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उमर ख़ालिद और कन्हैया कुमार. (फोटो: पीटीआई)

जेएनयू राजद्रोह मामलाः अदालत ने कन्हैया कुमार व अन्य को 15 मार्च को तलब किया

2016 के जेएनयू राजद्रोह मामले में दिल्ली सरकार द्वारा पुलिस को आरोपियों के ख़िलाफ़ मुक़दमे की मंज़ूरी देने के क़रीब साल भर बाद मुख्य मेट्रोपोलिटन मजिस्ट्रेट ने आरोपपत्र का संज्ञान लिया है. कन्हैया कुमार के अलावा मामले में उमर खालिद और अनिर्बान भट्टाचार्य पर देश विरोधी नारे लगाने का आरोप है.

**EDS: TWITTER IMAGE RELEASED BY @JNUSUofficial , JAN. 5, 2020** New Delhi: Masked miscreants armed with sticks roaming around campus, at JNU, New Delhi, Sunday. (PTI Photo) (PTI1_5_2020_000172B)

जेएनयू हिंसा का एक साल: न कोई गिरफ़्तारी न चार्जशीट, यूनिवर्सिटी प्रशासन ने रोकी आंतरिक जांच

पांच जनवरी 2020 की शाम जेएनयू परिसर में लाठियों से लैस कुछ नक़ाबपोश लोगों ने छात्रों और शिक्षकों पर हमला किया था और परिसर में संपत्ति को नुकसान पहुंचाया था. जेएनयू छात्रसंघ ने एबीवीपी के सदस्यों पर हिंसा का आरोप लगाया था, वहीं एबीवीपी ने लेफ्ट छात्र संगठनों द्वारा हमले की बात कही थी.

New Delhi: Delhi police vehicles are seen parked at admin block of JNU Campus in New Delhi, Monday, Jan. 13, 2020. A team of Delhi Police's Crime branch on Monday visited the Jawaharlal Nehru University and questioned three students, including Aishe Ghosh in connection with the January 5 violence on the varsity's campus. (PTI Photo/Ravi Choudhary)(PTI1_13_2020_000146B)

जेएनयू हॉस्टल में ‘ग़ैरक़ानूनी’ रूप से घुसने के लिए छात्र-छात्राओं पर 2,000 रुपये का जुर्माना

इस साल मार्च महीने में कोविड-19 के कारण देशव्यापी लॉकडाउन के दौरान छात्र अपने गृहनगर वापस चले गए थे, लेकिन सितंबर से सभी छात्रों के चरणबद्ध तरीके से पुन: प्रवेश की मांग के बाद भी उन्हें कैंपस लौटने की अनुमति नहीं दी गई. ऐसे विद्यार्थी जो वापस आकर हॉस्टल में रहने लगे हैं, उन पर यह जुर्माना लगाया है.

05 जनवरी 2020 की रात जेएनयू के गेट पर तैनात पुलिस. (फोटो: रॉयटर्स)

जेएनयू हिंसा मामले में दिल्ली पुलिस ने ख़ुद को क्लीन चिट दी

पांच जनवरी को जेएनयू परिसर में नक़ाबपोशों द्वारा हुए हमले के घटनाक्रम और स्थानीय पुलिस की लापरवाही को लेकर गठित दिल्ली पुलिस की एक फैक्ट फाइंडिंग कमेटी ने अपनी रिपोर्ट में कहा है कि उस दिन कैंपस में माहौल ठीक नहीं था, लेकिन पुलिस के हस्तक्षेप के बाद स्थिति नियंत्रण में आ गई थी.

कन्हैया कुमार (फोटो: पीटीआई)

कन्हैया कुमार की नागरिकता ख़त्म करने की मांग वाली याचिका ख़ारिज, 25,000 का जुर्माना लगा

इलाहाबाद हाईकोर्ट ने याचिका ख़ारिज करते हुए कहा कि इस महामारी के बीच जब कोर्ट सीमित स्टाफ के साथ काम कर रही है तो इस तरह की याचिका दायर कर कोर्ट का बहुमूल्य समय नष्ट किया जा रहा है.

