प्रवासी

(फोटो साभार: विकिपीडिया)

हर रात क़रीब 3,000 मज़दूर रबर ट्यूब के सहारे यमुना पारकर हरियाणा से यूपी आ रहे: पुलिस

सहारनपुर के डिविज़नल कमिश्नर ने कहा कि लोग जिस रबर ट्यूब का इस्तेमाल कर रहे हैं, वे पहले से ही ख़राब हालत में है और कभी भी फट सकते हैं. इससे नदी को पार करने का जोख़िम उठाने वालों की ज़िंदगी ख़तरे में पड़ सकती है.

उत्तर प्रदेश सहारनपुर में यमुनानगर से लौट रहे मजदूर. (फोटो: यूट्यूब वीडियो ग्रैब)

लॉकडाउन: अंधेरे में नदी और जंगल के रास्ते हरियाणा से बिहार जा रहे मज़दूर

मज़दूरों का ये जत्था हरियाणा के यमुनानगर से आ रहा था. आजीविका खो चुके इन मज़दूरों का कहना है कि जिस शेल्टर होम में ये रह रहे थे, वहां ख़राब खाने के साथ एक टाइम ही खाना मिल रहा था.

(फोटो: एएनआई)

गुजरात: घर भेजे जाने की मांग को लेकर मज़दूरों का हिंसक प्रदर्शन, अहमदाबाद और राजकोट में पथराव

सोमवार को अहमदाबाद में घर लौटने की मांग को लेकर लगभग सौ मज़दूर सड़कों पर उतर आए और पथराव व तोड़-फोड़ की. इससे पहले रविवार को राजकोट में कामगारों ने गृह राज्य भेजने की मांग को लेकर हिंसक प्रदर्शन किया था, जिसमें एसपी समेत तीन पुलिसकर्मी और एक पत्रकार घायल हुए हैं.

(प्रतीकात्मक फोटो: पीटीआई)

लॉकडाउन: दिल्ली में फंसे प्रवासी रिक्शा चालकों के सामने आजीविका का संकट

देश की राजधानी दिल्ली में दूसरे राज्यों से आए तमाम रिक्शा चालक लॉकडाउन के कारण फंस गए हैं, जिनके सामने आजीविका का संकट खड़ा हो गया है.

(फोटो: पीटीआई)

दिल्ली से बिहार लौटे मजदूरों का किराया देने से बिहार सरकार ने क्यों इनकार कर दिया?

दिल्ली सरकार ने बिहार के 1200 प्रवासी मजदूरों की सूची बनाकर उनका किराया रेलवे को सौंप दिया और इसका पैसा सीधे बिहार सरकार से मांगा. हालांकि, बिहार सरकार ने दिल्ली सरकार द्वारा मांगे गए करीब 6.5 लाख रुपये को वापस करने से इनकार कर दिया है.

Thane: Migrant workers from Lucknow walk along Mumbai-Nashik highway to reach their native places, during a nationwide lockdown in the wake of coronavirus, in Thane, Wednesday, April 29, 2020. (PTI Photo/Mitesh Bhuvad) (PTI29-04-2020_000060B)

क्या समाज के लिए मज़दूर सीमेंट, ईंट और गारे की तरह संसाधन मात्र हैं?

मज़दूरों के हित निजी संपत्ति के मालिकों के हितों पर ही निर्भर हैं. सरकार सामाजिक व्यवस्था भी उन्हीं के लिए कायम करती है. अंत में यही कहा जाएगा कि उसने रेल भी मज़दूरों के हित में रद्द की हैं, उन्हें रोज़गार देने के लिए!

सुप्रीम कोर्ट (फोटो: पीटीआई)

सरकार सुप्रीम कोर्ट को भी नहीं बता पाई कि वो 85% रेल किराया दे रही है या नहीं

केंद्र सरकार ने दावा किया है कि श्रमिक ट्रेनों के जरिये यात्रा करने वाले मजदूरों के किराये का 85 फीसदी खर्चा रेलवे उठा रहा है. हालांकि इस संबंध में अभी तक कोई आधिकारिक आदेश जारी नहीं किया गया है.

बीएस येदियुरप्पा. (फोटो: पीटीआई).

बिल्डरों-ठेकेदारों के साथ बैठक के बाद कर्नाटक सरकार ने प्रवासी मजदूरों के ट्रेनों को रद्द किया

मुख्यमंत्री बीएस येदियुरप्पा के साथ बैठक में ये आशंका जताई गई कि यदि मजदूर वापस लौट जाएंगे तो राज्य का निर्माण कार्य प्रभावित होगा. इसके चलते राज्य सरकार ने मजदूरों को उनके गृह राज्य पहुंचाने वाली ट्रेनों को रद्द करने का फैसला लिया है.

