Sexual Harassment

(फोटो: गूगल मैप)

यूपी: ज़मानत पर छूटे छेड़छाड़ के आरोपियों ने नाबालिग की मां पर किया हमला, अस्पताल में हुई मौत

उत्तर प्रदेश के कानपुर का मामला. साल 2018 में 15 वर्षीय लड़की के साथ छेड़छाड़ के आरोप में चार लोगों को गिरफ़्तार किया गया था. बीते नौ जनवरी को इनमें से तीन ने तीन अन्य के साथ मिलकर लड़की के परिवार पर लाठी और तेज़ धार हथियार से हमला किया था.

(फोटो: रॉयटर्स)

भारतीय खेल प्राधिकरण: 10 साल में यौन उत्पीड़न के 45 मामले, 29 मामले कोचों के खिलाफ

भारतीय खेल प्राधिकरण की 24 अलग-अलग इकाइयों में कई मामलों में आरोपियों को मामूली सजा देकर छोड़ दिया गया, जिसमें तबादलों से लेकर वेतन या पेंशन में मामूली कटौती तक की सजा हुई. वहीं, लगभग एक दर्जन शिकायतों की जांच सालों से चली आ रही है, जिसमें अभी तक कोई खास प्रगति नहीं हुई है.

रतन लाल हंगलू. (फोटो: http://allduniv.ac.in/)

आरोपों से घिरे इलाहाबाद विश्वविद्यालय के कुलपति रतन लाल हंगलू ने दिया इस्तीफा

उत्तर प्रदेश के इलाहाबाद विश्वविद्यालय के कुलपति रतन लाल हंगलू वित्तीय और प्रशासनिक अनियमितताओं को लेकर 2016 से निगरानी में थे. उन्हें यौन उत्पीड़न की शिकायतों को उपयुक्त ढंग से नहीं निपटाने और छात्राओं के लिए शिकायत निवारण प्रणाली की कमी को लेकर पिछले सप्ताह राष्ट्रीय महिला आयोग ने भी तलब किया था.

Sasaram Bihar (2)

बिहार: गैंगरेप की कोशिश के दो दिन बाद नाबालिग को घर में घुसकर मारी गोली

मामला रोहतास ज़िले के रामोडीह गांव का है, जहां चार लोगों ने रविवार सुबह एक नाबालिग से बलात्कार का प्रयास किया. मंगलवार को ख़ुद को मीडियाकर्मी बताकर आरोपियों के परिजन पीड़िता के घर पहुंचे और उसे गोली मार दी.

Students shout slogans during a protest against the alleged rape and murder of a 27-year-old woman, in Kolkata, India, December 2, 2019. REUTERS/Rupak De Chowdhuri

देश में असुरक्षित महिलाएं और नेताओं के बिगड़े बोल

महिलाओं की सुरक्षा की चिंता और उनको हिंसा, बलात्कार आदि से बचाने को लेकर कड़े क़ानून बनाने का नेताओं का आश्वासन उनके दिए महिला-विरोधी बयानों के बरक्स बौना नज़र आता है.

Mumbai: Students display placards during a demonstration over rape incidents in the view of the recent rape and murder of Hyderabad veterinarian, at Labaug in Mumbai, Sunday, Dec. 1, 2019. (PTI Photo)  (PTI12_1_2019_000127B)

वे सात कारण, जो बताते हैं कि बलात्कार के मामले में मौत की सज़ा क्यों कारगर नहीं है

भारत जैसे देश में, जहां बलात्कार के मामलों में अदालत की सुनवाई आरोपी के बजाय पीड़ित के लिए ज्यादा मुश्किल भरी होती हैं, वहां कुछ चर्चित मामलों में सज़ा कड़ी कर देने से किसी और को ऐसा करने से रोकना मुश्किल है. ऐसे अधिकतर मामले या तो अदालतों की फाइलों में दबे पड़े हैं या सबूतों के अभाव में ख़ारिज कर दिए जाते हैं.