(फोटो: ट्विटर/@aishe_ghosh)

जेएनयू की एक सड़क का नाम ‘सावरकर मार्ग’ किया गया, छात्र संघ ने बताया शर्मनाक

जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय छात्र संघ की अध्यक्ष ओईशी घोष ने कहा कि यह जेएनयू की विरासत के लिए शर्मनाक है कि इस विश्वविद्यालय में इस आदमी का नाम डाल दिया गया है.

कन्हैया कुमार. (फोटो: फेसबुक/kanhaiya.kumar)

जेएनयू राजद्रोह मामला: दिल्ली सरकार ने कन्हैया कुमार पर मुकदमा चलाने की मंजूरी दी

दिल्ली पुलिस ने जेएनयू परिसर में नौ फरवरी 2016 को आयोजित एक कार्यक्रम के दौरान कथित तौर पर भारत विरोधी नारे लगाने के लिए जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय छात्रसंघ के पूर्व अध्यक्ष कन्हैया कुमार समेत पूर्व छात्रों उमर ख़ालिद तथा अनिर्बान भट्टाचार्य के ख़िलाफ़ भी आरोप-पत्र दाख़िल किया था.

(फोटो: द वायर)

जेएनयू हिंसा: एक महीने बाद भी कार्रवाई न होने पर शिक्षकों का पुलिस हेडक्वार्टर पर प्रदर्शन

जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय शिक्षक संघ ने दिल्ली पुलिस कमिश्नर को एक पत्र लिखकर जल्द से जल्द कार्रवाई की मांग की है. शिक्षक संघ के अध्यक्ष डीके लोबियाल ने कहा कि जब तक निष्पक्ष जांच नहीं होगी और दोषी पकड़े नहीं जाएंगे तब तक विरोध प्रदर्शन जारी रहेगा.

New Delhi: Delhi police vehicles are seen parked at admin block of JNU Campus in New Delhi, Monday, Jan. 13, 2020. A team of Delhi Police's Crime branch on Monday visited the Jawaharlal Nehru University and questioned three students, including Aishe Ghosh in connection with the January 5 violence on the varsity's campus. (PTI Photo/Ravi Choudhary)(PTI1_13_2020_000146B)

जेएनयूः दिल्ली हाईकोर्ट ने कहा, पुराने हॉस्टल नियमों के आधार पर हो छात्रों का रजिस्ट्रेशन

जवाहरलाल नेहरू यूनिवर्सिटी की छात्रसंघ अध्यक्ष ओइशी घोष ने दिल्ली हाईकोर्ट में याचिका दायर कर कहा है कि छात्रों को पुराने फीस स्ट्रक्चर पर ही शीतकालीन सत्र 2020 के लिए रजिस्ट्रेशन कराने के निर्देश दिए जाएं.

New Delhi: JNU students gather at the entrance gate of the Jawahar Lal University before leaving for their protest march from Mandi House to HRD Ministry, demanding removal of the university vice-chancellor, in New Delhi, Thursday, Jan. 9, 2020. (PTI Photo) (PTI1_9_2020_000199B)

जेएनयू में हिंसा से पहले सर्वर रूम में सीसीटीवी कैमरे नहीं तोड़े गए थेः आरटीआई

आरटीआई में हुआ ये खुलासा जेएनयू प्रशासन के उन दावों के विपरीत है, जिनमें कहा गया था कि छात्रों ने तीन जनवरी को बायोमीट्रिक प्रणाली और सीसीटीवी कैमरों को तोड़ दिया था. पांच जनवरी को हुई हिंसा के बाद प्रशासन ने छात्रसंघ अध्यक्ष ओइशी घोष और अन्य छात्रों के ख़िलाफ़ सर्वर रूम में तोड़फोड़ करने के आरोप में केस दर्ज कराया था.

