भारत

प्रज्ञा सिंह ठाकुर ने गोडसे को देशभक्त बताने वाले अपने बयान पर माफी मांगी

मालेगांव बम धमाके की आरोपी और भोपाल लोकसभा सीट से भाजपा उम्मीदवार प्रज्ञा सिंह ने कहा था कि नाथूराम गोडसे देशभक्त थे, देशभक्त हैं और रहेंगे. उन्हें आतंकी बोलने वाले लोग खुद के गिरेबां में झांककर देखें, अबकी बार चुनाव में ऐसे लोगों को जवाब दे दिया जाएगा.

Bhopal: BJP candidate Sadhvi Pragya Singh Thakur addresses a party workers meeting for Lok Sabha polls, in Bhopal, Thursday, April 18, 2019. (PTI Photo) (PTI4_18_2019_000241B)

प्रज्ञा सिंह ठाकुर. (फोटो: पीटीआई)

नई दिल्ली: 2008 मालेगांव बम धमाके की आरोपी और भोपाल लोकसभा सीट से भाजपा की उम्मीदवार प्रज्ञा सिंह ठाकुर ने महात्मा गांधी की हत्या करने वाले नाथूराम गोडसे को देशभक्त बताने वाला अपने बयान वापस लेते हुए देश से माफी मांग ली है.

समाचार एजेंसी एएनआई के मुताबिक, प्रज्ञा सिंह ने अपने बयान के लिए माफी मांगते हुए कहा, ‘यह मेरी व्यक्तिगत राय है. मेरा इरादा किसी की भावना को ठेस पहुंचाने का नहीं था. यदि मेरे बयान से किसी को ठेस पहुंची है तो मैं माफी मांगती हूं. गांधी जी ने देश के लिए जो कुछ किया है, उसे भुलाया नहीं जा सकता. मेरे बयान को मीडिया ने तोड़-मरोड़कर पेश किया.’

इससे पहले प्रज्ञा ने कहा था, ‘मैं अपने संगठन भाजपा में निष्ठा रखती हूं, उसकी कार्यकर्ता हूं और पार्टी की लाइन, मेरी लाइन है.’

मध्य प्रदेश की देवास लोकसभा सीट पर 19 मई को होने वाले चुनाव के लिए पार्टी प्रत्याशी महेंद्र सोलंकी के समर्थन में आगर मालवा में रोड शो कर रही प्रज्ञा ने एक सवाल के जवाब में कहा था, ‘नाथूराम गोडसे देशभक्त थे, देशभक्त हैं और रहेंगे. गोडसे को आतंकी बोलने वाले खुद के गिरेबां में झांककर देखें. अबकी बार चुनाव में ऐसा बोलने वालों को जवाब दे दिया जाएगा.’

हालांकि, प्रज्ञा सिंह ठाकुर के इस बयान पर विवाद बढ़ने के बाद भाजपा ने कहा था कि उन्हें (प्रज्ञा सिंह) को अपने बयान के लिए सार्वजनिक रूप से माफी मांगनी चाहिए. भाजपा प्रवक्ता जीवीएल नरसिम्हा राव ने कहा था, ‘बीजेपी इस बयान से सहमत नहीं है, हम इसकी निंदा करते हैं. पार्टी उनसे स्पष्टीकरण मांगेगी, उन्हें इस बयान के लिए सार्वजनिक रूप से माफी मांगनी चाहिए.’

मालूम हो कि कुछ दिन पहले मक्कल निधि मैयम (एमएनएम) के संस्थापक एवं अभिनेता कमल हासन ने महात्मा गांधी के हत्यारे नाथूराम गोडसे के संदर्भ में बयान देते हुए कहा था कि आजाद भारत का पहला आतंकवादी एक हिंदू था.

प्रज्ञा वर्ष 2008 में हुए मालेगांव विस्फोट मामले में आरोपी हैं और फिलहाल जमानत पर हैं.

भोपाल लोकसभा सीट पर प्रज्ञा का मुख्य मुकाबला कांग्रेस के दिग्गज नेता दिग्विजय सिंह से है. इस सीट पर 12 मई को मतदान हो चुका है और अब वह पार्टी के अन्य प्रत्याशियों के लिए प्रदेश में प्रचार कर रही हैं.