Assam Govt

असम के मंत्री हिमंता बिस्वा शर्मा (फोटो साभार: फेसबुक/@himantabiswasarma)

असम में बंद होंगे सरकारी मदरसे और संस्कृत विद्यालय: हिमंता बिस्वा शर्मा

असम के शिक्षा मंत्री हिमंता बिस्वा शर्मा का कहना है कि राज्य के मदरसा शिक्षा बोर्ड को भंग कर दिया जाएगा और सरकार द्वारा संचालित सभी मदरसों को उच्च विद्यालयों में तब्दील कर दिया जाएगा. उन्होंने कहा कि इसके लिए नवंबर में अधिसूचना जारी की जाएगी.

फॉरेनर्स ट्रिब्यूनल, धुबरी. (फोटो: मसूद ज़मान)

असम: सीमाई ज़िले के फॉरेनर्स ट्रिब्यूनल में मुस्लिम अधिवक्ताओं को हटाकर हिंदुओं की नियुक्ति

धर्म के आधार पर फॉरेनर्स ट्रिब्यूनल के शासकीय अधिवक्ताओं को नियुक्त करने से पहले राज्य सरकार सीमाई ज़िलों में एनआरसी से बाहर रहने वाले लोगों की दर को लेकर कई बार नाख़ुशी ज़ाहिर कर चुकी है.

असम के मुख्यमंत्री सर्बानंद सोनोवाल. (फोटो साभार: फेसबुक/Sarbananda Sonowal)

असम: तीन अलग स्वायत्त ज़िला परिषद बनाने के लिए विधेयक पारित

मार्च में बजट सत्र के आखिरी दिन मोरान स्वायत्त ज़िला परिषद विधेयक 2020, कामतापुर स्वायत्त ज़िला परिषद विधेयक 2020 और मतक स्वायत्त ज़िला परिषद विधेयक 2020 पेश किए गए थे, जिन्हें गुरुवार को पारित कर दिया गया.

ऑयल इंडिया के कुएं में लगी आग. (फोटो: पीटीआई)

सौ दिन से हो रहे गैस रिसाव में लगी आग दो और महीने जारी रह सकती हैः असम सरकार

तिनसुकिया ज़िले के बाघजान में ऑयल इंडिया लिमिटेड के एक कुएं में 27 मई से शुरू हुए गैस रिसाव में हफ्ते भर बाद आग लग गई थी, जिसे अब तक बुझाया नहीं जा सका है. वाणिज्य और उद्योग मंत्री चंद्रमोहन पटवारी ने विधानसभा में कहा कि कनाडा से विशेषज्ञों को बुलाया गया है, जिन्हें आग बुझाने में दो और महीने लग सकते हैं.

(फोटो: पीटीआई)

असम: तेल के कुएं में क़रीब दो महीने से लगी आग में फिर हुआ विस्फोट, तीन विदेशी विशेषज्ञ घायल

असम के तिनसुकिया ज़िले के बाघजान गांव में 27 मई को ऑयल इंडिया लिमिटेड के एक तेल के कुएं में हुए ब्लोआउट के बाद इससे अनियंत्रित तरीके से गैस रिसाव शुरू हुआ था. इसमें नौ जून को आग लग गई थी, जिस पर अब तक क़ाबू नहीं पाया जा सका है.

ऑयल इंडिया के कुएं में लगी आग. (फोटो: पीटीआई)

असम: तेल के कुएं में लगी आग पर नहीं पाया जा सका काबू, दो की मौत

तिनसुकिया ज़िले के बाघजान गांव में ऑयल इंडिया लिमिटेड के तेल के कुएं में मंगलवार को लगी भीषण आग में दो दमकलकर्मियों की मौत हो गई है और छह लोग घायल हुए हैं. ऑयल इंडिया ने कहा है कि इसे बुझाने में चार सप्ताह लग सकते हैं. इस कुएं से दो हफ़्तों से अनियंत्रित तरीके से गैस का रिसाव हो रहा था.

(फोटो: पीटीआई)

असम: तेल के कुएं में दो हफ़्ते से हो रहे गैस रिसाव के बाद भीषण आग, सरकार ने सेना की मदद मांगी

तिनसुकिया ज़िले के बाघजान गांव में में बीते दो सप्ताह से ऑयल इंडिया लिमिटेड के एक तेल के कुएं से अनियंत्रित तरीके से गैस रिसाव हो रहा है, जिसे बंद करने के प्रयास में यहां भीषण आग लग गई. अधिकारियों के अनुसार किसी के हताहत होने की सूचना नहीं है और आग बुझाने की कोशिश जारी है.

