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तीन ब्रह्मांड वैज्ञानिकों ने भौतिकी का नोबेल पुरस्कार जीता

जेम्स पीबल्स, माइकल मेयर और डीडियर क्वेलोज को ब्रह्मांड के फैलाव और इसमें पृथ्वी के स्थान को समझने में योगदान के लिए साल 2019 के नोबेल पुरस्कार के लिए चुना गया है.

Nobel Prize 2019 physics

(फोटो साभार: ट्विटर/@NobelPrize)

स्टाकहोम: कनाडा मूल के अमेरिकी ब्रह्मांड वैज्ञानिक जेम्स पीबल्स, स्विस खगोलशास्त्रियों माइकल मेयर और डीडियर क्वेलोज को इस साल के भौतिकी के नोबेल पुरस्कार के लिए चुना गया है. जूरी ने इसकी जानकारी दी.

जूरी ने बताया कि इन वैज्ञानिकों को उनके उन अनुसंधानों के लिए यह पुरस्कार दिया गया है जो ब्रह्मांड के फैलाव और इसमें पृथ्वी के स्थान को समझने से जुड़ा हुआ है.

रॉयल स्विडिश विज्ञान अकादमी के महासचिव प्रोफेसर जी. हनसन ने संवाददाता सम्मेलन में बताया कि पीबल्स को यह पुरस्कार उनकी सैद्धांतिक खोजों के लिए दिया गया है. उन्होंने बिग बैंग के बाद ब्रह्मांड के विकास या फैलाव के संबंध में खोज किया है.

मेयर और क्वेलोज को उनके पहले अनुसंधान के लिए यह पुरस्कार दिया गया है. इन दोनों वैज्ञानिकों ने संयुक्त रूप से सौर मंडल के बाहर एक ग्रह का पता लगाया था जो मिल्की वे में एक तारे की परिक्रमा कर रहा था. वैज्ञानिकों ने यह खोज 1995 में की थी.

जूरी ने कहा, ‘उनकी खोजों ने हमारी धारणाओं को हमेशा के लिए बदल दिया है.’

पीबल्स अमेरिका के प्रिंसटन विश्वविद्यालय में विज्ञान के अलबर्ट आइंस्टीन प्रोफेसर के पद पर तैनात हैं जबकि मेयर और क्वेलोज जिनेवा विश्वविद्यालय में कार्यरत हैं.

भौतिकी के नोबेल पुरस्कार का आधा हिस्सा पीबल्स को दिया गया है जबकि शेष राशि अन्य दोनों वैज्ञानिकों को दी गई है.

इस पुरस्कार के तहत एक स्वर्ण पदक, एक डिप्लोमा और करीब 90 लाख स्वीडिश क्रोनर (नौ लाख 14 हजार अमेरिकी डालर) दिया जाएगा.

तीनों वैज्ञानिकों को यह सम्मान स्टाकहोम में दस दिसंबर को प्रदान किया जाएगा. इस पुरस्कार की शुरूआत करने वाले वैज्ञानिक अल्फ्रेड नोबल की दस दिसंबर को पुण्यतिथि होती है जिनका निधन 1896 में हुआ था.

गौरतलब है कि 2018 में भौतिकी के लिए नोबेल पुरस्कार अमेरिका के अर्थर अश्किन, फ्रांस के गेरार्ड मोरोऊ और अमेरिका की डोना स्ट्रिकलैंड को दिया गया था.

इस साल के विजेताओं समेत अब तक कुल 212 वैज्ञानिकों को भौतिकी का नोबेल पुरस्कार मिल चुका है. इनमें से सिर्फ तीन महिलाओं को अब तक ये पुरस्कार मिला है. मैडम क्यूरी को 1903 में, मारिया गोएपर्ट-मेयर को 1963 में और डोना स्ट्रिकलैंड को 2018 में ये नोबेल पुरस्कार मिला था.

(समाचार एजेंसी भाषा से इनपुट के साथ)