प्रदूषण

जय सिं​ह अग्रवाल. (फोटो साभार: फेसबुक)

छत्तीसगढ़ के प्रदूषित कोरबा क्षेत्र की 12 फीसदी आबादी को कोरोना का ख़तरा ज़्यादा: मंत्री

छत्तीसगढ़ सरकार में मंत्री जय सिंह अग्रवाल का कहना है कि कोयले की खुली खदानों और कोयले के ईंधन से चलने वाले संयंत्रों के कारण कोरबा अत्यधिक प्रदूषित है और क्षेत्र के तक़रीबन 12 प्रतिशत लोग पहले से ही दमा और ब्रोंकाइटिस से पीड़ित हैं.

कोरोना वायरस के मद्देनज़र लॉकडाउन के दौरान नई दिल्ली (फोटो: पीटीआई)

लॉकडाउन: दिल्ली में पिछले छह महीने में वायु गुणवत्ता अच्छी श्रेणी में पहुंची, प्रदूषण भी कम हुआ

केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड और मौसम विभाग का कहना है कि दिल्ली-एनसीआर में वायु प्रदूषण की स्थिति में 14 अप्रैल तक और सुधार होगा.

New Delhi: A man wearing face mask walks on a road during the complete lockdown imposed to contain the spread of novel coronavirus, in New Delhi, Wednesday, March 25, 2020. (PTI Photo/Ravi Choudhary)(PTI25-03-2020_000242B)

कोरोना वायरस: लॉकडाउन ने दी प्रदूषण से महानगरों को राहत, प्रदूषण में 25 प्रतिशत तक गिरावट

कोरोना वायरस से सुरक्षा के मद्देनजर पूरे देश में 21 दिनों का लॉकडाउन है और सभी परिवहन सेवाएं बंद हैं. केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के अनुसार, लॉकडाउन के चलते दिल्ली, मुंबई, अहमदाबाद और पुणे समेत देश के 104 प्रमुख शहरों में हवा की गुणवत्ता संतोषजनक स्तर पर पहुंच गई है.

झरिया में कोयले की एक खदान. कोयला खनन यहां प्रदूषण का बड़ा कारक है. (फोटो साभार: विकिपीडिया कॉमंस)

झारखंड का झरिया भारत का सबसे प्रदूषित शहर: ग्रीनपीस रिपोर्ट

पर्यावरण को लेकर काम करने वाली संस्था ग्रीन पीस इंडिया ने 287 शहरों के विश्लेषण के आधार पर यह रिपोर्ट तैयार की गई है. दिल्ली प्रदूषण के मामले में देश में 10वें नंबर पर है, जबकि शीर्ष 10 प्रदूषित शहरों में उत्तर प्रदेश के छह शहर हैं.

Singrauli: Ash and toxic residue leak due to a breach in an artificial pond at coal power plant run by public sector National Thermal Power Corporation (NTPC), in Singrauli, Monday, Oct. 7, 2019. (PTI Photo) (PTI10_7_2019_000150B)

एनटीपीसी विंध्याचल का सबसे पुराना शाहपुर फ्लाई ऐश डैम फूटा, आसपास के ग्रामीणों में दहशत

फ्लाई ऐश में भारी धातु जैसे आर्सेनिक, सिलिका, एल्युमिना, पारा और आयरन होते हैं, जो दमा, फेफड़े में तकलीफ, टीबी और यहां तक कि कैंसर तक का कारण बनते हैं.

15 नवंबर 2017 को बढ़ते प्रदूषण के ख़िलाफ़ स्कूली बच्चों ने मार्च निकाला था. (फोटो: पीटीआई )

महामारी की तरह फैल रहा है वायु प्रदूषण

विश्व के सबसे ज्यादा प्रदूषित दस शहरों में से सात शहर भारत से हैं. देश का हर शहर विश्व स्वास्थ्य संगठन के स्वास्थ्य के लिए तय वायु प्रदूषण के सुरक्षित मानदंड से बाहर है. विश्व का हर दसवां अस्थमा का मरीज भारत से है, अगर अब भी नहीं जागे तो स्थिति और भी भयावह हो सकती है.

Allahabad: Uttar Pradesh Chief Minister Yogi Adityanath takes a holy dip in the water of River Ganga at Sangam during the ongoing Kumbh Mela-2019, in Allahabad, Tuesday, Jan. 29, 2019. (PTI Photo)(PTI1_29_2019_000066B)

इला​हाबाद में कुंभ मेले के बाद जमा कचरे से महामारी फैलने का ख़तरा: एनजीटी

एनजीटी ने उत्तर प्रदेश की योगी सरकार से कहा है कि वह इलाहाबाद में कुंभ मेले के बाद जमा कचरे को हटाने के लिए तुरंत क़दम उठाए.

