J&K Public Safety Act

**FILE PHOTO** Jammu: In this file photo dated March 4, 2017, Jammu and Kashmir Chief Minister Mehbooba Mufti looks on during the Red Cross Mela at Gulshan Ground in Jammu. BJP on Tuesday, June 19, 2018, has pulled out of the alliance government with Mehbooba Mufti-led People's Democratic Party in Jammu & Kashmir. (PTI Photo) (PTI6_19_2018_000085B)

जम्मू कश्मीरः पीएसए के तहत महबूबा मुफ़्ती की हिरासत अवधि तीन महीने बढ़ाई गई

केंद्र सरकार द्वारा पिछले साल पांच अगस्त को जम्मू कश्मीर का विशेष राज्य का दर्जा ख़त्म जाने के बाद से ही जम्मू कश्मीर की पूर्व मुख्यमंत्री महबूबा मुफ़्ती नज़रबंद हैं.

उमर अब्दुल्ला. (फोटो साभार: फेसबुक/@Omar-Abdullah)

जब तक जम्मू कश्मीर केंद्रशासित प्रदेश रहेगा, विधानसभा चुनाव नहीं लडूंगा: उमर अब्दुल्ला

नेशनल कॉन्फ्रेंस के नेता उमर अब्दुल्ला ने कहा कि जम्मू कश्मीर का विशेष दर्जा ख़त्म करते हुए दलील दी गई थी कि अनुच्छेद 370 के कारण राज्य में आतंकी घटनाओं में बढ़ोतरी हुई है. अगर ऐसा ही था तो एक साल बाद केंद्र सरकार सुप्रीम कोर्ट में ये क्यों कह रही है कि यहां हिंसा बढ़ी है.

**FILE PHOTO** Jammu: In this file photo dated January 27, 2017, Jammu and Kashmir Chief Minister Mehbooba Mufti during the Budget Session of the J-K Legislative Assembly in Jammu. BJP on Tuesday, June 19, 2018, decided to pull out of the alliance government with Mehbooba Mufti-led People's Democratic Party in Jammu & Kashmir. (PTI Photo) (PTI6_19_2018_000077B)

पीएसए के तहत महबूबा मुफ्ती की हिरासत अवधि तीन महीने बढ़ाई गई

जन सुरक्षा कानून के तहत आरोपी बनाए गए नेशनल कॉन्फ्रेंस के अली मोहम्मद सागर और पीडीपी नेता सरताज मदनी की नजरबंदी भी तीन महीने बढ़ा दी गई है. जम्मू कश्मीर की पूर्व मुख्यमंत्री महबूबा मुफ्ती की तरह उन्होंने भी नजरबंदी में नौ महीने बिताए हैं.

Srinagar: Security personnel stand guard during restrictions and shutdown, in Srinagar, Thursday, Sept. 26, 2019. Normal life remained affected on 53rd consecutive day since 5th August due to restrictions and shutdown, after centre abrogated Article 370 and bifurcated Jammu and Kashmir into two union territories. (PTI Photo/S. Irfan)(PTI9_26_2019_000082B)

जम्मू कश्मीर: प्रशासन ने 28 लोगों पर से पीएसए हटाया, महबूबा मुफ्ती अभी भी हिरासत में

अधिकारियों ने कहा कि जिन लोगों पर से जन सुरक्षा कानून हटाया गया है, उनमें एक प्रमुख व्यक्ति कश्मीर व्यापार एवं विनिर्माण संघ और कश्मीर इकोनॉमिक अलायंस के मुखिया का नाम भी शामिल है.

(फोटो: रॉयटर्स)

जम्मू कश्मीर: 31 लोगों पर से पीएसए हटा, महबूबा मुफ्ती की रिहाई की मांग तेज़

जम्मू कश्मीर प्रशासन द्वारा श्रीनगर की सेंट्रल जेल में पीएसए के तहत बंद 14 कैदियों की रिहाई समेत कुल 31 कैदियों पर लगा पीएसए हटाया गया है.

नेशनल कॉन्फ्रेंस के नेता और जम्मू कश्मीर के पूर्व मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला. (फोटो: पीटीआई)

जम्मू कश्मीर: उमर अब्दुल्ला लगभग आठ महीने बाद हिरासत से रिहा

पिछले साल पांच अगस्त को जम्मू कश्मीर का विशेष दर्जा खत्म किए जाने के बाद से उमर अब्दुल्ला ने 232 दिन हिरासत में गुजारे. इससे पहले फारूक अब्दुल्ला को 13 मार्च को रिहा कर दिया गया था. हालांकि पूर्व मुख्यमंत्री महबूबा मुफ्ती को अभी भी जन सुरक्षा कानून के तहत हिरासत में रखा गया है.

