Corona Virus

कोरोना वायरस के मद्देनज़र लॉकडाउन के दौरान नई दिल्ली (फोटो: पीटीआई)

कोरोना वायरस: कंटेनमेंट ज़ोन में 30 जून तक लॉकडाउन, ग़ैर कंटेनमेंट ज़ोन में आठ जून से ढील

ग़ैर कंटेनमेंट ज़ोन में आठ जून से रेस्तरां, शॉपिंग मॉल और धार्मिक स्थान खुलेंगे. स्वास्थ्य मंत्रालय इसके लिए दिशानिर्देश जारी करेगा. सरकार ने लॉकडाउन 5.0 को ‘अनलॉक-1’ का नाम दिया है.

(प्रतीकात्मक फोटो: पीटीआई)

मेरठ: बंदर ले भागे कोरोना वायरस का टेस्ट सैंपल

यह घटना मेरठ मेडिकल कॉलेज की है. बंदरों ने स्वास्थ्यकर्मियों से ये सैंपल छीन लिए थे. मेडिकल कॉलेज के प्रिंसिपल ने स्पष्टीकरण देते हुए कहा है कि बंदरों के एक समूह ने जो सैंपल छीना था, वह कोरोना की जांच के लिए नहीं था.

(प्रतीकात्मक तस्वीर: पीटीआई)

लॉकडाउन: हैदराबाद से पैदल ही पश्चिम बंगाल लौट रहे प्रवासी मज़दूर की ओडिशा में मौत

एक अन्य घटना में उत्तर प्रदेश के चित्रकूट ज़िले में दिल्ली से गांव लौटे एक प्रवासी मज़दूर की घर से कुछ दूरी पर मौत हो गई. गुजरात के राजकोट शहर में घर जाने के लिए बस का इंतज़ार कर रहे एक कृषि मज़दूर की मौत वाहन की चपेट में आ जाने से हो गई.

Banda

उत्तर प्रदेश के बांदा ज़िले में क्वारंटीन सेंटर से भागकर प्रवासी मज़दूर ने फांसी लगाई

पुलिस ने बताया कि 35 वर्षीय मज़दूर छह माह पहले गुजरात के सूरत में मज़दूरी करने चले गए थे. 20 मई को वापस आने पर उन्हें उनके गांव में बने सरकारी क्वारंटीन सेंटर में ठहराया गया था.

(फोटोः पीटीआई)

कोविड-19: आरटीआई कार्यकर्ता ने उपकरणों पर हुए ख़र्च का ब्योरा मांगा, स्वास्थ्य मंत्रालय का इनकार

मुंबई के एक आरटीआई कार्यकर्ता ने केंद्र सरकार के पोर्टल पर ऑनलाइन आवेदन देकर कोविड-19 के संक्रमण को फैलने से रोकने के लिए उठाए गए क़दमों, ख़रीदे गए उपकरणों एवं सामग्रियों के नाम तथा उन पर किए गए ख़र्च का ब्योरा मांगा था.

(फोटो:पीटीआई)

कोविड-19 जांच के लिए सरकार की मंज़ूरी की ज़रूरत नहीं: गुजरात हाईकोर्ट

अहमदाबाद मेडिकल एसोसिएशन ने गुजरात सरकार के उस आदेश के ख़िलाफ़ उच्च न्यायालय का रुख़ किया है, जिसके तहत निजी डॉक्टरों और अस्पतालों को नामित स्वास्थ्य अधिकारियों की मंज़ूरी के बिना कोविड-19 की जांच की अनुमति नहीं थी.

(फोटो: रॉयटर्स)

वित्त वर्ष 2019-20 की चौथी तिमाही की वृद्धि दर घटकर 3.1 फीसदी

सरकार द्वारा जारी आंकड़ों के अनुसार, बीते वित्त वर्ष 2019-20 में जीडीपी की वृद्धि दर घटकर 11 साल के निचले स्तर 4.2 फीसदी पर पहुंच गई है.

(प्रतीकात्मक फोटो: रॉयटर्स)

लॉकडाउनः अधिकांश श्रमिक स्पेशल ट्रेनें गुजरात-महाराष्ट्र से उत्तर प्रदेश और बिहार रवाना हुईं

रेल मंत्री पीयूष गोयल ने बताया है कि श्रमिक स्पेशल ट्रेनें अब तक 50 लाख से अधिक मज़ूदरों को सुरक्षित और सुविधाजनक रूप से उनके गृह राज्यों तक पहुंचाने में सफल रही हैं.

फोटो: पीटीआई

मुज़फ़्फ़रपुर स्टेशन पर हुई महिला की मौत पर पटना हाईकोर्ट ने स्वतः संज्ञान लिया

पटना हाईकोर्ट ने सोशल मीडिया पर सामने आए एक वीडियो में मुज़फ़्फ़रपुर स्टेशन पर दिख रही मृत महिला के बारे में सरकार से जवाब मांगा है. इस बीच खगड़िया ज़िले में गुजरात से कटिहार आ रही ट्रेन में सवार एक महिला और हरियाणा के रेवाड़ी से आ रही एक ट्रेन में एक पुरुष की मौत हो गई है.

