पुणे पुलिस

Mumbai: NCP President Sharad Pawar gestures as he speaks during an exclusive interview with PTI, at his residence in Mumbai, Saturday, March 16, 2019. (PTI Photo) (Story No. BMM1) (PTI3_16_2019_000097B)

भीमा-कोरेगांव मामला: जांच आयोग ने एनसीपी प्रमुख शरद पवार को गवाही के लिए भेजा समन

महाराष्ट्र के एक सामाजिक संगठन ने भीमा-कोरेगांव हिंसा मामले की जांच कर रहे आयोग के सदस्यों से एनसीपी प्रमुख शरद पवार को तलब करने की मांग की थी.

माओवादियों से संबंध और प्रधानमंत्री की हत्या की साज़िश के आरोप में गिरफ्तार किए गए सामाजिक कार्यकर्ता सुधीर धावले, सुरेंद्र गाडलिंग, शोमा सेन महेश राउत और रोना विल्सन (बाएं से दाएं)

भीमा कोरेगांव मामला: छह सामाजिक कार्यकर्ताओं की ज़मानत याचिका ख़ारिज

माओवादियों से कथित संबंध के आरोप में गिरफ़्तार किए गए सामाजिक कार्यकर्ताओं ने इस दलील के साथ याचिकाएं दायर की थीं कि पुलिस उनके ख़िलाफ़ पर्याप्त सबूत पेश नहीं कर पाई है.

तेलुगू कवि वरवरा राव. (फोटो: पीटीआई)

कर्नाटक पुलिस ने 14 साल पुराने मामले में वरवरा राव को हिरासत में लिया

तेलुगू कवि वरवरा राव भीमा-कोरेगांव हिंसा मामले में पुणे की यरवदा जेल में न्यायिक हिरासत में रखे गए थे. अब बेंगलुरु पुलिस ने उन्हें अपनी हिरासत में ले लिया है.

सामाजिक कार्यकर्ता आनंद तेलतुम्बड़े. (फोटो साभार: ट्विटर)

ग़ैरक़ानूनी गिरफ़्तारी से क़ानूनी गिरफ़्तारी के बीच प्रो. आनंद तेलतुम्बड़े

लेखकों, संस्कृतिकर्मियों और प्रबुद्धजनों ने सरकार से मांग की है कि सामाजिक कार्यकर्ता आनंद तेलतुम्बड़े के ख़िलाफ़ लगाए गए सभी फ़र्ज़ी आरोपों को तत्काल ख़ारिज किया जाए.

वरिष्ठ वकील प्रशांत भूषण. (फोटो: पीटीआई)

यह दुर्भाग्यपूर्ण है कि लोगों को असहमति जताने से गिरफ़्तार किया जा रहा है: प्रशांत भूषण

भीमा-कोरेगांव हिंसा के सिलसिले में बीते 28 अगस्त को माओवादियों से संबंध होने के आरोप में पांच कार्यकर्ताओं- कवि वरवरा राव, अधिवक्ता सुधा भारद्वाज, सामाजिक कार्यकर्ता अरुण फरेरा, गौतम नवलखा और वर्णन गोंसाल्विस को गिरफ़्तार किया गया था.

कवि वरवर राव. (फोटो साभार: फेसबुक/@VaraVaraRao)

तेलुगू कवि और सामाजिक कार्यकर्ता वरवर राव को पुणे पुलिस ने हिरासत में लिया

वरवर राव पर माओवादियों से संपर्क रखने का आरोप है. पुणे पुलिस ने भीमा कोरेगांव हिंसा के संबंध में बीते 28 अगस्त को पांच लोगों को गिरफ्तार किया था. वरवर राव उनमें से एक थे. सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद राव अब तक हैदराबाद के अपने घर में नज़रबंद थे.

इतिहासकार रोमिला थापर. (फोटो: द वायर)

भीमा-कोरेगांव: सामाजिक कार्यकर्ताओं की रिहाई वाली रोमिला थापर की पुनर्विचार याचिका ख़ारिज

इतिहासकार रोमिला ठाकुर ने पांच मानवाधिकार कार्यकर्ताओं- कवि वरवरा राव, अधिवक्ता सुधा भारद्वाज, सामाजिक कार्यकर्ता अरुण फरेरा, गौतम नवलखा और वर्णन गोंसाल्विस को रिहा करने के लिए सुप्रीम कोर्ट में पुनर्विचार याचिका दाख़िल की थी.

सामाजिक कार्यकर्ता और वकील सुधा भारद्वाज. (फोटो: द वायर)

भीमा-कोरेगांव हिंसा: सामाजिक कार्यकर्ता और वकील सुधा भारद्वाज गिरफ़्तार

पुणे की एक अदालत ने बीते शुक्रवार को सुधा भारद्वाज, वर्णन गोंसाल्विस और अरुण फरेरा की जमानत याचिका ख़ारिज कर दी, जिसके बाद देर शाम वर्णन गोंसाल्विस और अरुण फरेरा को गिरफ़्तार कर लिया गया था.

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भीमा कोरेगांव मामला: वर्णन गोंसाल्विस और अरुण फरेरा गिरफ़्तार

पुणे की स्थानीय अदालत द्वारा इन सामाजिक कार्यकर्ताओं की ज़मानत याचिका और बॉम्बे हाईकोर्ट द्वारा नज़रबंदी की अवधि बढ़वाने की याचिका ख़ारिज होने के बाद पुणे पुलिस ने इन दो कार्यकर्ताओं को ठाणे और मुंबई से गिरफ़्तार किया है.

