Kashmir Lockdown

कन्नन गोपीनाथन. (फोटो: द वायर)

कोरोना के दौरान नौकरी पर वापस लौटने से इनकार करने पर कन्नन गोपीनाथन के खिलाफ एफआईआर

पुलिस ने कहा कि केंद्र शासित प्रदेशों दमन एवं दीव और दादरा एवं नगर हवेली की सीमा अंतर्गत आने वाले मोती दमन पुलिस थाने में 21 अप्रैल को पूर्व आईएएस अधिकारी कन्नन गोपीनाथन के खिलाफ महामारी रोग अधिनियम और आपदा प्रबंधन अधिनियम के तहत मुकदमा दर्ज किया गया है.

A deserted road in Srinagar on Monday. Restrictions were in force across Kashmir and in several parts of Jammu. (REUTERS/Danish Ismail)

17 विदेशी राजनयिकों को आज जम्मू कश्मीर का दौरा कराएगी सरकार, ईयू शामिल नहीं

स्वेच्छा से खुद के चुने हुए लोगों से मिलने की इच्छा रखने के कारण यूरोपीय संघ के राजनयिकों ने जम्मू कश्मीर का यह दौरा टाल दिया. वे राज्य के तीन पूर्व मुख्यमंत्रियों फारुक अब्दुल्ला, उमर अब्दुल्ला और महबूबा मुफ्ती से भी मुलाकात करना चाहते हैं, जो 5 अगस्त को राज्य का विशेष दर्जा समाप्त होने के बाद से ही हिरासत में हैं.

AKI 13 November.00_27_38_08.Still002

आरफ़ा का इंडिया: कश्मीर में तालाबंदी के सौ दिन

जम्मू कश्मीर से अनुछेद 370 हटने के 100 दिन पूरे हो गए हैं. इस मुद्दे पर द वायर की सीनियर एडिटर आरफ़ा ख़ानम शेरवानी का नज़रिया.

Srinagar:A girl runs for cover after throwing stones during a protest in Srinagar, Tuesday, Oct. 29, 2019. A delegation of 23 European Union MPs is on a visit to Jammu and Kashmir for a first-hand assessment of the situation in the Valley following the revocation of the state''s special status under Article 370. (PTI Photo) (PTI10_29_2019_000140A)

केंद्र ने कोर्ट से कहा, कश्मीर का विशेष दर्जा हटाने के फैसले की न्यायिक समीक्षा नहीं हो सकती

सुप्रीम कोर्ट की संविधान पीठ 14 नवंबर से इस मामले की सुनवाई करेगी. केंद्र को पांच अगस्त के राष्ट्रपति आदेश के खिलाफ दायर याचिकाओं पर अपना जवाबी हलफनामा दायर करने के लिए कहा गया था.

कन्नन गोपीनाथन. (फोटो: द वायर)

कश्मीर मुद्दे पर इस्तीफा देने वाले आईएएस अधिकारी को गृह मंत्रालय ने भेजा ‘आरोपपत्र’

जम्मू कश्मीर में लगी पाबंदियों को लेकर इस्तीफा देने वाले पूर्व आईएएस अधिकारी कन्नन गोपीनाथन ने कहा कि आरोपपत्र में उन्हीं आरोपों को शामिल किया गया है, जो इस्तीफा देने के दो महीने बाद विभागीय जांच के लिए भेजे गए ज्ञापन में थे.

Ahmedabad: Social activists hold a placard and candles during a silent protest against government on Kashmir issue, in Ahmedabad, Thursday, Oct. 17, 2019. (PTI Photo)(PTI10_17_2019_000172B)

जम्मू कश्मीर: सुप्रीम कोर्ट ने नाबालिगों को हिरासत में लेने के आरोपों की फिर से जांच के आदेश दिए

आरोप है कि सुरक्षा बलों ने इन नाबालिगों को जम्मू कश्मीर को विशेष राज्य का दर्जा समाप्त करने संबंधी अनुच्छेद 370 के ज़्यादातर प्रावधानों को निरस्त करने के फैसले के बाद हिरासत में लिया था.

The Prime Minister, Shri Narendra Modi in a group photograph with the Members of European Parliament, at 7, Lok Kalyan Marg, New Delhi on October 28, 2019.

यूरोपीय सांसद कश्मीर में, विपक्षी सांसद बाहर, लोकतंत्र नदारद

केवल एक तानाशाह सरकार विपक्षी नेताओं के किसी राज्य में जाने पर रोक लगाकर विदेशी सांसदों को वहां ले जाती है.

New Delhi:  Prime Minister Narendra Modi and German chancellor Angela Merkel during their joint press conference at Hyderabad House in New Delhi, Friday, Nov. 1, 2019. (PTI Photo/Atul Yadav)  (PTI11_1_2019_000105B)

कश्मीर के हालात अस्थिर, सुधारने की आवश्यकता: एंजेला मर्केल

तीन दिवसीय यात्रा पर भारत आईं जर्मन चांसलर एंजेला मर्केल ने कहा कि वह प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के साथ रात्रि भोज के दौरान कश्मीर का मुद्दा उठाएंगी.

