महिलाएं

Students shout slogans during a protest against the alleged rape and murder of a 27-year-old woman, in Kolkata, India, December 2, 2019. REUTERS/Rupak De Chowdhuri

देश में असुरक्षित महिलाएं और नेताओं के बिगड़े बोल

महिलाओं की सुरक्षा की चिंता और उनको हिंसा, बलात्कार आदि से बचाने को लेकर कड़े क़ानून बनाने का नेताओं का आश्वासन उनके दिए महिला-विरोधी बयानों के बरक्स बौना नज़र आता है.

Mumbai: Students display placards during a demonstration over rape incidents in the view of the recent rape and murder of Hyderabad veterinarian, at Labaug in Mumbai, Sunday, Dec. 1, 2019. (PTI Photo)  (PTI12_1_2019_000127B)

वे सात कारण, जो बताते हैं कि बलात्कार के मामले में मौत की सज़ा क्यों कारगर नहीं है

भारत जैसे देश में, जहां बलात्कार के मामलों में अदालत की सुनवाई आरोपी के बजाय पीड़ित के लिए ज्यादा मुश्किल भरी होती हैं, वहां कुछ चर्चित मामलों में सज़ा कड़ी कर देने से किसी और को ऐसा करने से रोकना मुश्किल है. ऐसे अधिकतर मामले या तो अदालतों की फाइलों में दबे पड़े हैं या सबूतों के अभाव में ख़ारिज कर दिए जाते हैं.

अमृतसर स्थित स्वर्ण मंदिर. (फोटो: पीटीआई)

स्वर्ण मंदिर में महिलाओं को शबद कीर्तन की अनुमति देने वाला प्रस्ताव पंजाब विधानसभा में पारित

यह प्रस्ताव पंजाब सरकार के मंत्री तृप्त राजिंदर सिंह बाजवा द्वारा लाया गया. उन्होंने कहा कि सिख धर्म के संस्थापक गुरु नानक देव ने जीवनभर जाति और लिंग आधारित भेदभाव के ख़िलाफ़ संघर्ष किया और महिलाओं के ख़िलाफ़ इस भेदभाव का भी अंत होना चाहिए.

(प्रतीकात्मक फोटो: रॉयटर्स)

दिल्ली के 14 आश्रय घरों में महिलाओं और लड़कियों के शोषण के मामले सामने आए

टाटा इंस्टिट्यूट ऑफ सोशल साइंसेस की रिपोर्ट के मुताबिक दिल्ली के आश्रय घरों में रहने वाली लड़कियों को सज़ा के तौर पर उनके प्राइवेट पार्ट में मिर्ची डालने, शरीर पर खौलता पानी फेंकने और खाना न देने जैसे कई गंभीर मामले सामने हैं.

(प्रतीकात्मक फोटो: रॉयटर्स)

महिला सशक्तिकरण पर भारतीय जनता पार्टी के खाने के दांत अलग हैं और दिखाने के अलग

ऐसे में जब देश में महिलाओं का कोई वास्तविक प्रतिनिधित्व ही नहीं बचा और सरकार में नारी शक्ति की मिसाल मानी जाने वाली तथाकथित जुझारू नेता भाजपा नेताओं या समर्थकों द्वारा किए उत्पीड़न के कई मामलों पर मुंह सिलकर बैठ चुकी हैं, तो कैसे सरकार से किसी न्याय की उम्मीद लगाई जाए?

गुरुवार को ईरान की राजधानी तेहरान स्थित आज़ादी स्टेडियम में मैच देखने पहुंचीं महिलाएं. (फोटो: रॉयटर्स)

ईरान: 40 साल में पहली बार महिलाओं ने ​स्टेडियम में बैठकर देखा फुटबॉल मैच

साल 1979 में इस्लामिक क्रांति के बाद ईरान में महिलाओं के पुरुषों का खेल देखने पर प्रतिबंध लगा दिया गया था. राजधानी तेहरान के आज़ादी स्टेडियम में बृहस्पतिवार को हुए वर्ल्ड कप फुटबॉल के क्वालीफायर मैच में ईरान ने कंबोडिया को मात दी.

New Delhi: A Muslim woman looks on, near Jama Masjid in New Delhi, Wednesday, Sept 19, 2018. The Union Cabinet approved an ordinance to ban the practice of instant triple talaq. Under the proposed ordinance, giving instant triple talaq will be illegal and void and will attract a jail term of three years for the husband. (PTI Photo/Atul Yadav) (Story No. TAR20) (PTI9_19_2018_000096B)

मुस्लिम औरतों को धर्म के पिंजरे में सुरक्षित रहने की गारंटी कौन दे रहा है?

