Delhi Violence

(फोटोः रॉयटर्स)

ऐसा प्रतीत होता है कि दिल्ली दंगों में फेसबुक की भूमिका थीः दिल्ली विधानसभा समिति

शांति और सद्भाव पर दिल्ली विधानसभा की समिति के अध्यक्ष राघव चड्ढा ने कहा है कि दिल्ली दंगों की जांच में फेसबुक को सह-अभियुक्त की तरह मानना चाहिए और उसकी जांच होनी चाहिए. समिति ने हिंसा फैलाने में वॉट्सएप की भूमिका की जांच करने का भी ऐलान किया है.

(फोटो: पीटीआई)

दिल्ली दंगे की चश्मदीद ने पुलिस पर लगाया धमकाने का आरोप, बच्चों के लिए मांगी सुरक्षा

दिल्ली के चांदबाग इलाके की रहने वाली दंगा पीड़ित महिला का आरोप है कि उन्होंने दिल्ली पुलिस के ख़िलाफ़ शिकायत दर्ज करवाई थी, इसलिए पुलिस अब बदले की भावना से कार्रवाई कर रही है.

(फोटो: पीटीआई)

दिल्ली हिंसा: जांच संबंधी जानकारी मीडिया में लीक करने पर पुलिस को हाईकोर्ट का नोटिस

दिल्ली हिंसा संबंधी मामले में गिरफ़्तार हुए जामिया के एक छात्र ने आरोप लगाया है कि पुलिस संवेदनशील जानकारी मीडिया को लीक कर रही है. उनकी याचिका पर हाईकोर्ट ने दिल्ली पुलिस के साथ कुछ मीडिया संगठनों को नोटिस जारी कर जवाब मांगा है.

(फोटो: पीटीआई)

दिल्ली दंगा: चुनाव आयोग पर पुलिस से मतदाता सूची साझा करने का आरोप, आयोग ने किया इनकार

चुनाव आयोग ने एक स्पष्टीकरण जारी कर कहा कि वे अन्य सरकारी विभागों के साथ मतदाता सूची और फोटो परिचय पत्र साझा करने के साल 2008 के अपने दिशा-निर्देशों से किसी भी तरह नहीं भटका है.

(फोटो: पीटीआई)

दिल्ली दंगों की साज़िश तो ज़रूर रची गई, लेकिन वैसी नहीं जैसी पुलिस कह रही है

फरवरी महीने में हुए दंगे और उसके बाद हुई ‘जांच’ का मक़सद सीएए विरोधी प्रदर्शनकारियों को दिल्ली में हुई सांप्रदायिक हिंसा के लिए ज़िम्मेदार ठहराना है, जिससे उनके आंदोलन को बदनाम किया जा सके. साथ ही भविष्य में ऐसा कोई प्रदर्शन करने के बारे में आम नागरिकों में डर बैठाया जा सके.

दिल्ली विश्वविद्यालय के प्रोफेसर अपूर्वानंद. (फोटो साभार: यूट्यूब/Bytes Today)

दिल्ली दंगा: साज़िशों के जाल में प्रोफेसर अपूर्वानंद को फंसाने की कोशिशें

दिल्ली दंगों संबंधी मामले में दिल्ली यूनिवर्सिटी के प्रोफेसर अपूर्वानंद से पूछताछ के बाद कई मीडिया रिपोर्ट्स में दिल्ली पुलिस द्वारा लीक जानकारी के आधार पर उन्हें ‘दंगों का मास्टरमाइंड’ कहा गया. प्रामाणिक तथ्यों के बिना आ रही ऐसी ख़बरों का मक़सद केवल उनकी छवि धूमिल कर उनके ख़िलाफ़ माहौल बनाना लगता है.

(फोटो: रॉयटर्स)

दिल्ली दंगा: दोहरे मानदंडों और पक्षपातपूर्ण कार्रवाई की कहानी

दिल्ली हिंसा से जुड़े मामलों में दिल्ली पुलिस के पक्षपाती रवैये को लेकर लगातार उंगलियां उठीं. इस धारणा को इसलिए भी बल मिला क्योंकि पुलिस ने गिरफ़्तार किए गए लोगों के बारे में अधिक जानकारी सार्वजनिक करने से इनकार कर दिया.

ताहिर हुसैन. (फोटो: द वायर/वीडियोग्रैब)

दिल्ली पुलिस के पास ताहिर हुसैन को दंगों से जोड़ने का कोई सबूत नहीं: वकील

बीते दिनों दिल्ली पुलिस ने दावा किया कि पूर्व आप पार्षद ताहिर हुसैन ने उत्तर-पूर्वी दिल्ली में हुए दंगों में शामिल होने की बात स्वीकार ली है. हुसैन के वकील जावेद अली का कहना है कि उनके मुवक्किल ने कभी इस तरह का कोई बयान नहीं दिया. पुलिस के पास अपने दावों की पुष्टि के लिए कोई साक्ष्य नहीं हैं.

