Mahagathbandhan

बिहार की एक चुनावी सभा में असदुद्दीन ओवैसी (फोटो साभार: फेसबुक/@Asaduddinowaisi)

बिहार: क्या एआईएमआईएम को ‘वोटकटवा’ कहने के दावे में कोई दम है?

विशेष रिपोर्ट: बिहार चुनावों में असद्दुदीन ओवैसी की एआईएमआईएम के पांच सीटें जीतने के बाद से सत्ता पाने से वंचित रह गए महागठबंधन के घटक दलों के नेता लगातार ओवैसी पर निशाना साधते हुए उन्हें भाजपा की ‘बी’ टीम क़रार दे रहे हैं. हालांकि आंकड़े जो तस्वीर दिखा रहे हैं, वो इन नेताओं के दावों से उलट है.

महुआ के चपेठ गांव में परवेज आलम. (फोटो: पवनजोत कौर/द वायर)

सामाजिक न्याय का दावा करने वाली राजद से क्यों नाराज़ हैं अंसारी मुसलमान

ग्राउंड रिपोर्ट: मुस्लिम और यादवों को आम तौर पर राजद का समर्थक माना जाता है, लेकिन मुस्लिमों का अंसारी समुदाय राजद द्वारा उनके नेताओं को राज्य की चुनावी राजनीति में समुचित प्रतिनिधित्व न देने को लेकर ख़ासा नाराज़ है.

नरेंद्र मोदी. (फोटो: पीटीआई)

तेजस्वी को ‘जंगलराज का युवराज’ कहने के पीछे मोदी की क्या मंशा है

प्रधानमंत्री के गब्बर शैली के चुनावी डायलॉग्स में तेजस्वी यादव और महागठबंधन के लिए चेतावनी-सी छुपी लगती है. शायद वे अपने जुमलों के ज़रिये यह जता रहे हैं कि जनता उन्हें भले बहुमत देकर सत्ता सौंप दे, मगर मोदी सरकार उन्हें राज नहीं करने देगी.

नीतीश कुमार. (फोटो: रॉयटर्स)

बिहार चुनाव: नीतीश कुमार के मन में क्या है

विशेष रिपोर्ट: नीतीश कुमार इस समय अपने राजनीतिक जीवन के एक कठिन चुनाव का सामना कर रहे हैं. एक तरफ तेजस्वी यादव आक्रामक तरीके से उन पर निशाना साध रहे हैं, वहीं दूसरी ओर जिस एनडीए गठबंधन का वे हिस्सा हैं, वहां भी उनके लिए सब कुछ ठीक नहीं है.

सीवान का बंद पड़ा सूत मिल. (फोटो: मनोज सिंह)

सीवान सूत मिल: धराशायी होती कामगारों की उम्मीदें

ग्राउंड रिपोर्ट: 80 के दशक में सीवान में शुरू हुई सूत मिल साल 2000 में मज़दूरों को उनका बकाया दिए बिना ही बंद हो गई. मज़दूरों को लगता था कि मिल दोबारा शुरू होगी, लेकिन चुनाव से ठीक पहले नीतीश कुमार द्वारा यहां इंजीनियरिंग कॉलेज बनाने के ऐलान के बाद उनकी रही-सही उम्मीदें भी ख़त्म हो गईं.

बैजनाथपुर की बंद पड़ी पेपर मिल. (सभी फोटो: मनोज सिंह)

बिहार: बैजनाथपुर की बंद पड़ी पेपर मिल राज्य में औद्योगिकीकरण की बदहाली की मिसाल है

ग्राउंड रिपोर्ट: 70 के दशक में मधेपुरा-सहरसा राष्ट्रीय राजमार्ग पर बैजनाथपुर में काफ़ी उम्मीदों के साथ पेपर मिल बनी थी, पर कभी काम शुरू नहीं हो सका. मिल में रोज़गार पाने की आस में उम्र गुज़ार चुके लोगों की अगली पीढ़ी विभिन्न राज्यों में मज़दूरी कर रही है और मिल खुलने का वादा केवल चुनावी मौसम का मुद्दा बनकर रह गया है.