(फोटो साभार: ट्विटर/NE Voice)

असम: तिनसुकिया में छह दिन से हो रहा है तेल के कुएं से गैस रिसाव, 2,000 लोग विस्थापित

27 मई को तिनसुकिया के बाघजान गांव के पास ऑयल इंडिया लिमिटेड के एक तेल के कुएं में विस्फोट होने के बाद गैस रिसाव शुरू हुआ था. राज्य सरकार और कंपनी का कहना है कि इसे नियंत्रित करने के प्रयास जारी हैं. वहीं किसी भी नुकसान के डर से क्षेत्र के हज़ारों लोगों को यहां से हटाकर राहत कैंपों में पहुंचा दिया गया है.

SDRF and Fire brigade officials spray disinfectant on a bike in the wake of the coronavirus, in Nagaon. PTI Photo

असम: राज्य सरकार का केंद्र द्वारा निर्धारित ‘ज़ोन सिस्टम’ मानने से इनकार

राज्य में बनाए गए ग्रीन ज़ोन में कोरोना संक्रमण के मामले बढ़ने के बाद असम सरकार ने केंद्र को सूचित किया है कि वह परिवार एवं स्वास्थ्य कल्याण मंत्रालय द्वारा निर्धारित किए गए ‘ज़ोन सिस्टम’ को नहीं मानेंगे.

(प्रतीकात्मक फोटो: रॉयटर्स)

सुप्रीम कोर्ट ने चाय बागान के श्रमिकों को वेतन देने की याचिका पर असम सरकार से जवाब मांगा

असम संग्रामी चाह श्रमिक संघ की ओर से दाख़िल याचिका में क​हा गया है कि राज्य में 803 चाय बागान हैं, जिनमें करीब 10 लाख श्रमिक काम करते हैं. अनेक चाय बागानों के श्रमिकों को लॉकडाउन की अवधि का पारिश्रमिक नहीं दिया गया है.

(प्रतीकात्मक फोटो: रॉयटर्स)

कोविड-19: एमनेस्टी इंडिया की असम सरकार से अपील, डिटेंशन सेंटर के बंदियों को रिहा करें

कोरोना संक्रमण फैलने से रोकने के लिए राज्य सरकार ने 700 कैदियों को रिहा करने का निर्णय लिया है. इस कदम का स्वागत करते हुए एमेनस्टी इंडिया ने कहा है कि मुख्यमंत्री को यह भी सुनिश्चित करना चाहिए कि हिरासत केंद्रों में विदेशी घोषित किए गए और संदिग्ध नागरिकों को भी तत्काल रिहा किया जाए.

Guwahati: Members of Sanmilata Sangram Parishad take part in a torch light rally in protest against Citizenship Amendment Act (CAA) in Guwahati, Friday, Dec. 20, 2019. (PTI Photo)(PTI12_20_2019_000179B)

सीएए के ख़िलाफ संयुक्त राष्ट्र मानवाधिकार प्रमुख ने सुप्रीम कोर्ट में याचिका दाखिल की

संयुक्त राष्ट्र मानवाधिकार उच्चायुक्त कार्यालय द्वारा संशोधित नागरिकता कानून पर सुप्रीम कोर्ट में हस्तक्षेप याचिका दायर करने पर विदेश मंत्रालय ने कहा कि सीएए भारत का आंतरिक मामला है और यह कानून बनाने वाली भारतीय संसद के संप्रभुता के अधिकार से संबंधित है.

सुप्रीम कोर्ट (फोटो: पीटीआई)

नागरिकता क़ानून: सुप्रीम कोर्ट का रोक लगाने से इनकार, जवाब देने के लिए केंद्र को चार हफ्ते दिए

कोर्ट ने मामले की सुनवाई के लिए पांच जजों की बेंच गठित करने का संकेत दिया है. याचिकाकर्ताओं ने मांग की कि इस क़ानून को लागू करने की प्रक्रिया को टाल दिया जाए, लेकिन कोर्ट ने इस संबंध में कोई आदेश पारित नहीं किया.

सीजेआई एसए बोबडे. (फोटो: पीटीआई)

नागरिकता संशोधन कानून पर दायर याचिकाओं को हिंसा रुकने के बाद सुनेंगे: सीजेआई बोबडे

नागरिकता संशोधन कानून को संवैधानिक घोषित करने की मांग वाली एक याचिका पर सुनवाई के दौरान मुख्य न्यायाधीश एसए बोबडे ने कहा, ‘देश कठिन दौर से गुजर रहा है. हमारी कोशिश शांति बहाल करने की होनी चाहिए.’

गायक ज़ुबीन गर्ग. (फोटो साभार: फेसबुक)

नागरिकता क़ानून पर बोले गायक ज़ुबीन, असम में कश्मीर जैसी स्थिति पैदा करना चाहती है सरकार

गायक और सामाजिक कार्यकर्ता ज़ुबिन गर्ग ने कहा कि असम का यह सामाजिक-सांस्कृतिक सौहार्द कुछ ऐसा है, जिसे भाजपा पसंद नहीं करती, इसलिए नागरिकता संशोधन क़ानून के ज़रिये वे राज्य को हिंदू-मुस्लिम और असमिया-बंगाली के बीच बांटना चाहते हैं.