आम आदमी पार्टी के पूर्व पार्षद ताहिर हुसैन. (बीच में) (फाइल फोटो: पीटीआई)

दिल्ली दंगा: ताहिर हुसैन की ‘साज़िशें’ और अंकित शर्मा की हत्या की पहेली

दिल्ली पुलिस द्वारा आम आदमी पार्टी के पूर्व पार्षद ताहिर हुसैन को दिल्ली दंगों के मुख्य साज़िशकर्ता के रूप में पेश किया गया है. हालांकि इस पूरे मामले में हुसैन की भूमिका से जुड़े तथ्य किसी और तरफ ही इशारा करते हैं.

दिल्ली विश्वविद्यालय के प्रोफेसर और राजनीतिक विचारक अपूर्वानंद.

दिल्ली दंगा: प्रोफेसर अपूर्वानंद से पुलिस ने पांच घंटे पूछताछ की, मोबाइल ज़ब्त

दिल्ली विश्वविद्यालय के प्रोफेसर अपूर्वानंद ने बताया कि दिल्ली दंगों के मामले में उनसे पूछताछ की गई. उन्होंने यह भी कहा कि यह परेशान करने वाली बात है कि एक ऐसा सिद्धांत रचा जा रहा है जहां प्रदर्शनकारियों को ही हिंसा का स्रोत बताया जा रहा है. उम्मीद करता हूं कि जांच पूरी तरह से निष्पक्ष और न्यायसंगत हो.

उमर खालिद. (फोटो साभार: फेसबुक/@MuhammedSalih)

दिल्ली दंगा: जेएनयू के पूर्व छात्र उमर खालिद से पूछताछ, मोबाइल ज़ब्त

दिल्ली पुलिस ने फरवरी में दिल्ली में हुए दंगों की कथित साज़िश को लेकर उमर खालिद पर गंभीर आरोप लगाए हैं. खालिद ने सभी आरोपों को ख़ारिज़ करते हुए कहा कि दंगों के लिए वास्तव में ज़िम्मेदार लोगों को पकड़ने के बजाय सांप्रदायिक सद्भाव के लिए काम करने वाले संगठनों और व्यक्तियों को फंसाया जा रहा है.

(फोटो: पीटीआई)

दिल्ली दंगा: ‘गिरफ़्तारियों से हिंदुओं में आक्रोश’ वाले पत्र पर कोर्ट ने अधिकारी से जवाब मांगा

दिल्ली दंगा मामलों में की जा रही जांच और गिरफ़्तारियों के बीच विशेष पुलिस आयुक्त ने एक आदेश में कहा था कि दंगा प्रभावित क्षेत्रों में कुछ हिंदू युवकों की हिरासत में लिए जाने से समुदाय में आक्रोश है. हाईकोर्ट ने उनके स्पष्टीकरण देने पर उनसे ऐसे पांच और आदेश पेश करने को कहा है, जहां पहले ऐसे निर्देश दिए गए हों.

(फाइल फोटो: रॉयटर्स)

दिल्ली दंगा: एलजी के आदेश पर पैरवी के लिए सॉलिसिटर जनरल तुषार मेहता समेत छह वकील नियुक्त

दिल्ली सरकार ने इससे पहले दिल्ली पुलिस द्वारा सुझाए गए वकीलों के नामों को स्वीकार करने से मना कर दिया था. उपराज्यपाल अनिल बैजल ने सरकार के आदेश को ख़ारिज करते हुए पुलिस द्वारा भेजे गए वकीलों के नाम स्वीकार करने को कहा.

(फोटो: पीटीआई)

दिल्ली दंगे: जब राजधानी हिंसा की आग में जल रही थी, तब गृह मंत्री और मंत्रालय क्या कर रहे थे? 

फरवरी के आख़िरी हफ्ते में उत्तर-पूर्वी दिल्ली में जो कुछ भी हुआ, उसकी प्रमुख वजहों में से एक केंद्रीय बलों को तैनात करने में हुई देरी है. साथ ही गृह मंत्री का यह दावा कि हिंसा 25 फरवरी को रात 11 बजे तक ख़त्म हो गई थी, तथ्यों पर खरा नहीं उतरता.

(फोटो: पीटीआई)

दिल्ली दंगा: वकीलों की नियुक्ति के संबंध में दिल्ली सरकार ने पुलिस का प्रस्ताव ख़ारिज किया

दिल्ली मंत्रिमंडल की बैठक में वकीलों की नियुक्ति के संबंध में दिल्ली पुलिस के प्रस्ताव को नामंज़ूर करते हुए कहा कि दंगा मामले में पुलिस की जांच को अदालत ने निष्पक्ष नहीं पाया है, इसलिए पुलिस के पैनल को मंज़ूरी दी गई, तो मामलों की निष्पक्ष सुनवाई नहीं हो पाएगी.