Lucknow: Pragatisheel Samajwadi Party (Lohia) members, wearing black bands, stage a protest against the rape and murder of a veterinarian doctor in Hyderabad last week, in Lucknow, Monday, Dec. 2, 2019. (PTI Photo/Nand Kumar)   (PTI12_2_2019_000117B)

महिलाओं के ख़िलाफ़ अपराध बढ़े लेकिन कई राज्यों ने इस्तेमाल नहीं किया निर्भया फंडः सरकार

लोकसभा में प्रश्नकाल के दौरान निर्भया कोष के आवंटन के संबंध में सरकार ने बताया कि इस मद में आवंटित धनराशि में से 11 राज्यों ने एक रुपया भी ख़र्च नहीं किया. दिल्ली, हिमाचल प्रदेश, महाराष्ट्र, मध्य प्रदेश, कर्नाटक, झारखंड, राजस्थान, पश्चिम बंगाल, दादरा नगर हवेली और गोवा जैसे राज्यों को महिला हेल्पलाइन के लिए दिए गए पैसे जस के तस पड़े हैं.

(प्रतीकात्मक फोटो: रॉयटर्स)

दिल्ली के 14 आश्रय घरों में महिलाओं और लड़कियों के शोषण के मामले सामने आए

टाटा इंस्टिट्यूट ऑफ सोशल साइंसेस की रिपोर्ट के मुताबिक दिल्ली के आश्रय घरों में रहने वाली लड़कियों को सज़ा के तौर पर उनके प्राइवेट पार्ट में मिर्ची डालने, शरीर पर खौलता पानी फेंकने और खाना न देने जैसे कई गंभीर मामले सामने हैं.

(फोटो: द वायर)

एनसीआरबी रिपोर्ट: गृह मंत्रालय ने कहा, अविश्वसनीय होने से 25 श्रेणियों में आंकड़े जारी नहीं किए

राष्ट्रीय अपराध रिकॉर्ड ब्यूरो (एनसीआरबी) की रिपोर्ट में मॉब लिंचिंग के आंकड़ों को शामिल नहीं किए जाने पर सफाई देते हुए गृह मंत्रालय ने कहा कि उन आंकड़ों को इसलिए नहीं शामिल किया गया, क्योंकि वे अविश्वसनीय थे और उनमें ग़लत सूचनाओं के शामिल होने का ख़तरा था.

New Delhi: Social activists during 'Bharat Jodo: Do or Die' protest over the incidents of lynching, religious polarization and hate, at Parliament Street in New Delhi on Thursday, August 9, 2018. (PTI Photo/Manvender Vashist) (PTI8_9_2018_000280B)

लिंचिंग के आंकड़े जुटाने के बावजूद एनसीआरबी ने इसे जारी नहीं किया

साल 2017 की एनसीआरबी रिपोर्ट पूरे एक साल की देरी से जारी की गई है. इस रिपोर्ट में महिलाओं के खिलाफ अत्याचार के सबसे अधिक मामले उत्तर प्रदेश में दर्ज किए गए हैं.

बनारस हिंदू यूनिवर्सिटी (फोटो: पीटीआई)

बीएचएयू यौन उत्पीड़न: दोषी प्रोफेसर को समय से पहले रिटायर किया गया

जंतु विज्ञान विभाग के प्रोफेसर एसके चौबे पर कई छात्राओं ने यौन शोषण, अश्लील हरकतें, अभद्रता और भद्दी टिप्पणियां करने के आरोप लगाए थे, जिन्हें विश्वविद्यालय की आंतरिक शिकायत समिति ने सही पाया था.

Screenshot (268)

नवी मुंबई में अपहरण के बाद पुरुष के साथ सामूहिक बलात्कार

मामला नवी मुंबई के वाशी का है. पुलिस ने बताया कि युवक के कई ऑपरेशन करने पड़े हैं और उसे डॉक्टरों की निगरानी में रखा गया है. अब तक किसी भी आरोपी को गिरफ़्तार नहीं किया जा सका है.

सीजेआई रंजन गोगोई (फोटो: पीटीआई)

सीजेआई गोगोई पर यौन उत्पीड़न के आरोप लगाने वाली महिला के ख़िलाफ़ दर्ज केस बंद

सीजेआई रंजन गोगोई पर यौन उत्पीड़न के आरोप लगाने वाली सुप्रीम कोर्ट की पूर्व कर्मचारी पर हरियाणा के एक व्यक्ति ने धोखाधड़ी का मामला दर्ज कराया था. दिल्ली की एक अदालत ने पुलिस के क्लोज़र रिपोर्ट दायर करने के बाद मामले को बंद कर दिया है.

BHU BANNER

बीएचयू: यौन उत्पीड़न के दोषी प्रोफेसर को छुट्टी पर जाने को कहा गया

बीएचयू के कुलपति राकेश भटनागर ने बताया कि प्रोफेसर एसके चौबे की बहाली के निर्णय पर एग्जीक्यूटिव काउंसिल पुनर्विचार करेगी. काउंसिल का अंतिम फैसला आने तक प्रोफेसर चौबे को अवकाश पर जाने को कहा गया है.

