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(फोटो: रॉयटर्स)

लॉकडाउन: सरकार का यू-टर्न, गैर-आवश्यक वस्तुओं की बिक्री नहीं कर पाएंगी ई-कॉमर्स कंपनियां

बीते 15 अप्रैल को जारी नोटिफिकेशन में गृह मंत्रालय ने ई-कॉमर्स कंपनियों को मोबाइल फोन, रेफ्रिजरेटर और सिलेसिलाए परिधानों आदि की बिक्री की अनुमति दी थी, लेकिन अब इस ‘छूट’ को वापस ले लिया गया है.

(फोटो: पीटीआई)

कोरोना वायरस: देश के 170 जिले बने हॉटस्पॉट, 207 अन्य जिले संभावित श्रेणी में

देश में कोरोना वायरस के संक्रमण के चलते जान गंवाने वाले लोगों की संख्या बुधवार को 392 हो गई जबकि इससे संक्रमित लोगों की कुल संख्या 11,933 है. पिछले 24 घंटों में 1118 नए संक्रमितों की पहचान हुई है, जिसमें 39 लोगों की जान जा चुकी है.

(फोटो: पीटीआई)

लॉकडाउन: देशभर में सार्वजनिक स्थानों और कार्यस्थलों पर मुंह ढकना अनिवार्य, थूकने पर जुर्माना

गृह मंत्रालय द्वारा जारी किए गए ये दिशानिर्देश देशभर में जिलाधिकारियों द्वारा लागू किए जाएंगे, जिसमें आपदा प्रबंधन अधिनियम, 2005 के तहत जुर्माना लगाने के साथ दंडात्मक कार्रवाई की जा सकती है.

(फोटो: पीटीआई)

लॉकडाउन: जानिए 20 अप्रैल से किन आर्थिक गतिविधियों को मिलेगी छूट

जनता की परेशानियों को देखते हुए कुछ चुनिंदा गतिविधियों को 20 अप्रैल से चालू करने की मंजूरी दी गई है. ये राहतें राज्य/केंद्र शासित सरकारों या जिला प्रशासन द्वारा मौजूदा दिशानिर्देशों का सख्त अनुपालन करते हुए दी जाएंगी.

New Delhi: Finance Minister Nirmala Sitharaman addresses a press conference after presenting the Union Budget 2019-20, in New Delhi, Friday, July 5, 2019. (PTI Photo/Manvender Vashist) (PTI7_5_2019_000138B)

कोरोना: निर्मला सीतारमण ने 1.75 लाख करोड़ रुपये के राहत पैकेज की घोषणा की

वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण द्वारा घोषित राहत पैकेज में उन योजनाओं की भी राशि शामिल है जो पहले से ही चली आ रही हैं और तय समय पर उन्हें जारी किया जाना था.

(फोटो साभार: ट्विटर)

कोरोना लॉकडाउन: रामायण और महाभारत का दोबारा प्रसारण कर सकता है दूरदर्शन

प्रसार भारती के मुख्य कार्यकारी अधिकारी शशि शेखर ने बीते 25 मार्च को ट्वीट कर कहा कि उनका विभाग धारावाहिक के निर्माताओं से महाभारत और रामायण का प्रसारण अधिकार मांग रहा है.

Mumbai: People maintain social distance as they wait outside a chemist shop during a 21-day nationwide lockdown in the wake of coronavirus pandemic, at Girgaon in Mumbai, Wednesday, March 25, 2020. (PTI Photo/Kunal Patil)(PTI25-03-2020 000142B)

कोरोना लॉकडाउन: रियायतों पर नए दिशा-निर्देश जारी, कई सेवाओं को मिली बंद से छूट

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा देश भर में 21 दिनों के लॉकडाउन की घोषणा के बाद जारी नए दिशा-निर्देशों में वन कार्यालयों के कर्मचारियों, चिड़ियाघरों, नर्सरी, वन्यजीव और पौधों को पानी देने की सेवा से जुड़े लोगों को छूट दी गई है. साथ ही विधवाओं, बच्चों, दिव्यांगों, वरिष्ठ नागरिकों और निराश्रित महिलाओं के आश्रय गृहों के संचालन से जुड़े कर्मियों को भी इस बंद से छूट मिलेगी.

(फोटो: रॉयटर्स)

मध्य प्रदेश: 24 घंटे में शहडोल ज़िला अस्पताल में छह आदिवासी बच्चों की मौत, जांच के आदेश

मध्य प्रदेश के सतना ज़िले के वीरसिंहपुर क्षेत्र के आंगनबाड़ी केंद्र में भी सोमवार को टीकाकरण के बाद एक माह से कम उम्र के दो नवजात बच्चों की मौत हुई है. शहडोल में सभी छह बच्चों की मौत 13 और 14 जनवरी की दरमियानी रात हुई. शिशुओं की आयु एक दिन से ढाई माह के बीच थी.

The risk for HIV transmission through transfusion is incredibly rare, but laws still exist in many countries that prohibit gay and bisexual men from donating blood. (REUTERS/FABRIZIO BENSCH)

तमिलनाडु: सरकारी अस्पताल में गर्भवती महिला को एचआईवी संक्रमित रक्त चढ़ाया गया

तमिलनाडु के विरुधुनगर ज़िले का मामला. सरकारी ब्लड बैंक का एक कर्मचारी बर्ख़ास्त और दो कर्मचारियों को निलंबित किया गया. महिला के पति ने घटना के लिए तमिलनाडु सरकार को ज़िम्मेदार ठहराया.

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बिना जांच के दवा लिखना आपराधिक लापरवाही है: बॉम्बे हाईकोर्ट

अदालत ने कहा कि मेडिकल पेशे से लापरवाही और लापरवाह डॉक्टरों को बाहर निकालने से ऐसे डॉक्टरों का सम्मान बरकार रहेगा जो कि ईमादारी से काम करते हैं और इस पेशे के नैतिक मूल्यों का पालन करते हैं.

Episode 201_RAW

जन गण मन की बात, एपिसोड 201: दवा की अनाप-शनाप कीमतें वसूलते निजी अस्पताल

जन गण मन की बात की 201वीं कड़ी में विनोद दुआ दवा की अनाप-शनाप कीमतों से मुनाफ़ा कमाते निजी अस्पतालों पर चर्चा कर रहे हैं.

(फोटो: पीटीआई)

बिल बकाया होने पर अस्पताल रोगियों को बंधक नहीं बना सकते: उच्च न्यायालय

दिल्ली उच्च न्यायालय की पीठ कहा अगर बिल का भुगतान नहीं हुआ तो रोगी को छुट्टी दे दी जाए. बंदी बनाकर रखना निंदनीय है.

प्रतीकात्मक फोटो. साभार-विकीपीडिया

…और मेरे भाई ने अस्पताल के गेट पर ही दम तोड़ दिया

‘मेरे भाई ने अस्पताल के दरवाज़े पर दम तोड़ दिया क्योंकि बिस्तर नहीं था. ये लोकतंत्र नहीं मुर्दातंत्र है, जिसमें लैपटॉप मिलता है, दंगा मिलता है, इंटरनेट मिलता है पर इलाज नहीं मिलता!’