Gujarat Model

जब वोट धर्म के नाम पर पड़ना है तो अस्पतालों को ठीक करने की मेहनत कोई क्यों करे

पिछले साल कोरोना वायरस के कारण गुजरात के अस्पतालों के बाहर जो हाहाकर मचा था, उसकी ख़बरें देश को कम पता चलीं. इस साल भी हाहाकार मचा है. जिस राज्य की जनता ने नरेंद्र मोदी को इतना प्यार किया वह बिलख रही है और प्रधानमंत्री बंगाल में गुजरात मॉडल बेच रहे हैं.

स्वास्थ्य और शिक्षा के क्षेत्र में पिछड़ा है गुजरात: नीति आयोग

नीति आयोग उपाध्यक्ष राजीव कुमार ने कहा, ‘शिक्षा एवं स्वास्थ्य के क्षेत्र में गुजरात की उपलब्धियां उसकी अन्य क्षेत्रों की उपलब्धियों की तरह नहीं हैं.’

मोदी का गुजरात मॉडल एक झूठ है: राहुल गांधी

गुजरात दौरे पर गए कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी ने सोमनाथ मंदिर में पूजा की. भाजपा ने राहुल पर सत्ता पाने के लिए घटिया बयानबाज़ी करने का आरोप लगाया.

मोदीजी का जो मॉडल है उसकी मार्केटिंग बहुत अच्छी है पर अंदर से खोखला है: राहुल

कांग्रेस अध्यक्ष ने मोदी की विश्वसनीयता पर सवाल उठाते हुए कहा, गुजरात ने मुझे सिखाया कि क्रोध, धन और बल को आप प्यार और भाईचारे से टक्कर दे सकते हैं.

गुजरात राज्य पेट्रोलियम कॉरपोरेशन में 30,651 करोड़ का घोटाला: कांग्रेस

सरकारी खजाने को 19,576 करोड़ का लगाया चूना. नजदीकी अधिकारियों को नवाजे गए ऊंचे पद. विदेशी मुद्रा के नाम पर 10,651 करोड़ बाहर ले जाया गया और गुम हो गया.

गुजरात विधानसभा चुनाव: मोरबी में पाटीदार बिगाड़ सकते हैं भाजपा का खेल

ग्राउंड रिपोर्ट: मोरबी शहर पाटीदार नेता हार्दिक पटेल और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के बीच राजनीतिक अखाड़ा बन गया है.

गुजरात किसी भी पैमाने पर कोई मॉडल नहीं है: अर्थशास्त्री ज्यां द्रेज

मनरेगा का मसौदा तैयार करने वाले अर्थशास्त्री ने कहा, आप विकास सूचकों की किसी भी रैंकिंग, गरीबी सूचकांक देखिए, गुजरात लगभग हमेशा बीच के आसपास ही रहा है.

मोदी जी के लिए प्रधानमंत्री होना चुनावी दौरों के बीच का ‘इंटरवल’ है

लगता है कि घोषणा रस में विह्वल प्रधानमंत्री जी भूल गए कि वे दिल्ली में एक संवैधानिक सरकार चलाते हैं कोई दरबार-ए-ख़ास नहीं कि जिसे जी चाहा अशर्फ़ियों से लाद दिया और जिसे जी चाहा कालकोठरी में डाल दिया.

गुजरात चुनाव सिर पर है और विकास अवकाश पर है

मेरे किसान भाइयों! तुम्हें तो अब ख़ुदकुशी भी करने की ज़रूरत नहीं है. सरकार आजकल तुम्हें ख़ुद गोली मार देती है. चलो इस बहाने ज़हर का ख़र्चा भी ख़त्म हुआ.

गुजरात मॉडल सिर्फ आंकड़ों की हेराफेरी है: पूर्व मुख्यमंत्री सुरेश मेहता

साक्षात्कार: गुजरात के पूर्व सीएम सुरेश मेहता के अनुसार, मोदी ने ‘वाइब्रेंट गुजरात’ को प्रोपेगेंडा में बदल दिया. बढ़ते क़र्ज़ व स्पष्ट नीतियों के बिना गुजरात रसातल में चला गया है.