A worker prepares to package a milk from Holstein Friesian cows into retail sachets at the Som milk farm in the outskirts of Mogadishu, Somalia August 1, 2018.  Picture taken August 1, 2018.  REUTERS/Feisal Omar - RC16ABF2B6B0

जलवायु परिवर्तन के दायरे में दुग्ध उत्पादन भी, नहीं संभले तो अगले साल तक दिखने लगेगा असर

भाजपा सांसद मुरली मनोहर जोशी की अध्यक्षता वाली संसदीय समिति की रिपोर्ट में कहा गया है कि 2020 तक चावल के उत्पादन में चार से छह प्रतिशत, आलू में 11 प्रतिशत, मक्का में 18 प्रतिशत और सरसों के उत्पादन में दो प्रतिशत तक की कमी संभावित है. इसके अलावा एक डिग्री सेल्सियस तक तापमान वृद्धि के साथ गेंहू की उपज में 60 लाख टन तक कमी आ सकती है.

(प्रतीकात्मक फोटो: रॉयटर्स)

जलवायु परिवर्तन से कृषि पर पड़ रहा बुरा प्रभाव, 23 प्रतिशत तक कम हो सकता है गेहूं का उत्पादन

विशेष रिपोर्ट: कृषि मंत्रालय ने वरिष्ठ भाजपा नेता मुरली मनोहर जोशी की अध्यक्षता वाली संसद की प्राक्कलन समिति को बताया कि अगर समय रहते प्रभावी कदम नहीं उठाए गए तो धान, गेहूं, मक्का, ज्वार, सरसों जैसी फसलों पर जलवायु परिवर्तन का काफी बुरा प्रभाव पड़ सकता है. समिति ने इस समस्या को हल करने के लिए सरकार की कोशिशों को नाकाफी बताया है.

(फोटो: रॉयटर्स)

धुंध में डूबे एक शहर के नाम…

अंग्रेज़ी के कवि पीबी शैली की एक कविता में उनका नायक मरने के बाद जब नर्क पहुंचता है तो पाता है कि नर्क तो बिल्कुल लंदन जैसा है. जो कुछ भी लंदन में मिल सकता है वह सब वहां है. उसकी पहचान, उसकी बेतहाशा आबादी और धुआं… राजधानी है इसलिए वहां राजा है, न्यायालय है और जैसा कि राजधानियों में होता है ख़याली पुलाव के रूप में क्रांति की बातें हैं. एक सदी पहले लिखी गई इस कविता का यह शहर अब हमारे देश की राजधानी में तब्दील हो गया है.

New Delhi: A pedestrian covers his face with a handkerchief for protection against air pollution, in New Delhi, Tuesday, Nov. 13, 2018. A thick haze engulfed the national capital today as the air quality remained in the 'severe' category and authorities expressed concern that light rainfall the city may worsen the pollution levels. (PTI Photo/Shahbaz Khan)(PTI11_13_2018_000025)

राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में वायु गुणवत्ता गंभीर, दिन में निर्माण कार्यों को मंज़ूरी

सुबह हुई हल्की बारिश पर वायु गुणवत्ता एवं मौसम पूर्वानुमान प्रणाली ने कहा कि यह वायु प्रदूषण को ओर बिगाड़ देती है. मामूली बारिश से हवा में बहुत ज़्यादा नमी पैदा होती है और हवा भारी होकर अधिक हानिकारक कणों को जकड़े रहती है.

New Delhi: A view of Supreme Court of India in New Delhi, Thursday, Nov. 1, 2018. (PTI Photo/Ravi Choudhary) (PTI11_1_2018_000197B)

किसी दिन ये नेता सुप्रीम कोर्ट से कह देंगे कि जनादेश हमारे पास है, फैसला हम करेंगे

सरकार के पास अगर सुप्रीम कोर्ट के आदेश को लागू कराने का ढांचा और इरादा नहीं है तो फिर सुप्रीम कोर्ट को ही सरकार से पूछ लेना चाहिए कि हम आदेश देना चाहते हैं पहले आप बता दें कि आप लागू करा पाएंगे या नहीं.

नई दिल्ली स्थित पर्यावरण भवन के बाहर बढ़ते प्रदूषण के ख़िलाफ़ प्रदर्शन करते लोग. (फोटो: पीटीआई)

दिल्ली में बढ़ते प्रदूषण के विरोध में प्रदर्शन, वायु गुणवत्ता ‘बहुत ख़राब’ श्रेणी में पहुंची

केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के आंकड़ों के मुताबिक मंगलवार को नई दिल्ली में वायु गुणवत्ता सूचकांक (एक्यूआई) 394 दर्ज किया गया, जो ‘बेहद खराब’ श्रेणी में आता है.