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आचार संहिता उल्लंघन मामले में नरेंद्र मोदी को चुनाव आयोग से तीसरी बार क्लीनचिट मिली

राजस्थान के बाड़मेर में प्रधानमंत्री मोदी ने कहा था कि भारत के परमाणु हथियार दिवाली के लिए इस्तेमाल किए जाने के लिए नहीं रखे गए हैं. इसी बयान को लेकर चुनाव आयोग से शिकायत की गई थी.

Prime Minister Narendra Modi during BJP National Executive Meet, in New Delhi, Saturday, Sept 8, 2018. (PTI Photo/Atul Yadav)

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (फोटो: पीटीआई)

नई दिल्लीः चुनाव आयोग ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को आचार संहिता उल्लंघन को लेकर तीसरे मामले में भी क्लीनचिट दी है. मोदी के खिलाफ राजस्थान के बाड़मेर में चुनावी भाषण के दौरान आचार संहिता उल्लंघन की शिकायत की गई थी.

चुनाव आयोग का कहना है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अपने भाषण में आदर्श आचार संहिता का उल्लंघन नहीं किया है. मोदी ने अपनी चुनावी सभा में सशस्त्र बलों का आह्वान करते हुए कहा था कि भारत के परमाणु हथियार दिवाली के लिए इस्तेमाल किए जाने के लिए नहीं रखे गए हैं.

आयोग ने चुनाव से संबंधित भाषणों के सिलसिले में प्रधानमंत्री को यह तीसरी क्लीनचिट दी है.

अधिकारियों ने बताया कि आयोग ने मामले की विस्तार से जांच की और यह यह माना गया कि इस मामले में मौजूदा परामर्शों/प्रावधानों का कोई उल्लंघन नहीं हुआ है.

उन्होंने कहा कि चुनाव आयोग ने कहा, बाड़मेर संसदीय क्षेत्र के निर्वाचन अधिकारी द्वारा भेजे गए 10 पृष्ठों के भाषण की पूर्ण प्रमाणित प्रतिलिपि की जांच की.

कांग्रेस ने चुनाव आयोग का रुख करके आरोप लगाया था कि प्रधानमंत्री ने अपने भाषणों में सशस्त्र बलों का बार-बार आह्वान करके आदर्श आचार संहिता का उल्लंघन किया और पार्टी ने कुछ समय के लिए उन पर प्रचार करने से प्रतिबंध लगाने की मांग की थी.

मोदी ने 21 अप्रैल को बाड़मेर में अपनी चुनावी रैली के दौरान कहा था कि भारत पाकिस्तान की परमाणु धमकियों से अधिक भयभीत नहीं है.

उन्होंने कहा था, ‘भारत ने पाकिस्तान की धमकियों से डरना बंद कर दिया है, मैंने सही किया है, नहीं? हर दूसरे दिन वे (पाकिस्तान) कहते थे कि ‘हमारे पास परमाणु हथियार है’…. फिर हमारे पास क्या है? क्या हमने इन्हें (परमाणु हथियार) दिवाली के लिए रखा है?’

गौरतलब है कि इससे पहले चुनाव आयोग ने वर्धा और महाराष्ट्र के लातूर में दिए बयान पर भी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को क्लीन चिट दी थी.

आयोग ने स्पष्ट किया था कि पहली बार वोट देने जा रहे मतदाताओं से अपना वोट बालाकोट हवाई हमले के नायकों और पुलवामा हमले में शहीद हुए जवानों को समर्पित करने का मोदी का बयान आचार संहिता का उल्लंघन नहीं है.

(समाचार एजेंसी भाषा से इनपुट के साथ)