भारत

कथित तौर पर ‘राम-राम’ का जवाब न देने पर विदेशी नागरिक को चाकू मारा, हमलावर गिरफ़्तार

उत्तर प्रदेश के मथुरा का मामला. पुलिस ने बताया कि हमलावर ने विदेशी श्रद्धालु को ‘राम-राम’ कहा, लेकिन उन्होंने कोई जवाब नहीं दिया. आरोपी के दोबारा ‘राम-राम’ करने पर विदेशी नागरिक ने उसे थप्पड़ मार दिया, जिसके बाद आरोपी ने उन पर चाकू से वार कर दिया.

Mathura
मथुरा: उत्तर प्रदेश के मथुरा जिले के गोवर्धन क्षेत्र में मंगलवार को परिक्रमा मार्ग पर एक युवक ने विदेशी श्रद्धालु की गर्दन पर चाकू मार कर उसे घायल कर दिया. पुलिस ने पीड़ित को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में भर्ती कराया है. हमलावर युवक को गिरफ्तार कर लिया गया है.

लातविया के नागरिक जेमित्रिज भारत भ्रमण पर हैं. वह राधाकुंड के खजूर घाट पर रह कर हर दिन भजन करते हैं. आरोप है कि मंगलवार की सुबह जब वह राधाकुंड पर भजन कर रहे थे, तभी ऋषि नाम के स्थानीय युवक ने उसकी गर्दन पर चाकू से वार कर दिया. हमले में विदेशी श्रद्धालु घायल हो गया.

मौके पर पहुंचे चौकी प्रभारी इंद्रजीत सिंह उन्हें सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र ले गए. डॉक्टर ने उनका प्राथमिक उपचार किया. जख्म गहरा नहीं है. फिलहाल उन्हें अस्पताल में ही रखा गया है.

चौकी प्रभारी ने बताया कि आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है. पूछताछ में पता चला है कि हमलावर ने विदेशी श्रद्धालु को राम-राम कहा, लेकिन उसने कोई जवाब नहीं दिया. बताया जाता है कि आरोपी के दोबारा राम-राम करने पर विदेशी नागरिक ने उसे थप्पड़ मार दिया. इससे गुस्साए युवक ने उस पर चाकू से वार कर दिया.

वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक सत्यार्थ अनिरुद्ध पंकज ने बताया, ‘हमलावर युवक के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी. पूछताछ में हमले का कोई और कारण ज्ञात नहीं हो सका. उसके व्यवहार के बारे में भी जानकारी ली जा रही है.’

बता दें कि पिछले कुछ दिनों में जबरन ‘जय श्री राम’ का नारा लगवाने पर हिंसा की कई घटनाएं सामने आ चुकी हैं.

26 मई को दिल्ली में जंतर मंतर के पास कथित तौर पर कुछ युवाओं ने स्त्री रोग विशेषज्ञ और लेखक डॉ. अरुण गद्रे को घेरकर उनसे उनका धर्म पूछा और फिर ‘जय श्रीराम‘ के नारे लगाने के लिए मजबूर किया.

इससे पहले 25 मई को गुड़गांव में पारंपरिक टोपी पहनने के लिए 25 वर्षीय मुस्लिम युवक मोहम्मद बरकर आलम की चार अज्ञात लोगों ने कथित तौर पर पिटाई कर दी थी. पुलिस में दी गई शिकायत में आलम ने आरोप लगाया था कि सदर बाजार मार्ग पर चार अज्ञात लोगों ने उसे रोका और पारंपरिक टोपी पहनने पर आपत्ति जताई. उसने बताया कि आरोपियों ने उसे धमकी दी और कहा कि इस इलाके में इस तरह की टोपी पहनने की इजाजत नहीं है.

आलम ने अपनी प्राथमिकी में कहा, ‘मैंने उनके आदेश का पालन किया और ‘भारत माता की जय’ का नारा लगाया लेकिन उन्होंने मुझे ‘जय श्रीराम’ का उद्घोष करने के लिए कहा, जिसे करने से मैंने इनकार कर दिया. इस पर एक युवक ने सड़क किनारे पड़ी लाठी उठाई और बेरहमी से मुझे पीटना शुरू कर दिया. उन्होंने मेरे पैर और पीठ पर वार किया.’

इससे पहले 22 मई की एक घटना में मध्य प्रदेश के सिवनी में कथित तौर पर गोमांस ले जाने के शक में  गोरक्षकों द्वारा एक मुस्लिम महिला सहित तीन लोगों की बेरहमी से पिटाई कर दी गई. घटना के सोशल मीडिया पर वायरल हुए वीडियो में गोरक्षक पीड़ितों से जबरन ‘जय श्रीराम‘ के नारे लगवाते देखे गए.

(समाचार एजेंसी भाषा से इनपुट के साथ)