Srinagar: Members of European Union Parliamentary delegation during a shikara ride at Dal Lake in Srinagar, Tuesday, Oct. 29, 2019. Protest broke out in many parts of the city as a European Union MPs visited the valley (PTI Photo/S. Irfan)(PTI10_29_2019_000222B)

यूरोपीय सांसदों के कश्मीर दौरे को फंड करने वाले समूह पर सवालिया निशान

कश्मीर में यूरोपीय सांसदों के दल के दौरे को कथित रूप से फंड देने वाला इंटरनेशनल इंस्टिट्यूट फॉर नॉन-अलाइंड स्टडीज़, श्रीवास्तव समूह का हिस्सा है. इसकी वेबसाइट पर इसके कई कारोबार होने की बात कही गई है. हालांकि दस्तावेज़ ऐसा कोई बिज़नेस नहीं दिखाते, जिससे वे यूरोपीय सांसदों को भारत बुलाने और प्रधानमंत्री से मुलाकात करवाने में समर्थ दिखें.

कश्मीर दौरे पर आए यूरोपीय संघ के प्रतिनिधिमंडल के सदस्य और जर्मन सांसद निकोलस फेस्ट. (फोटो: रॉयटर्स)

कश्मीर गए यूरोपीय सांसद ने कहा, भारत को अपने विपक्षी नेताओं को भी कश्मीर जाने देना चाहिए

केंद्र सरकार द्वारा अनुच्छेद 370 के अधिकतर प्रावधानों को ख़त्म किए जाने के बाद जम्मू कश्मीर के हालात जानने के लिए श्रीनगर पहुंचे यूरोपीय दल में शामिल जर्मनी के सांसद निकोलस फेस्ट ने यह बात कही है.

Srinagar: Members of European Union Parliamentary delegation board a shikara ride at Dal Lake in Srinagar, Tuesday, Oct. 29, 2019. Protest broke out in many parts of the city as a European Union MPs visited the valley (PTI Photo/S. Irfan)(PTI10_29_2019_000224B)

कश्मीर आंतरिक मसला है तो विदेशी सांसदों को बुलाने की तैयारी पिछले दरवाज़े से क्यों हुई?

भारत को एक इंटरनेशनल बिज़नेस ब्रोकर के ज़रिये विदेशी सांसदों के कश्मीर आने की भूमिका तैयार करने की ज़रूरत क्यों पड़ी? जो सांसद बुलाए गए हैं वे धुर दक्षिणपंथी दलों के हैं. इनमें से कोई ऐसी पार्टी से नहीं है जिनकी सरकार हो या प्रमुख आवाज़ रखते हों. तो भारत ने कश्मीर पर एक कमज़ोर पक्ष को क्यों चुना? क्या प्रमुख दलों से मनमुताबिक साथ नहीं मिला?

Srinagar: Members of European Union Parliamentary delegation during a shikara ride at Dal Lake in Srinagar, Tuesday, Oct. 29, 2019. Protest broke out in many parts of the city as a European Union MPs visited the valley (PTI Photo/S. Irfan)(PTI10_29_2019_000222B)

कश्मीर: यूरोपीय संघ के सांसदों ने कहा- अनुच्छेद 370 भारत का आंतरिक मामला, हम दख़ल देने नहीं आए

जम्मू कश्मीर के दो दिवसीय दौरे पर आए यूरोपीय संघ के सांसदों ने कहा कि हमें फासीवादी कहकर हमारी छवि को ख़राब किया जा रहा है.

क्रिस डेविस. (फोटो साभार: फेसबुक)

कश्मीर में मोदी सरकार के झूठे प्रचार का हिस्सा नहीं बनना चाहता था: ब्रिटिश सांसद

ब्रिटेन की लिबरल डेमोक्रेट्स पार्टी के सांसद क्रिस डेविस का कहना है कि कश्मीर यात्रा के लिए उन्हें दिए गए निमंत्रण को भारत सरकार ने वापस ले लिया क्योंकि उन्होंने बिना पुलिस सुरक्षा के स्थानीय लोगों से बात करने की इच्छा जताई थी.

2910 Media Bol Master Thumbnail without Text (1)

मीडिया बोल: कश्मीर में सरकार की पसंद का विदेशी प्रतिनिधिमंडल और मीडिया

अनुच्छेद 370 हटने के बाद पहली बार 27 यूरोपीय सांसदों का दल जम्मू कश्मीर के दौरे पर है, जबकि अब तक किसी भी विदेशी पत्रकार, अधिकारी या नेता को वहां जाने की अनुमति नहीं दी गई है. मीडिया बोल की इस कड़ी में उर्मिलेश इस मुद्दे पर वरिष्ठ पत्रकार आशुतोष और द हिंदू की पॉलिटिकल एडिटर पूर्णिमा जोशी से चर्चा कर रहे हैं.

A man rides a bicycle past the closed shops and hotels during restrictions, after scrapping of the special constitutional status for Kashmir by the Indian government, in Srinagar, August 25, 2019. Picture taken August 25, 2019. REUTERS/Adnan Abidi

कश्मीर: बीते तीन महीने में 10,000 करोड़ रुपये के कारोबार का नुकसान

कश्मीर चेंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री के अध्यक्ष शेख़ आशिक ने बताया कि राज्य में लगी पाबंदियों के चलते कुल नुकसान का अनुमान लगाना मुश्किल है क्योंकि स्थिति अभी तक सामान्य नहीं हो पाई है. कारोबारी समुदाय को गंभीर झटका लगा है और उसका इससे उबरना मुश्किल लगता है.