भाजपा सरकार

(प्रतीकात्मक फोटो: पीटीआई)

गुजरात: कृषि विश्वविद्यालय ने अचानक रद्द की पशुओं की नीलामी, किसानों का प्रदर्शन

बनासकांठा के सरदारकृषिनगर दांतीवाड़ा कृषि विश्वविद्यालय ने 82 पशुओं की नीलामी का एक विज्ञापन दिया था, जिसे बाद में साल 2018 के एक आदेश का हवाला देते हुए अंतिम समय पर रद्द कर दिया गया. किसानों का कहना है कि उन्हें इसकी जानकारी नहीं दी गई, जिसके चलते उनका पैसा और समय दोनों बर्बाद हुए.

बीएस येदियुरप्पा. (फोटो: पीटीआई).

कर्नाटक सरकार ने गोहत्‍या रोधी अध्‍यादेश को मंज़ूरी दी

नए क़ानून के तहत उल्लंघनकर्ताओं पर सात साल की अधिकतम सज़ा और पांच लाख रुपये का जुर्माने का प्रावधान है. इससे कर्नाटक में गोहत्या पर पूर्ण प्रतिबंध रहेगा और पशुओं की तस्करी, अवैध परिवहन, गायों पर अत्याचार और पशुवध करने वालों के लिए सख़्त सज़ा का प्रावधान है.

New Delhi: Goa Chief Minister Pramod Sawant arrives at Goa Niwas in New Delhi, Thursday, July 11, 2019. (PTI Photo/Kamal Kishore) (PTI7_11_2019_000043B)

कर्नाटक गोहत्या क़ानून से गोवा में मांस की कमी, भाजपा नेतृत्व वाली सरकार ने कहा- रास्ता तलाशेंगे

चार साल पहले महाराष्ट्र द्वारा गोहत्या विरोधी क़ानून बनाने के बाद गोवा पूरी तरह से कर्नाटक पर निर्भर हो गया था. अब कर्नाटक में भी ऐसा ही क़ानून लागू हो गया है. गोवा के मुख्यमंत्री प्रमोद सावंत ने राज्य में बीफ़ की आपूर्ति बहाल करने का आश्वासन देते हुए कहा कि वह भी गोमाता को पूजते हैं, लेकिन वहां की 30 फ़ीसदी अल्पसंख्यक जनता की देखभाल की ज़िम्मेदारी भी उनकी है.

बॉम्बे हाईकोर्ट (फोटो: पीटीआई)

महज़ गाय या बैल की खाल रखना अपराध नहीं है: बॉम्बे हाईकोर्ट

बॉम्बे हाईकोर्ट की पीठ ने कहा कि इसमें कोई शक नहीं है कि महाराष्ट्र पशु संरक्षण अधिनियम, 1976 के तहत पशु की खाल को लेकर कोई प्रावधान नहीं है. इसलिए खाल रखने पर कोई प्रतिबंध नहीं है और इस तरह अपराध का मामला नहीं बनता है.

Bengaluru: Newly sworn-in Karnataka Chief Minister B. S. Yeddyurappa flashes the victory sign after his swearing-in ceremony, at Raj Bhavan in Bengaluru on Thursday. (PTI Photo)(PTI5_17_2018_000113B)

कर्नाटक विधानसभा में हंगामे के बीच गोहत्या विरोधी क़ानून पारित हुआ

साल 2010 के विधेयक में संशोधन करते हुए कर्नाटक की मौजूदा बीएस येदियुरप्पा सरकार ने गाय और बछड़ों के अलावा भैंस एवं उनके बच्चों की हत्या को भी प्रतिबंधित किया है. इसके लिए सात साल की सज़ा से लेकर पांच लाख के जुर्माने तक का प्रावधान किया गया है.

तेज बहादुर यादव. (फोटो साभार: फेसबुक)

सुप्रीम कोर्ट ने पीएम मोदी के ख़िलाफ़ चुनाव मैदान में उतरे बीएसएफ जवान की याचिका ख़ारिज की

साल 2019 के लोकसभा चुनाव में वाराणसी से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के ख़िलाफ़ खड़े हुए बीएसएफ के बर्ख़ास्त जवान तेज बहादुर यादव ने अपना नामांकन रद्द होने के इलाहाबाद हाईकोर्ट के फैसले को शीर्ष अदालत में चुनौती दी थी.

(फोटो: द वायर)

सुप्रीम कोर्ट ने नरेंद्र मोदी के ख़िलाफ़ चुनाव में उतरे बीएसएफ जवान की याचिका पर निर्णय सुरक्षित रखा

पिछले लोकसभा चुनाव में वाराणसी से नरेंद्र मोदी के सामने खड़े हुए पूर्व बीएसएफ जवान तेज बहादुर यादव ने अपना नामांकन रद्द होने को शीर्ष अदालत में चुनौती दी है. बुधवार को इसकी सुनवाई रद्द से इनकार करते हुए कोर्ट ने कहा कि मामले में प्रधानमंत्री प्रतिवादी हैं, यह महत्वपूर्ण केस है, इसे बार-बार टाला नहीं जा सकता.

