भारत

झारखंड: एनडीए ने 12 सीटों पर जीत दर्ज की, शिबू सोरेन, बाबूलाल, सुबोधकांत जैसे दिग्गज हारे

चुनाव आयोग से मिली जानकारी के मुताबिक, राज्य की 14 सीटों में से भाजपा 11, आजसू एक, कांग्रेस एक और झारखंड मुक्ति मोर्चा एक सीट जीती है.

Jamshedpur: Chief Minister of Jharkhand Raghubar Das addresses the gathering during reopening ceremony of Chapri Rakha Mines at Jadugora area near Jamshedpur, Saturday, Feb 2, 2019. (PTI Photo) (PTI2_2_2019_000196B)

झारखंड के मुख्यमंत्री रघुबर दास (फोटोः पीटीआई)

रांचीः  झारखंड की 14 लोकसभा सीटों में से 12 सीटों पर भाजपा और उसकी सहयोगी ऑल झारखंड स्टूडेंट यूनियन (आजसू) के उम्मीदवारों ने जीत दर्ज की है. भाजपा की अगुवाई वाली एनडीए को 2014 के आम चुनावों में भी झारखंड में इतनी ही सीटें मिली थीं.

चुनाव आयोग से मिली जानकारी के मुताबिक, राज्य की 14 सीटों में से भाजपा 11, आजसू एक, कांग्रेस एक और झारखंड मुक्ति मोर्चा एक सीट जीती है.

दूसरी ओर, राज्य में मुख्य विपक्षी झारखंड मुक्ति मोर्चा (झामुमो) के अध्यक्ष शिबू सोरेन उर्फ गुरू जी दुमका की अपनी परंपरागत सीट से, उनके महागठबंधन के सहयोगी झारखंड विकास मोर्चा (झाविमो) के अध्यक्ष बाबूलाल मरांडी कोडरमा सीट से और रांची से कांग्रेस उम्मीदवार एवं पूर्व केंद्रीय मंत्री सुबोधकांत सहाय बुरी तरह हार गए हैं.

गिरिडीह की एक सीट पर भाजपा की सहयोगी आजसू ने जीत दर्ज की है जबकि सिंहभूम की सीट कांग्रेस ने भाजपा से छीन ली है और राजमहल की सीट झारखंड मुक्ति मोर्चा ने अपने पास बरकरार रखी है.

झाविमो के अध्यक्ष एवं राज्य के पूर्व मुख्यमंत्री बाबूलाल मरांडी भाजपा की अपनी निकटतम प्रतिद्वंद्वी अन्नपूर्णा देवी से 4,54,764 मतों के भारी अंतर से हार गए हैं.

इसी प्रकार दुमका से झामुमो के मुखिया उर्फ गुरू जी शिबू सोरेन भाजपा के सुनील सोरेन से 43,853 मतों से हार गए हैं. राज्य की मुख्य विपक्षी झामुमो की यह हार बहुत महत्वपूर्ण है क्योंकि वह पार्टी के संस्थापक रहे हैं.

भाजपा के रांची से उम्मीदवार संजय सेठ ने कांग्रेस नेता एवं पूर्व केंद्रीय मंत्री सुबोधकांत सहाय को 2,81,269 मतों के भारी अंतर से हरा दिया है.

पलामू से भाजपा के निवर्तमान सांसद विष्णु दयाल राम ने राष्ट्रीय जनता दल के घूरन राम को 4,75,284 मतों के भारी अंतर से हरा दिया.

जमशेदपुर से भाजपा के विद्युतवरण महतो ने झामुमो के चंपई सोरेन को 3,01,036 मतों के भारी अंतर से हरा दिया.

हजारीबाग सीट पर केंद्रीय मंत्री एवं भाजपा उम्मीदवार जयंत सिन्हा ने कांग्रेस के गोपाल प्रसाद साहू को 4,75,794 मतों के भारी अंतर से हराया. गोड्डा लोकसभा सीट से भाजपा के निशिकांत दूबे ने झाविमो के प्रदीप यादव को 1,71,702 मतों के भारी अंतर से हराकर सीट अपने कब्जे में रखी.

गिरिडीह से भाजपा समर्थित आजसू उम्मीदवार एवं झारखंड सरकार के मंत्री चंद्रप्रकाश चौधरी ने झामुमो के जगन्नाथ महतो को 2,48,347 मतों के भारी अंतर से हराया.

धनबाद से भाजपा के निवर्तमान सांसद पशुपतिनाथ सिंह ने कांग्रेस उम्मीदवार कीर्ति आजाद को 3,90,209 मतों से हराया.

कीर्ति पिछले लोकसभा चुनाव में बिहार की दरभंगा सीट से भाजपा के टिकट पर जीते थे.

चतरा से भाजपा के सुनील कुमार सिंह ने कांग्रेस के उम्मीदवार एवं विधायक मनोज कुमार यादव को 2,83,284 मतों के भारी अंतर से हराया. राजमहल (अनुसूचित जनजाति) सीट पर भाजपा के हेमलाल मुर्मू झामुमो के निवर्तमान सांसद विजय हंसदा से 9,8658 मतों से लगातार दूसरी बार पराजित हुए और इन चुनावों में यही एक मात्र सीट झामुमो जीत सकी है.

लोहरदगा में केंद्रीय आदिवासी कल्याण राज्य मंत्री सुदर्शन भगत ने कांग्रेस के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष सुखदेव भगत को 9,459 मतों से हराया.  दूसरी तरफ खूंटी से भाजपा उम्मीदवार पूर्व मुख्यमंत्री अर्जुन मुंडा ने मतगणना के अंतिम कुछ चरणों में कांग्रेस के कालीचरण मुंडा को मात्र 1,098 मतों के अंतर से हराया, जिसके चलते कांग्रेस यहां से दोबारा काउंटिंग की मांग कर रही है.

पूर्व मुख्यमंत्री मधु कोड़ा की पत्नी एवं सिंहभूम से कांग्रेस उम्मीदवार गीता कोड़ा ने भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष एवं निवर्तमान सांसद लक्ष्मण गिलुआ को 72,845 मतों से हराया.

देश ने सरकार के कार्यक्रमों और नेतृत्व पर भरोसा जताते हुए जनादेश दिया: रघुबर दास

झारखंड के मुख्यमंत्री रघुबर दास ने गुरुवार को रांची में संवाददाताओं से बातचीत में कहा कि देश ने सरकार के कार्यक्रमों एवं उसके नेतृत्व पर भरोसा जताते हुए इतना बड़ा जनादेश दिया है.

मुख्यमंत्री दास ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी एवं अमित शाह के कुशल नेतृत्व एवं रणनीति के तहत सुरक्षा और विकास चुनाव का मुद्दा बना और जनता ने इस मामले में पूरी तरह भाजपा और उसके सहयोगियों पर भरोसा किया.

उन्होंने कहा कि कांग्रेस, झामुमो सहित विपक्षियों ने जिस प्रकार झूठ, फरेब की राजनीति की, जनता ने उसका सफाया कर दिया है.

दास ने कहा कि झारखंड में भी स्वार्थियों एवं भ्रष्टाचारियों का गठबंधन बना, जिसे प्रदेश की जनता ने नकारकर राज्य में नए अध्याय की शुरुआत की.

उन्होंने कहा कि जनता ने जातिवाद, संप्रदायवाद से ऊपर उठकर विकास को पसंद किया जो राष्ट्र के लिए शुभ संकेत है.