Prayagraj: Migrants wait to board buses to reach their native places after arriving via special train, during the ongoing COVID-19 lockdown, in Prayagraj, Tuesday, May 26, 2020. (PTI Photo) (PTI26-05-2020 000040B)

कोरोना वायरस महामारी 2020 के अंत तक 8.6 करोड़ बच्चों को ग़रीबी में धकेल सकती है: रिपोर्ट

यूनिसेफ और मानवतावादी संगठन ‘सेव द चिल्ड्रेन’ के संयुक्त अध्ययन में कहा गया है कि यदि महामारी के कारण होने वाली वित्तीय कठिनाइयों से परिवारों को बचाने के लिए तत्काल कार्रवाई नहीं की गई तो कम और मध्यम आय वाले देशों में ग़रीबी रेखा से नीचे रहने वाले बच्चों की कुल संख्या वर्ष के अंत तक 67.2 करोड़ तक पहुंच सकती है.

Lingamapally: Migrants board a special train for Hatia in Jharkhand, amid the nationwide lockdown, at Lingampally Station in Telangana, early Friday morning, May 1, 2020. This was the first special train to transport the stranded migrants. The 24-coach train, which usually seats 72 people in a compartment, contained only 54 people in each in accordance with social distancing guidelines. (PTI Photo)  (PTI01-05-2020_000217B) *** Local Caption ***

झारखंडः मज़दूर ने ट्रेन में खाना न मिलने की शिकायत की तो अधिकारी बोले- ट्रेन से कूद जाओ

झारखंड के एक प्रवासी मज़दूर और राज्य के एक वरिष्ठ आईएएस अधिकारी एपी सिंह की बातचीत का कथित ऑडियो क्लिप सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है. हालांकि अधिकारी का कहना है कि यह बात उन्होंने दूसरे संदर्भ में कही थी.

इस घटना के विरोध में जोधपुर के मेडिकल कर्मचारी इंसाफ की मांग को लेकर लगातार प्रदर्शन कर रहे हैं. (फोटो साभार: फेसबुक)

कोरोना हॉटस्पॉट जोन में आने से एम्स जोधपुर ने अपने ही डॉक्टर की पत्नी को नहीं किया भर्ती

जोधपुर एम्स के वरिष्ठ नर्सिंग अधिकारी नरेश कुमार स्वामी कोरोना हॉटस्पॉट ज़ोन में रहते हैं. बीते 17 मई को रक्तस्राव के बाद वे अपनी गर्भवती पत्नी को एम्स ले गए थे. आरोप है कि अस्पताल ने कोविड-19 नीति का हवाला देते हुए भर्ती करने से मना कर दिया था. इलाज में देरी के चलते उनकी पत्नी का गर्भपात करना पड़ा.

(फोटो साभार: फेसबुक/Pinkalpesh N.)

गुजरात: कोविड मृतकों के परिजनों ने अहमदाबाद सिविल अस्पताल पर लगाया लापरवाही का आरोप

अहमदाबाद सिविल अस्पताल एशिया का सबसे बड़ा सरकारी अस्पताल माना जाता है. हाल ही में गुजरात हाईकोर्ट ने सिविल अस्पताल को कालकोठरी से भी बदतर बताया था.

Sonipat: A migrant waits for a means of transport to travel to his native place during the fourth phase of the ongoing COVID-19 nationwide lockdown, at Kundali Industrial Area in Sonipat, Monday, May 18, 2020. (PTI Photo/Atul Yadav)(PTI18-05-2020_000211B)

क्या दिल्ली से लेकर गुजरात तक हाईकोर्ट की पीठ में बदलाव का उद्देश्य सरकारों को बचाना है?

कोरोना महामारी को लेकर अस्पतालों की दयनीय हालत और राज्य की स्वास्थ्य अव्यस्थताओं पर गुजरात सरकार को फटकार लगाने वाली हाईकोर्ट की पीठ में अचानक बदलाव किए जाने से एक बार फिर ‘मास्टर ऑफ रोस्टर’ की भूमिका सवालों के घेरे में है.

(फोटो साभार: फेस ऑफ नेशन वेबसाइट)

गुजरात: राजद्रोह मामले में गिरफ़्तार पत्रकार के ख़िलाफ़ आरोप सिद्ध नहीं, ज़मानत मिली

बीते 11 मई को एक गुजराती समाचार पोर्टल के संपादक को मुख्यमंत्री विजय रूपाणी को पद से हटाए जाने की अटकलों पर प्रकाशित एक ख़बर के लिए राजद्रोह के आरोप में मामला दर्ज करते हुए हिरासत में लिया गया था. स्थानीय अदालत ने कहा है कि पुलिस द्वारा दिए गए दस्तावेज पढ़ने पर ऐसा कोई गंभीर अपराध नहीं दिखता.