Patna: Bihar Rashtriya Lok Samata Party (RLSP) president Upendra Kushwaha addresses a press conference at the Party office, in Patna, Friday, Nov 09, 2018. (PTI Photo)(PTI11_9_2018_000084B)

लालू और नीतीश दोनों एक ही सिक्के के दो पहलू हैं: उपेंद्र कुशवाहा

विधानसभा चुनाव से पहले विपक्षी महागठबंधन से नाराज़ रालोसपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष उपेंद्र कुशवाहा ने बसपा और जनवादी सोशलिस्ट पार्टी के साथ नया मोर्चा बनाया है. उनके अनुसार जनता नीतीश कुमार के 15 वर्षों के कुशासन से मुक्ति चाहती है, वहीं राजद नीत गठबंधन में भी मुख्यमंत्री पद का मज़बूत चेहरा नहीं है.

Question Mark Flickr

23 मई के नतीजों के बाद की तीन संभावित तस्वीरें

बहुत कुछ इस पर निर्भर करेगा कि भाजपा को कितनी सीटें मिलेंगी- 200 से कम सीटें आने पर इसे रियायतें देनी पड़ेंगी, 220 से ऊपर सीटें आने पर यह मोलभाव करने की बेहतर स्थिति में होगी.

Narendra Modi Varanasi Road Show Reuters

क्या नरेंद्र मोदी पर उनकी ‘चतुराई’ भारी पड़ रही है?

2019 का लोकसभा चुनाव नरेंद्र मोदी की वशीकरण कला की परीक्षा है. उन्होंने पांच साल चतुराई से सत्ता के तंत्र-मत्रों, मार्केटिंग और झूठ से करोड़ों मतदाताओं की जो वशीभूत भीड़ बनाई है, उसका नतीजा 23 मई को दिखाई देगा.

मुकेश साहनी. (फोटो साभार: ट्विटर)

बिहार में महागठबंधन के लिए कितने फायदेमंद साबित होंगे ‘सन ऑफ मल्लाह’

बिहार में ‘सन ऑफ मल्लाह’ के नाम से मशहूर मुकेश साहनी की विकासशील इंसान पार्टी साल 2014 के लोकसभा चुनाव में एनडीए के साथ थी. इस बार मुकेश साहनी महागठबंधन का हिस्सा हैं.

सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव के साथ निषाद पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष डाॅ0 संजय निषाद, जनवादी पार्टी (सोशलिस्ट) के राष्ट्रीय अध्यक्ष डाॅ0 संजय चौहान एवं राष्ट्रीय समानता दल के राष्ट्रीय अध्यक्ष श्री मोतीलाल कुशवाहा.

लोकसभा चुनाव के सपा-बसपा गठबंधन में निषाद पार्टी समेत तीन अन्य दल शामिल

लोकसभा चुनाव राउंडअप: राहुल गांधी ने सूरतगढ़ में एक सभा में कहा कि आगामी लोकसभा चुनाव दो विचारधाराओं की लड़ाई है. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी दो हिंदुस्तान बनाने की कोशिश कर रहे हैं जिसमें एक हिंदुस्तान अमीरों का और दूसरा गरीबों का होगा.

अजीत जोगी (फोटो: फेसबुक/अजीत जोगी)

अजीत जोगी: पल-पल पाला बदलने वाला नेता

अजीत जोगी के हालिया फ़ैसले दिखाते हैं कि वे जल्दबाज़ी में हैं और किसी भी तरह सत्ता पाने की ललक रखते हैं, भले ही इसके लिए उन्हें भाजपा से ही हाथ क्यों न मिलाना पड़े.

New Delhi: Congress President Rahul Gandhi addresses the extended Congress Working Committee meeting, at Parliament House Annexe in New Delhi on Sunday, 22 July 2018. (PTI Photo) (PTI7_22_2018_000062B)

कांग्रेस कभी आरएसएस की तरह कैडर नहीं बना सकती और उसे बनाना भी नहीं चाहिए: राहुल गांधी

कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी ने कहा कि मेरा मंदिर जाना ‘सॉफ्ट हिंदुत्व’ नहीं, इससे भाजपा परेशान है.

Lucknow: Bahujan Samaj Party supremo Mayawati addresses a press conference, in Lucknow, Sunday, Sept 16, 2018. (PTI Photo/Nand Kumar)(PTI9_16_2018_000063B)

मायावती ने कहा, राजस्थान और मध्य प्रदेश में कांग्रेस से गठबंधन नहीं

बसपा प्रमुख मायावती ने कहा कि दिग्विजय सिंह जैसे नेता नहीं होने दे रहे कांग्रेस-बसपा का गठबंधन. कांग्रेस पार्टी की रस्सी जल गई, मगर बल नहीं गया.