अलीगढ़ मुस्लिम विश्वविद्यालय के इस्लामिक यूथ फेडरेशन ने एक तस्वीर जारी की है, जिसमें औरतों को इस्लाम के पिंजरे में क़ैद पंछी की शक्ल दी गई. बताया गया कि ये पिंजरा ही वो महफ़ूज़ जगह है, जहां औरतें न सिर्फ़ नेकियां कमा सकती हैं बल्कि तमाम ‘ज़हरीली’ विचारधाराओं से बची रह सकती हैं.

Delhi Women Vox Pop

संसद में महिलाओं की भागीदारी पर क्या है आम महिलाओं की राय?

संसद में महिलाओं की भागीदारी के बारे में राजनीतिक पार्टियां अक्सर चुप्पी साध लेती हैं, पुरुषों के मुक़ाबले महिलाओं को पार्टियां भी कम टिकट देती हैं, सृष्टि श्रीवास्तव ने बात की दिल्ली की आम महिलाओं से और जाना कि वे चुनावी राजनीति पर क्या सोचती हैं.

(प्रतीकात्मक फोटो: रॉयटर्स)

छत्तीसगढ़: ढाई साल में लगभग तीन हजार महिलाएं घरेलू हिंसा की शिकार

निर्भया फंड के तहत बनी महिला हेल्पलाइन पर आई शिकायतों से पता चला है कि 25 जून 2016 से 17 जनवरी 2019 के बीच कुल 5197 महिलाओं ने इस हेल्पलाइन में अपनी शिकायत दर्ज कराई, जिनमें सबसे ज्यादा 2803 मामले घरेलू हिंसा के हैं.

(प्रतीकात्मक फोटो: रॉयटर्स)

2014 से 2016 के दौरान मानव तस्करी की शिकार महिलाओं और बच्चों की संख्या बढ़ी

केंद्रीय महिला एवं बाल विकास मंत्री मेनका गांधी ने बताया कि एनसीआरबी की ओर से मुहैया कराई गई जानकारी के मुताबिक साल 2014 से 2016 की अवधि के दौरान कुल 22,167 बच्चे और 13,834 महिलाएं मानव तस्करी का शिकार हुए हैं.

शंकराचार्य स्वरूपानंद सरस्वती. (फोटो: पीटीआई)

महिलाएं शंकराचार्य नहीं बन सकतीं, यह पद स्त्री के लिए नहीं है: शंकराचार्य स्वामी स्वरूपानंद

द्वारका-शारदापीठ एवं ज्योतिषपीठ के शंकराचार्य स्वामी स्वरूपानंद सरस्वती ने शनि मंदिर में महिलाओं के प्रवेश को लेकर कहा कि शनि मंदिर में स्त्री का प्रवेश वर्जित है क्योंकि शनि क्रूर ग्रह है. उसकी दृष्टि स्त्री पर पड़ी तो उसे नुकसान हो सकता है.

Mumbai: Shivsena Chief Uddhav Thackeray with Yuva Sena Chief Aditya Thackeray address a press conference, in Mumbai on Thursday, May 31, 2018. (PTI Photo)(PTI5_31_2018_000185B)

इस देश में गाय सुरक्षित हैं, महिलाएं नहीं: उद्धव ठाकरे

पार्टी के मुखपत्र ‘सामना’ को दिए साक्षात्कार में शिवसेना प्रमुख उद्धव ठाकरे ने अपनी सहयोगी दल भाजपा पर हमला करते हुए कहा कि जिस प्रकार आज देश में हिंदुत्व का पालन किया जा रहा है, उसे शिवसेना स्वीकार नहीं करती.

(प्रतीकात्मक फोटो: रॉयटर्स)

महिलाओं के लिहाज़ से भारत विश्व में सबसे ख़तरनाक देश: सर्वे

थॉमसन रॉयटर्स फाउंडेशन के सर्वे में 193 देशों को शामिल किया गया था, जिनमें से महिलाओं के लिए बदतर शीर्ष 10 देशों का चयन किया गया. सूची में युद्धग्रस्त अफगानिस्तान और सीरिया दूसरे और तीसरे, सोमालिया चौथे और सउदी अरब पांचवें स्थान पर है.