यालय के बाहर प्रदर्शन किया और भाजपा सांसद शरद त्रिपाठी का गिरफ़्तार करने की मांग की.

रिपोर्ट के अनुसार, ज़िले के समस्‍त पुलिस एवं प्रशासनिक अधिकारी मौके पर हैं. प्रभारी मंत्री की उपस्थिति में चल रही बैठक के दौरान सांसद शरद त्रिपाठी ने पीडब्ल्यूडी प्रांतीय खंड के एक्सईएन एके दुबे से कहा कि करमैनी-बेलौली बंधे की मरम्मत कार्य का शिलान्यास कल हुआ. इसमें केवल विधायक का ही नाम क्यों है, क्या सांसद का नाम नहीं रह सकता, यह किस गाइडलाइन में है, मुझे बताएं. इस पर एक्सईएन ने कहा कि गलती हो गई, सुधार कर दिया जाएगा.

रिपोर्ट के अनुसार, इस बीच मेहदावल के भाजपा विधायक राकेश सिंह बघेल ने सांसद से कहा कि जो पूछना है मुझसे पूछे, एक्सईएन से नहीं. इस पर सांसद ने कहा कि आप जैसे तमाम विधायकों को मैंने देखा हैं.

इसके बाद सांसद और विधायक एक-दूसरे को अपशब्द कहने लगे. अधिकारियों के बीच-बचाव के बाद भी सांसद और विधायक मारपीट कर बैठे.

भाजपा के ज़िलाध्यक्ष सेत भान राय से जब इस बाबत पूछा गया तो उन्होंने बताया कि मंत्री ने मुझसे फोन पर बात की और मारपीट के बारे में बताया.

राय ने बताया, ‘उस समय मैं किसी अन्य बैठक में था. प्रदेश अध्यक्ष (महेंद्र नाथ पांडेय) ने भी घटना के बारे में जानकारी मांगी है. मैं मौके पर पहुंच रहा हूं और प्रदेश अध्यक्ष को घटनाक्रम से अवगत कराऊंगा.’

इस बीच लखनऊ में भाजपा के एक नेता ने नाम उजागर नहीं करने की शर्त पर बताया कि वरिष्ठ नेताओं का मामला है और प्रदेश अध्यक्ष ही इस बारे में कोई फैसला करेंगे.

उत्तर प्रदेश भाजपा अध्यक्ष एमएन पांडेय ने कहा, ‘हमने मामले का संज्ञान लिया है. दोनों लोगों को लखनऊ बुलाया गया है. अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी.’

(समाचार एजेंसी भाषा से इनपुट के साथ)