Anganwadi Workers

बॉम्बे हाई कोर्ट (फोटो : पीटीआई)

तीन बच्चे होने के कारण नौकरी से निकाली गई आंगनबाड़ी कार्यकर्ता बॉम्बे हाईकोर्ट पहुंची

नियम के मुताबिक महाराष्ट्र सरकार विभिन्न विभागों में पदस्त कर्मचारियों के दो से ज़्यादा बच्चे नहीं होने चाहिए. महिला की दलील है कि यह प्रस्ताव 2014 में आया था और उस समय वो आठ महीने की गर्भवती थीं.

Media Bol Ep 66 (1)

मीडिया बोल, एपिसोड 66: सवर्ण भारत बंद, किसान-मज़दूर रैली और समलैंगिक आज़ादी का उल्लास

मीडिया बोल की 66वीं कड़ी में उर्मिलेश एससी-एसटी एक्ट को लेकर सवर्णों द्वारा किए गए भारत बंद, दिल्ली में किसान और मज़दूर संगठनों की रैली और समलैंगिक संबंधों को अपराध के दायरे से बाहर लाने पर वरिष्ठ पत्रकार शैलेष और दिल्ली यूनिवर्सिटी के प्रोफेसर रतन लाल से चर्चा कर रहे हैं.

New Delhi: Workers and farmers of various unions raise slogans during 'Mazdoor Kisan Sangharsh Rally' at Parliament Street, in New Delhi on Wednesday, Sept 5, 2018. (PTI Photo/Arun Sharma) (PTI9_5_2018_000034B)

‘सरकार भाषण में तो किसान का नाम लेती है लेकिन ज़मीन पर हिंदू-मुसलमान करती है’

देशभर से आए हज़ारों की संख्या में किसानों और मज़दूरों ने दिल्ली के संसद मार्ग पर केंद्र की मोदी सरकार के ख़िलाफ़ प्रदर्शन किया और अपनी मांगों को रखा.

बीते 30 मई को रांची में विरोध प्रदर्शन करतीं आंगनबाड़ी सेविकाएं. (फोटो साभार: नीरज सिन्हा/द वायर)

झारखंड में क्यों सड़कों पर ठोकरें खा रहे लाखों मानदेयकर्मी?

झारखंड में शिक्षा, स्वास्थ्य और महिला बाल कल्याण जैसे महत्वपूर्ण विभागों में बड़ी तादाद में तैनात मानदेयकर्मियों को एक दिहाड़ी मज़दूर से भी कम वेतन मिलता है. लिहाज़ा प्रदर्शनों का सिलसिला जारी है.