New Delhi: JNU Students' Union president Aishe Ghosh during her address to media personnel after a meeting with HRD Secretrary Amit Khare, in New Delhi, Friday, Jan. 10, 2020. (PTI Photo/Arun Sharma)(PTI1_10_2020_000111B)

जेएनयू छात्रसंघ ने नए हॉस्टल नियमों के ख़िलाफ़ दिल्ली हाईकोर्ट में याचिका दायर की

जेएनयू छात्रसंघ ने दिल्ली हाईकोर्ट से हॉस्टल नियमावली में बदलाव और सेमेस्टर रजिस्ट्रेशन में देरी पर फाइन सहित हॉस्टल प्रशासन द्वारा नियमों में किए गए बदलावों पर रोक लगाने की अपील की है.

बीते पांच जनवरी को जेएनूय हिंसा से जुड़े कथित वीडियो में नजर आई युवती, जिसके बारे में दिल्ली पुलिस ने कहा है कि ये दिल्ली विश्वविद्यालय की छात्रा हैं और एबीवीपी से जुड़ी हुई हैं. (फोटो साभार: ट्विटर)

जेएनयू हिंसाः दिल्ली पुलिस ने की पुष्टि, नकाबपोश महिला एबीवीपी की सदस्य कोमल शर्मा हैं

अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद की दिल्ली इकाई के सचिव सिद्धार्थ यादव ने स्वीकार किया कि कोमल शर्मा उनके संगठन की कार्यकर्ता हैं. हालांकि उन्होंने कहा कि हमारा उनसे संपर्क नहीं हो पाया है.

प्रोफेसर सुचारिता सेन. (फोटो: द वायर)

‘जेएनयू में हम असहमत होते हैं, बहस-विरोध करते हैं लेकिन हिंसा नहीं करते’

साक्षात्कार: जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय में पांच जनवरी को नकाबपोश हमलावरों द्वारा की गई हिंसा में 30 से अधिक छात्र घायल हुए थे, साथ ही कई शिक्षक भी चोटिल हुए थे. इनमें से एक प्रोफेसर सुचारिता सेन थीं. जेएनयू के इस घटनाक्रम पर सुचारिता सेन से रीतू तोमर की बातचीत.

New Delhi: Delhi police vehicles are seen parked at admin block of JNU Campus in New Delhi, Monday, Jan. 13, 2020. A team of Delhi Police's Crime branch on Monday visited the Jawaharlal Nehru University and questioned three students, including Aishe Ghosh in connection with the January 5 violence on the varsity's campus. (PTI Photo/Ravi Choudhary)(PTI1_13_2020_000146B)

जेएनयू फीस बढ़ोतरी का मामला सुलझा, छात्रों का प्रदर्शन सही नहींः एचआरडी मंत्री

मानव संसाधन विकास मंत्री रमेश पोखरियल निशंक ने कहा कि मंत्रालय ने सभी हितधारकों के साथ बातचीत के ज़रिये जेएनयू के सामान्य कामकाज को बहाल करने की उच्चस्तरीय समिति गठित की है और विवादास्पद मुद्दों के समाधान के लिए विश्वविद्यालय प्रशासन को सलाह दी है.

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जेएनयू वीसी के विरोध में अर्थशास्त्री अमित भादुड़ी ने एमेरिटस प्रोफेसर के पद से इस्तीफा दिया

प्रोफेसर भादुड़ी ने वीसी को पत्र लिखकर कहा, ‘मौजूदा माहौल को देखकर मुझे काफी पीड़ा होती है. लेकिन मुझे लगता है कि बिना विरोध दर्ज कराए इस पूरे घटनाक्रम का मूक दर्शक बने रहना मेरे लिए अनैतिक होगा. विश्वविद्यालय में विरोध और विमर्श का गला घोटा जा रहा है.’