मिजोरम भाजपा अध्यक्ष वनलालमुआका. (फोटो साभार: फेसबुक)

मिज़ोरम भाजपा ने केंद्र से पूर्वोत्तर के फंसे प्रवासियों को लाने के लिए ट्रेन चलाने की मांग की

मिज़ोरम भाजपा अध्यक्ष वनलालमुआका ने कहा है कि हमने केंद्रीय रेल मंत्री पीयूष गोयल से पूर्वोत्तर के फंसे लोगों के लिए विशेष ट्रेनें चलाने का अनुरोध किया है, जैसा कि सरकार ने अन्य राज्यों के लिए किया है.

Patna: Bihar Chief Minister Nitish Kumar attends the foundation stone laying ceremony of 'Multipurpose Prakash Kendra and Udyan' at the campus of Guru Ka Bagh in Patna, Sunday, Sept 9, 2018. (PTI Photo)(PTI9_9_2018_000102B)

बिहार: क्या रेल किराया देने को लेकर नीतीश कुमार मज़दूरों को गुमराह कर रहे हैं?

बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने कहा है कि बिहार आने वाले लोग जब 21 दिन बाद क्वारंटीन सेंटर से निकलेंगे तो उन्हें राज्य सरकार की ओर से न्यूनतम 1000 रुपये दिए जाएंगे जिसमें रेल का किराया और प्रशासन की ओर से अतिरिक्त मदद शामिल होगी.

Bhopal: Migrants sit on Misrod railway station maintaining social distancing as they wait for their health-check after arriving from Nashik by a special train, during the ongoing COVID-19 lockdown, in Bhopal, Saturday, May 02, 2020. This is the first special train that has reached Bhopal after the Centres announcement to run such services to facilitate the stranded workers. (PTI Photo)(PTI02-05-2020 000019B)

विभिन्न राज्यों में फंसे हुए लोग घर लौटने के लिए यहां पर कराएं रजिस्ट्रेशन‌

लॉकडाउन के कारण देश के अलग-अलग राज्यों में फंसे दिहाड़ी मजदूरों और प्रवासियों के लिए ऑनलाइन पोर्टल शुरू किये गए हैं. अपने राज्य लौटने के इच्छुक लोग इस पर जाकर रजिस्ट्रेशन करा सकते हैं.

Kochi: Migrants board a train to their native places during the ongoing COVID-19 lockdown, at Aluva Station in Kochi, Saturday, May 2, 2020. (PTI Photo)(PTI02-05-2020_000178B)

रेलवे ने जारी की गाइडलाइन, श्रमिक ट्रेनों से यात्रा करने वालों से किराया वसूलने को कहा

जहां से गाड़ी शुरू होगी वहां पर राज्य सरकार लोगों को फूड पैकेट्स और पानी मुहैया कराएगी. 12 घंटे से अधिक की यात्रा के लिए रेलवे ट्रेन में एक टाइम का भोजन प्रदान करेगा.

विशेष श्रमिक ट्रेन (फोटो: पीटीआई)

लॉकडाउन में फंसे प्रवासी लोगों की वापसी के लिए रेलवे ने श्रमिक स्पेशल ट्रेनें चलाईं

रेलवे ने शुक्रवार को छह श्रमिक स्पेशल ट्रेनों की घोषणा की है. लॉकडाउन के कारण विभिन्न राज्यों में फंसे प्रवासी श्रमिकों, तीर्थयात्रियों, पर्यटकों, छात्रों और अन्य लोगों की वापसी के लिए यह इंतज़ाम किया गया है.

New Delhi: Delhi Pradesh BJP President Manoj Tiwari at the Delhi BJP executive committee meet at Dr Ambedkar International Centre, in New Delhi, Saturday, Sept 22, 2018. (PTI Photo/Manvender Vashist) (PTI9_22_2018_000020B)

दिल्ली से अवैध प्रवासियों को निकालने के लिए एनआरसी जैसे क़दम की ज़रूरत: मनोज तिवारी

दिल्ली भाजपा अध्यक्ष मनोज तिवारी ने कहा कि मुझे स्थानीय निवासियों ने बताया कि बेटी से छेड़खानी का विरोध करने पर ध्रुव त्यागी की हत्या में अवैध रोहिंग्या या बांग्लादेशी हो सकते हैं.

BJP_Reuters

संपादकीयः नफ़रत भरी चुनावी राजनीति पर चुनाव आयोग की चुप्पी भी अपराध है

चुनाव आयोग का संवैधानिक दायित्व केवल आदर्श आचार संहिता ही नहीं बल्कि जनप्रतिनिधि क़ानून को भी बरक़रार रखना है, जिसके तहत प्रधानमंत्री सहित विभिन्न भाजपा नेताओं के नफ़रत भरे भाषण अपराध की श्रेणी में आते हैं.