संविधान

देश के पहले प्रधानमंत्री जवाहरलाल नेहरू संविधान की प्रति पर दस्तख़त करते हुए. (फोटो साभार: विकीमीडिया कॉमन्स)

दो फैसले, जिन्होंने बताया कि संविधान संसद से ऊपर है

न्यायपालिका को कमज़ोर करने की कोशिशें भारतीय लोकतंत्र के मूल चरित्र के लिए ख़तरा हैं. मगर अफ़सोस की बात है कि इसे बहुमत का समर्थन हासिल है.

Tribal women carry bundles of twigs and leaves near Shantiniketan, 150 km (95 miles) northwest of Calcutta on March 18, 2004. REUTERS/Jayanta Shaw/Files

जनता की 90 लाख हेक्टेयर ज़मीन पर सरकार का अवैध क़ब्ज़ा

2006 में लागू वन अधिकार क़ानून कहता है कि जो ज़मीनें आज़ादी के पहले सामुदायिक अधिकारों के लिए थीं, वो यथावत बनी रहेंगी. लेकिन मध्य प्रदेश और छत्तीसगढ़ में 90 लाख हेक्टेयर ऐसी ज़मीनों पर सरकार का क़ब्ज़ा है.

New Delhi: Parliament during the first day of budget session in New Delhi on Tuesday. PTI Photo by  Kamal Kishore  (PTI2_23_2016_000104A)

क्या नए पिछड़ा वर्ग आयोग का लक्ष्य आरक्षण नीति में परिवर्तन लाना है?

राष्ट्रीय सामाजिक एवं शैक्षणिक पिछड़ा वर्ग आयोग के गठन से क्या होगा यह सिर्फ मोदी जानते हैं. लेकिन यह तय है कि जाति विषमता पर कुछ करना है तो सिर्फ नाम बदलने से काम नहीं चलेगा.

Bhimrao Ambedkar

आंबेडकर पर फूल-माला चढ़ाओ पर उन्हें पढ़ने मत दो!

बाबा साहब के नाम पर बहुत सारे आयोजन और कर्मकांड हो रहे हैं. लेकिन उनके विचार, उनके लेखन और उनकी रचनाओं को लोगों के बीच पहुंचाने की कोशिश सिरे से गायब है.

दिल्ली मुख्यमंत्री अरविन्द केजरीवाल और उपमुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया (पीटीआई)

शासन को लेकर दिल्ली और केंद्र के बीच का विवाद संविधान पीठ के हवाले

सुप्रीम कोर्ट ने दिल्ली हाईकोर्ट के उस फैसले के ख़िलाफ़ आप सरकार की याचिकाओं को संविधान पीठ को सौंप दिया जिसमें कहा गया है कि दिल्ली एक राज्य नहीं है और इसका प्रशासनिक मुखिया उपराज्यपाल है.