वेंटिलेटर

(फोटो: रॉयटर्स)

हैदराबादः कोविड मरीज़ का मौत से पहले का वीडियो सामने आया, डॉक्टरों पर वेंटिलेटर हटाने का आरोप

मामला हैदराबाद के चेस्ट अस्पताल का है, जहां 35 वर्षीय वी. रवि कुमार को तेज़ बुखार और सांस लेने में दिक्कत के बाद भर्ती किया गया था. 26 जून को उनकी मौत हो गई. अस्पताल में उनके द्वारा बनाया गया एक वीडियो अब सामने आया है, जिसमें वे डॉक्टरों द्वारा वेंटिलेटर हटाने के बाद सांस न ले पाने की बात कह रहे हैं.

(प्रतीकात्मक फोटो: रॉयटर्स)

दिल्ली, महाराष्ट्र सहित पांच राज्यों में बेड और वेंटिलेटर्स की कमी का अनुमानः केंद्र

केंद्र सरकार ने जिन पांच राज्यों को चेताया है, उनमें तमिलनाडु, महाराष्ट्र, दिल्ली, गुजरात, उत्तर प्रदेश शामिल है. अनुमान है कि यहां जून से अगस्त के बीच आईसीयू और वेंटिलेटर की कमी पड़ सकती है.

फोटो: पीटीआई

दिल्ली: कोविड-19 संबंधी अव्यवस्थाओं पर एनएचआरसी ने केंद्र और दिल्ली सरकार को नोटिस भेजा

दिल्ली में कोविड मरीज़ों के लिए पर्याप्त व्यवस्थाएं न होने की कांग्रेस नेता अजय माकन की शिकायत पर संज्ञान लेते हुए एनएचआरसी ने कहा है कि वह समझते हैं कि यह मरीज़ों-डॉक्टरों, सरकारी एजेंसियों आदि सभी के लिए अप्रत्याशित स्थिति है, लेकिन हरसंभव प्रयास किए बिना नागरिकों को मरने के लिए नहीं छोड़ा जा सकता.

Hyderabad: An ICMR team conducts surveillance in the view of COVID-19 outbreak at Balapur in Hyderabad, Sunday, May 31, 2020. (PTI Photo) (PTI31-05-2020 000052B)

कोरोना वायरस के बढ़ते मामलों के बीच सरकारों का ज़ोर टेस्ट कम करने पर क्यों है?

बीते मार्च महीने में डब्ल्यूएचओ के महानिदेशक ने कहा था कि अगर हमें पता ही नहीं होगा कि कौन संक्रमित है तो हम इस महामारी को नहीं रोक सकते. उन्होंने कोरोना वायरस से बचने के लिए अधिक से अधिक टेस्ट करने की ज़रूरत पर बल दिया था, लेकिन वर्तमान में भारत में डब्ल्यूएचओ की इस सलाह के उलट होता दिख रहा है.

New Delhi: A view of AIIMS where hundreds of health workers have tested positive with coronavirus infection, during the ongoing COVID-19 nationwide lockdown, in New Delhi, Thursday, June 4, 2020. (PTI Photo/Manvender Vashist)(PTI04-06-2020_000174B)

कोविड-19: उपराज्यपाल ने बदला केजरीवाल का फ़ैसला, दिल्ली में हो सकेगा सबका इलाज

रविवार को दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने कहा था कि कोविड-19 संक्रमण के दौरान दिल्ली के सरकारी और निजी अस्पताल केवल दिल्ली के ही रहवासियों का इलाज करेंगे. उपराज्यपाल अनिल बैजल ने इसे पलटते हुए प्रशासन को निर्देश दिया है कि वह सुनिश्चित करे कि रहवासी होने के आधार पर किसी भी मरीज़ को इलाज के लिए मना न किया जाए.

Srishti Ashish IV 7 June.34822.Still006

दिल्ली में स्वास्थ्य व्यवस्था के दावों की पोल खोलती इस परिवार की कहानी

वीडियो: दिल्ली के मौजपुर इलाके में रहने वाले आशीष जैन के परिवार में उनके पिता और भाई कोरोना संक्रमित पाए गए हैं, लेकिन उनकी जांच करवाने के लिए आशीष को दिल्ली के कई अस्पतालों में भटकना पड़ा. हाल ये है कि टेस्टिंग किट की कमी, अस्पतालों की अव्यवस्था और सही जानकारी तक उपलब्ध न कराने जैसी कई दिक्कतों का सामना लोग कर रहे हैं.

दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल. (फोटो साभार: ट्विटर/आम आदमी पार्टी)

दिल्ली के सरकारी और निजी अस्पतालों में केवल दिल्लीवालों का इलाज होगा: अरविंद केजरीवाल

मुख्यमंत्री की इस घोषणा से एक दिन पहले राज्य सरकार द्वारा गठित पांच सदस्यीय समिति ने सिफारिश की थी कि कोविड-19 संकट के मद्देनजर शहर के स्वास्थ्य इंफ्रास्ट्रक्चर का इस्तेमाल केवल दिल्लीवालों के उपचार के लिए होना चाहिए.

मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल. (फोटो: ट्विटर/आम आदमी पार्टी)

कोविड मरीज़ों को बेड न मिलने पर केजरीवाल ने अस्पतालों को चेताया- कालाबाज़ारी पर होगी कार्रवाई

दिल्ली में कोविड मरीज़ों को बेड न मिलने की बढ़ती शिकायतों के बाद मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने कहा है कि अस्पताल में बेड्स की कोई कमी नहीं है. अब से अस्पतालों में बेड्स की उपलब्धता पर नज़र रखने के लिए दिल्ली सरकार हर निजी अस्पताल में एक चिकित्सा पेशेवर को तैनात करेगी.

(फोटोः पीटीआई)

पंजाब के सबसे अधिक आबादी वाले लुधियाना ज़िले के सरकारी अस्पतालों में वेंटिलेटर नहीं: रिपोर्ट

पिछले सप्ताह लुधियाना के सिविल अस्पताल के डॉक्टरों ने ख़राब गुणवत्ता के मास्क को लेकर प्रदर्शन किया था और यहां के लेवल-2 आइसोलेशन सेंटर में कोरोना मरीजों को ख़राब खाना दिए जाने के कई वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुए थे.