(प्रतीकात्मक फोटो: रॉयटर्स)

यूपी में निर्दोष लोगों के ख़िलाफ़ गोहत्या क़ानून का दुरुपयोग हो रहा है: इलाहाबाद हाईकोर्ट

राज्य में इस साल 19 अगस्त तक रासुका के तहत गिरफ़्तार 139 में से 76 लोगों पर गोहत्या के आरोप हैं. हाईकोर्ट ने गोहत्या के मामलों में पुलिस द्वारा पेश साक्ष्यों की विश्वनीयता पर सवाल उठाते हुए कहा कि जब भी कोई मांस बरामद होता है, तो फॉरेंसिक जांच कराए बिना ही उसे गोमांस क़रार दे दिया जाता है.

A farmer shows wheat crop damaged by unseasonal rains in his wheat field at Sisola Khurd village in the northern Indian state of Uttar Pradesh, March 24, 2015. To match Insight INDIA-MODI/ Picture taken March 24, 2015. REUTERS/Anindito Mukherjee

क़र्ज़ माफ़ी के बावजूद महाराष्ट्र में सर्वाधिक किसानों ने आत्महत्या की

एनसीआरबी के मुताबिक, साल 2019 में देश भर के कुल 10,281 किसानों ने आत्महत्या की थी. इसमें से 3,927 किसान आत्महत्या के मामले महाराष्ट्र के हैं. आंकड़ों के अनुसार, पिछले कई वर्षों में राज्य में हर साल 3500 से अधिक किसान अपनी जान दे देते हैं.

(फोटो: रॉयटर्स)

जम्मू कश्मीर: केंद्र सरकार ने 10,000 सैनिकों की तत्काल वापसी का आदेश दिया

केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बलों की कुल 100 कंपनियों की केंद्र शासित प्रदेश जम्मू कश्मीर से तत्काल वापसी का और उन्हें देश में उस स्थान पर लौटने का आदेश दिया गया है, जहां से उन्हें पिछले साल 5 अगस्त को अनुच्छेद 370 के अधिकतर प्रावधानों के समाप्त होने से पहले वहां भेजा गया था.

मुख्यमंत्री एन. बीरेन सिंह. (फोटो साभार: फेसबुक)

मणिपुर: एन. बीरेन सिंह सरकार ने जीता विश्वास मत, कांग्रेस के छह विधायकों का इस्तीफ़ा

मणिपुर में भाजपा के नेतृत्व वाली गठबंधन सरकार के सामने बीते 17 जून को उस समय राजनीतिक संकट खड़ा हो गया था, जब छह विधायकों ने समर्थन वापस ले लिया था, जबकि भाजपा के तीन विधायक पार्टी छोड़कर कांग्रेस में शामिल हो गए थे.

Jammu: CRPF personnel stand guard during restrictions, at Raghunath Bazar in Jammu, Monday, Aug 05, 2019. Restrictions and night curfews were imposed in several districts of Jammu and Kashmir as the Valley remained on edge with authorities stepping up security deployment. (PTI Photo)(PTI8_5_2019_000091B)

जम्मू कश्मीर का विशेष दर्ज़ा ख़त्म किए जाने के एक साल पूरा होने पर पूरी घाटी में कर्फ़्यू

जम्मू कश्मीर प्रशासन के अधिकारियों ने बताया कि हिंसक प्रदर्शनों की आशंका के मद्देनज़र श्रीनगर और घाटी के अन्य हिस्सों में कर्फ़्यू लगाया गया है, क्योंकि अलगाववादी और पाकिस्तान प्रायोजित संगठन पांच अगस्त को काला दिवस मनाने की योजना बना रहे हैं.

बीएस येदियुरप्पा. (फोटो: पीटीआई).

कर्नाटक: विपक्ष के विरोध के बाद पाठ्यक्रम से टीपू सुल्तान, इस्लाम पर अध्याय हटाने पर रोक

राज्य सरकार ने कोविड-19 का हवाला देते हुए पहली से 10वीं कक्षा के पाठ्यक्रम कम करने के लिए इस्लाम, ईसाई धर्म, टीपू सुल्तान से जुड़े अध्याय हटाने का प्रस्ताव रखा था. इस पर विपक्षी दलों का कहना था कि सरकार अपने दक्षिणपंथी एजेंडा को आगे बढ़ाने के लिए ऐसा कर रही है.

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असम में बाढ़ और कोरोना की दोहरी मार, नाकाफ़ी सरकारी इंतज़ाम

वीडियो: असम में बाढ़ का कहर जारी है. इस मुद्दे पर पर्यावरण पत्रकार मुबीना अख़्तर और डिब्रूगढ़ यूनिवर्सिटी के असिस्टेंट प्रोफेसर कौस्तुभ डेका से द वायर की सीनियर एडिटर आरफ़ा ख़ानम शेरवानी की बातचीत.

(साभार: ट्विटर/वीडियोग्रैब)

कर्नाटक: कोविड-19 अस्पताल में घूमता दिखा सुअरों का झुंड, कार्रवाई के निर्देश

मामला कलबुर्गी ज़िले के गुलबर्गा इंस्टिट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसेज़ का है. स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी का कहना है कि अस्पताल का दरवाज़ा खुला रह गया था, मरीज़ों द्वारा कूड़े में फेंकी गई खाने-पीने की चीज़ें खोजते हुए सुअर अस्पताल में घुस आए थे. हालांकि वे कोविड वार्ड में नहीं घुसे थे.