नेशनल कॉन्फ्रेंस के नेता और जम्मू कश्मीर के पूर्व मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला. (फोटो: पीटीआई)

केंद्र और जम्मू कश्मीर अगले हफ़्ते बताएं कि क्या उमर अब्दुल्ला रिहा हो रहे हैं: सुप्रीम कोर्ट

संविधान के अनुच्छेद 370 के अधिकतर प्रावधान हटाते हुए जम्मू कश्मीर का विशेष दर्जा ख़त्म करने के केंद्र सरकार के पिछले साल पांच अगस्त के फैसले के बाद से ही पूर्व मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला हिरासत में हैं.

नेशनल कॉन्फ्रेंस प्रमुख फारुक अब्दुल्ला और कांग्रेस नेता गुलाम नबी आज़ाद (फोटोः पीटीआई)

फ़ारूक़ अब्‍दुल्‍ला से मिले गुलाम नबी आज़ाद, कहा- जम्मू कश्मीर का पुराना दर्जा वापस हो

कांग्रेस महासचिव और राज्यसभा में विपक्ष के नेता गुलाम नबी आज़ाद ने सात महीने से अधिक समय तक नज़रबंद रखे जाने के बाद रिहा किए गए फ़ारूक़ अब्दुल्ला से मुलाकात के बाद कहा कि जम्मू कश्मीर की प्रगति के लिए अन्य नेताओं को भी रिहा किया जाना चाहिए और उन्हें पिंजड़े में तोते की तरह नहीं रखना चाहिए.

Srinagar: Jammu and Kashmir National Conference President Farooq Abdullah during an interview with the PTI, in Srinagar on Sunday, July 29, 2018. (PTI Photo/S Irfan) (STORY DEL20)(PTI7_29_2018_000055B)

जम्मू कश्मीर: रिहा होंगे फ़ारूक़ अब्दुल्ला, सरकार ने पीएसए हटाया

केंद्र सरकार द्वारा जम्मू कश्मीर का विशेष दर्जा ख़त्म करने और इसे दो राज्यों में बांटने के फैसले के बाद पिछले सात महीने से ज़्यादा समय से पूर्व मुख्यमंत्री फ़ारूक़ अब्दुल्ला हिरासत में थे.

(फोटो साभार: एएनआई)

विशेष राज्य का दर्जा ख़त्म करने के बाद से जम्मू कश्मीर में 451 लोग हिरासत में: सरकार

गृह राज्य मंत्री जी. किशन रेड्डी ने राज्यसभा में बताया कि जम्मू कश्मीर से विशेष राज्य का दर्जा हटाने के बाद 396 लोगों को जन सुरक्षा क़ानून के तहत मामला दर्ज किया गया है.

नेशनल कॉन्फ्रेंस के अध्यक्ष फ़ारूक़ अब्दुल्ला. (फोटो: पीटीआई)

फारूक अब्दुल्ला की हिरासत अवधि जन सुरक्षा कानून के तहत तीन महीने और बढ़ी

जन सुरक्षा कानून के तहत किसी भी व्यक्ति को बिना किसी सुनवाई के तीन महीने से दो साल तक हिरासत में रखा जा सकता है.

उमर अब्दुल्ला, सफिया अब्दुल्ला और फ़ारूक़ अब्दुल्ला (फोटो: फाइल/ट्विटर)

उमर और फ़ारूक़ छला हुआ महसूस कर रहे हैं, वे चुप नहीं बैठेंगे: सफ़िया अब्दुल्ला

द वायर के साथ एक विशेष साक्षात्कार में सफ़िया अब्दुल्ला ख़ान ने बताया कि उनके पिता फ़ारूक़ अब्दुल्ला पर पीएसए लगाए जाने से पूरा परिवार हैरान है.

Jammu: Army personnel patrol a street during a curfew, imposed after clashes between two communities over the protest against the Pulwama terror attack, in Jammu, Saturday, Feb. 16, 2019. (PTI Photo)(PTI2_16_2019_000057B)

जम्मू कश्मीर: अंतरराष्ट्रीय मानवाधिकार संगठन को प्रेस कॉन्फ्रेंस की नहीं मिली इजाज़त

मानवाधिकार संगठन एमनेस्टी इंटरनेशनल को जम्मू कश्मीर जन सुरक्षा अधिनियम (पीएसए) के कथित दुरुपयोग पर रिपोर्ट जारी करने के लिए प्रशासन द्वारा श्रीनगर में प्रेस वार्ता की अनुमति नहीं दी गई. संगठन ने राज्य में 42 साल से लागू इस क़ानून को ख़त्म करने की मांग की है.