Bhima Koregaon Collage Featured

भीमा कोरेगांव मामले में गिरफ़्तार कार्यकर्ताओं ने जेल में शुरू की भूख हड़ताल

पुणे पुलिस द्वारा माओवादियों से कथित संबंध के आरोप में जून महीने में गिरफ़्तार 5 सामाजिक कार्यकर्ता पुणे की यरवडा जेल में बंद हैं. उनके वकील का दावा है कि यूएपीए हटाने समेत विभिन्न मांगों को लेकर इन लोगों ने जेल में भूख हड़ताल शुरू की है.

महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फड़णनवीस. (फोटो: पीटीआई)

भीमा-कोरेगांव हिंसा में दर्ज सभी मामले वापस होंगे: मुख्यमंत्री

महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फड़णवीस ने विधानसभा में कहा कि गंभीर मामलों पर निर्णय सरकार की एक कमेटी द्वारा लिया जाएगा.

भीमा-कोरेगांव में बना विजय स्तंभ. भीमा-कोरेगांव की लड़ाई में पेशवा बाजीराव द्वितीय पर ईस्ट इंडिया कंपनी ने जीत दर्ज की थी. इसकी याद में कंपनी ने विजय स्तंभ का निर्माण कराया था, जो दलितों का प्रतीक बन गया. कुछ विचारक और चिंतक इस लड़ाई को पिछड़ी जातियों के उस समय की उच्च जातियों पर जीत के रूप में देखते हैं. हर साल 1 जनवरी को हजारों दलित लोग श्रद्धाजंलि देने यहां आते हैं. (फोटो साभार: विकीपीडिया)

भीमा-कोरेगांव हिंसा: महाराष्ट्र में दलित-मराठा रिश्ता हमेशा से जटिल रहा है

जाति-हिंसा लंबे समय से महाराष्ट्र की संस्कृति का अंग रही है. यहां हिंदुत्ववादी राजनीति का विकास कोई एक दिन मे नहीं हुआ है. इसे कई दशकों तक सक्रिय तरीके से खाद-पानी देने का काम कांग्रेस और राष्ट्रवादी कांग्रेस ने किया.

छात्रनेता उमर ख़ालिद और गुजरात से निर्दलीय विधायक ​और दलित नेता जिग्नेश मेवाणी. (फोटो: यूट्यूब/पीटीआई)

भाजपा और संघ हमें निशाना बना रहे हैं: जिग्नेश मेवाणी और उमर ख़ालिद

गुजरात से निर्दलीय विधायक जिग्नेश मेवाणी और जेएनयू के छात्रनेता उमर ख़ालिद ने भीमा-कोरेगांव हिंसा के संबंध में भड़काऊ भाषण देने के आरोपों को नकारा.

जिग्नेश मेवाणी. (फोटो: पीटीआई)

ख़ुद को आंबेडकर का भक्त बताने वाले मोदी भीमा-कोरेगांव हिंसा पर चुप क्‍यों हैं: ​मेवाणी

गुजरात से विधायक जिग्नेश मेवाणी ने दिल्ली में प्रेस कॉन्फ्रेंस कर केंद्र सरकार पर बोला हमला. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से पूछे कई सवाल.

छात्रनेता उमर ख़ालिद और गुजरात से निर्दलीय विधायक ​और दलित नेता जिग्नेश मेवाणी. (फोटो: यूट्यूब/पीटीआई)

मुंबई में जिग्नेश मेवाणी और उमर ख़ालिद के कार्यक्रम को अनुमति नहीं, हिरासत में लिए गए छात्र

महाराष्ट्र के पुणे ज़िले के भीमा-कोरेगांव में हुई हिंसा को लेकर जिग्नेश मेवाणी और उमर ख़ालिद के ख़िलाफ़ प्राथमिकी दर्ज.

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जन गण मन की बात, एपिसोड 174: महाराष्ट्र में भीमा-कोरेगांव हिंसा

जन गण मन की बात की 174वीं कड़ी में विनोद दुआ महाराष्ट्र के पु​णे ज़िले में हुई भीमा-कोरेगांव हिंसा पर चर्चा कर रहे हैं.

नरेंद्र मोदी और भीमा-कोरेगांव हिंसा. ​​(फोटो साभार: पीटीआई/एएनआई)

मोदी ख़ुद को आंबेडकर का शिष्य कहते हैं लेकिन उनकी कथनी​​​​​​​​​​​​​​​​​​​-करनी में अंतर है

जब भी दलित अपने आत्मसम्मान की बात करते हैं तो मौजूदा सरकार का रवैया हमेशा नकारात्मक दिखता है.

Karad: Dalits take part in a protest rally during their Maharashtra Bandh called over the Bhima Koregaon violence, in Karad, Maharashtra on Wednesday. PTI Photo  (PTI1_3_2018_000065B)

महाराष्ट्र बंद: मुंबई में बसों पर हमला, नागपुर और पुणे में स्थिति तनावपूर्ण

पुणे पुलिस ने हिंसा भड़काने के आरोप में हिंदुवादी संगठनों के दो नेताओं के ख़िलाफ़ मामले दर्ज किए. मुंबई शहर में 100 से ज़्यादा लोगों को हिरासत में लिया गया.