Rajasthan Government

(प्रतीकात्मक फोटो: रॉयटर्स)

सरकार और अदालत की नीतियों पर सोशल मीडिया पर टिप्पणी करने से बचें न्यायिक कर्मचारी: हाईकोर्ट

राजस्थान हाईकोर्ट के महारजिस्ट्रार कार्यालय द्वारा जारी 15 जून के स्थायी आदेश में कहा गया है कि न्यायिक अधिकारी और अदालत के कर्मचारी सोशल मीडिया पर उन मामलों पर राय व्यक्त करते हैं, जिससे उन्हें कोई मतलब नहीं है.

बूंदी जिले के बुधपुरा के मजदूर राजू भील और  उनका परिवार.

राजस्थान: खनन क्षेत्र के लाखों मज़दूर भुगत रहे हैं लॉकडाउन का ख़ामियाजा

कोरोना संक्रमण के मद्देनज़र हुए लॉकडाउन के बाद राजस्थान में खानें भी बंद हो गई थीं. अप्रैल से राज्य सरकार ने खनन कार्य की अनुमति दी थी, लेकिन अधिकतर मज़दूर घर लौट गए हैं या फिर उनके पास खान तक पहुंचने का साधन नहीं है.

Rajasthan Artist Dare Khan and his group Special Arrangment

राजस्थान: लॉकडाउन में काम को तरसे लोक कलाकार

आम तौर पर लोक कलाओं से गुलज़ार रहने वाले राजस्थान में कोरोना वायरस और लॉकडाउन के चलते सन्नाटा पसरा है. ऐसे में ख़ाली बैठे लोक कलाकार आर्थिक मुश्किलों का सामना कर रहे हैं. उनकी सहायता के लिए शुरू की गई राज्य सरकार की योजना कई विसंगतियों के चलते मददगार साबित नहीं हो रही है.

The massive protests against the CAA have brought the Constitution into the public discourse. A demonstrator stands next to a hoarding of the Preamble to the Constitution in Delhi. (REUTERS)

महाराष्ट्र के बाद राजस्थान के विद्यालयों में भी 26 जनवरी से होगा संविधान की प्रस्तावना का पाठ

राजस्थान के शिक्षा राज्य मंत्री गोविंद सिंह डोटासरा ने कहा कि राष्ट्र में जिस तरह का माहौल बनाया जा रहा है, उसमें हमारे संविधान निर्माण की प्रस्तावना और भावों के प्रसार से ही हम देश में परस्पर सद्भाव, एकता, अखण्डता को कायम रख सकते हैं.

(फोटो साभार: ट्विटर)

राजस्थान मानवाधिकार आयोग ने लिव-इन रिलेशनशिप के ख़िलाफ़ क़ानून बनाने की मांग की

आयोग ने राज्य सरकार से लिव-इन रिलेशनशिप की बढ़ती हुई प्रवृत्ति को रोकने और समाज में महिलाओं के सम्मानपूर्वक जीवन के अधिकार को सुरक्षित करने के लिए क़ानून बनाने की सिफ़ारिश की है.

Beawar: Women carry vessels to collect drinking water on a hot summer day in Beawar, Rajasthan, Thursday, June 6, 2019. (PTI Photo)(PTI6_6_2019_000083B)

जल संकट के कगार पर राजस्थान, कभी भी ख़त्म हो सकता है भूजल

राजस्थान सरकार द्वारा जारी आंकड़ों के अनुसार प्रदेश के 33 ज़िलों को भूजल के हिसाब से कुल 295 ब्लॉक में बांटा गया है, जिनमें से 184 ब्लॉक अतिदोहित श्रेणी में आ गए हैं. इसका मतलब है कि आधे से ज़्यादा राज्य में ज़मीनी पानी कभी भी समाप्त हो सकता है.

Bharatpur School Vasundhara Raje

क्या राजस्थान की वसुंधरा राजे सरकार अपने विज्ञापनों में फ़र्ज़ी दावे कर रही है?

विशेष रिपोर्ट: बीते 30 अगस्त को प्रदेश के अख़बारों में प्रकाशित एक विज्ञापन में राजस्थान सरकार ने भरतपुर ज़िले में स्थित एक स्कूल के कायाकल्प से जुड़े कई दावे किए थे, जिनकी ज़मीनी सच्चाई कुछ और है.

The Prime Minister, Shri Narendra Modi interacting with the school children after addressing the Nation on the occasion of 69th Independence Day from the ramparts of Red Fort, in Delhi on August 15, 2015.

शिक्षक दिवस और सम्मान का नाटक

शिक्षकों के साथ अपमानजनक व्यवहार कोई नई बात नहीं. पिछले चार सालों में केंद्र सरकार ने भारत के संघीय ढांचे को धता बताते हुए जिस तरह शिक्षक दिवस को हड़प लिया है ताकि उसके ज़रिए प्रधानमंत्री की छवि निखारी जा सके, उसे याद कर लेना काफ़ी है.

Rajasthan Farmer (1)

राजस्थान: आत्महत्या के बाद वसुंधरा सरकार ने किया किसान का क़र्ज़ माफ़

नागौर जिले के मंगल चंद ने पंजाब नेशनल बैंक से 2.98 लाख रुपये का क़र्ज़ लिया था. 1.75 लाख रुपये जमा करवाने के बावजूद बैंक 4.59 लाख रुपये मांग रहा था. ज़मीन की नीलामी का आदेश निकलने से तनाव में आए मंगल ने फांसी लगाकर जान दे दी.

राजस्थान की मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे. (फोटो: रॉयटर्स)

किसानों का क़र्ज़ माफ़ करने के लिए राजस्थान सरकार ख़ुद क़र्ज़ मांग रही है

किसान आंदोलन के दबाव में मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे ने क़र्ज़ माफ़ी की घोषणा तो कर दी, लेकिन इस पर अमल करने के लिए ज़रूरी 8 हज़ार करोड़ रुपये की रकम जुटाने में सरकार चकरघिन्नी हो रही है.

राजस्थान की मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे. (फोटो: पीटीआई)

क़र्ज़ माफ़ी की घोषणा के बाद भी राजस्थान के किसान ग़ुस्से में क्यों हैं?

स्वामीनाथन आयोग की सिफ़ारिशें लागू करने और कुछ अन्य मांगों को लेकर किसानों ने अपना आंदोलन वापस तो ले लिया है, लेकिन यह कभी भी राजस्थान की वसुंधरा राजे सरकार के गले की फांस बन सकता है.

Episode 22

हम भी भारत, एपिसोड 22: राजस्थान सरकार ने वापस लिया विवादित विधेयक

हम भी भारत की 22वीं कड़ी में आरफ़ा ख़ानम शेरवानी राजस्थान सरकार के विवादास्पद ‘दंड विधियां संशोधन विधेयक’ को वापस लेने और समाज में मीडिया की भूमिका पर चर्चा कर रही हैं.

Vasundhara-Raje vasundhararaje.in

राजस्थान: सरकार ने वापस लिया विवादित विधेयक

विधेयक के मुताबिक किसी लोकसेवक के ख़िलाफ़ मुक़दमे के लिए सरकार की मंज़ूरी आवश्यक बताई गई थी. साथ ही मीडिया द्वारा सरकार के जांच आदेश से पहले किसी का नाम छापने पर सज़ा का प्रावधान था.

बीते रविवार को राजस्थान के बूंदी ज़िले के छापरदा गांव में फसलों के लिए पानी की मांग को लेकर किसानों ने पेड़ों से उल्टा लटक कर प्रदर्शन किया. (फोटो साभार: पत्रिका)

राजस्थान: फसलों के लिए पानी की मांग को लेकर पेड़ों से उल्टा लटक किसान कर रहे प्रदर्शन

राजस्थान के बूं​दी ज़िले के किसानों का कहना है कि कई बार प्रशासन से नहर का पानी पहुंचाने की मांग की, लेकिन कोई सुनवाई नहीं हो रही. फसलों को पानी की ज़रूरत है. अगर पानी नहीं मिला तो वे सूख जाएंगी.

उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ, राजस्थान की मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे और हरियाणा के मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर. (फोटो: पीटीआई)

गोरक्षा के नाम पर हिंसा: सुप्रीम कोर्ट ने उत्तर प्रदेश, राजस्थान और हरियाणा सरकार से मांगा जवाब

गोरक्षा के नाम पर हो रही हिंसा पर अंकुश लगाने के न्यायिक आदेश पर अमल नहीं करने पर महात्मा गांधी के प्रपौत्र तुषार गांधी ने तीनों सरकारों के ख़िलाफ़ अवमानना याचिका दाख़िल की है.