BHU protest

यौन शोषण के दोषी प्रोफेसर को बहाल करने पर बीएचयू में विरोध प्रदर्शन

जंतु विज्ञान विभाग के प्रोफेसर एसके चौबे को छात्राओं के साथ अश्लील हरकतें, अभद्रता और भद्दी टिप्पणियों का दोषी पाए जाने और जांच कमेटी द्वारा कठोरतम कार्रवाई के आग्रह के बावजूद बहाल कर दिया गया है.

बनारस हिंदू यूनिवर्सिटी (फोटो: पीटीआई)

बीएचयू: विद्यार्थियों का आरोप, यौन शोषण के दोषी प्रोफेसर को बिना कार्रवाई बहाल किया गया

विशेष रिपोर्ट: बनारस हिंदू विश्वविद्यालय के जंतु विज्ञान विभाग के एक प्रोफेसर पर छात्र-छात्राओं ने छेड़खानी और अभद्र व्यवहार करने का आरोप लगाया था. विश्वविद्यालय की आंतरिक शिकायत समिति ने इन्हें जांच में सही पाया और आरोपी प्रोफेसर पर कड़ी कार्रवाई की अनुशंसा की थी.

Jyotigiri-maharaj-facebook

गुरुग्रामः ज्योतिगिरी महाराज पर यौन उत्पीड़न के आरोप, मामला दर्ज

हरियाणा के गुरुग्राम में स्वयंभू बाबा ज्योतिगिरी महाराज पर कई महिलाओं और नाबालिग बच्चियों के यौन उत्पीड़न का आरोप है. इस संबंध में सोशल मीडिया पर उनके वीडियो वायरल होने के बाद से वह फरार हैं.

Rape Victim Photo The Wire

बच्चों का यौन शोषण रोकने के लिए करीब 1500 रेप पीड़िताओं ने सुप्रीम कोर्ट को लिखा पत्र

देश में बच्चों के साथ यौन उत्पीड़न की बढ़ती घटनाओं पर देश की 1500 बलात्कार और यौन उत्पीड़न की पीड़िताओं ने हाल ही में सुप्रीम कोर्ट को पत्र लिखकर दखल देने की मांग की है.

दिल्ली हाईकोर्ट के पूर्व मुख्य न्यायाधीश जस्टिस एपी शाह. (फोटो साभार: यूट्यूब)

सीजेआई के ख़िलाफ़ शिकायत से निपटने में आंतरिक कमेटी की प्रक्रिया सवाल खड़े करती है: पूर्व जज

दिल्ली हाईकोर्ट के पूर्व चीफ जस्टिस एपी शाह ने यह टिप्पणी अप्रैल में सीजेआई रंजन गोगोई पर सुप्रीम कोर्ट की पूर्व कर्मचारी द्वारा लगाए गए यौन उत्पीड़न और प्रताड़ना के आरोपों के संदर्भ में की है. उन्होंने कहा कि पूरी प्रक्रिया को न्यायिक स्वतंत्रता की सुरक्षा के नाम पर गोपनीयता में बदल दिया गया.

सीजेआई रंजन गोगोई (फोटो: पीटीआई)

सीजेआई यौन उत्पीड़न: शिकायतकर्ता महिला पर रिश्वत लेने का आरोप लगाने वाला शख़्स लापता

अप्रैल में सीजेआई रंजन गोगोई पर सुप्रीम कोर्ट की पूर्व कर्मचारी ने यौन उत्पीड़न और प्रताड़ना के आरोप लगाए थे. तब शिकायतकर्ता महिला पर नवीन कुमार नाम के व्यक्ति ने नौकरी के लिए रिश्वत लेने का आरोप लगाया था. दिल्ली पुलिस ने अदालत को बताया है कि नवीन बीते अप्रैल से ही लापता हैं.

Schoolgirls sit inside their classroom before collecting their free mid-day meals, being distributed by a government-run primary school, in New Delhi May 8, 2013. India may soon pass a new law to give millions more people cheap food, fulfilling an election promise of the ruling Congress party that could cost about $23 billion a year and take a third of annual grain production. The National Food Security Bill, which aims to feed 70 percent of the population, could widen India's already swollen budget deficit next year, increasing the risk to its coveted investment-grade status. REUTERS/Mansi Thapliyal (INDIA - Tags: EDUCATION POLITICS FOOD) - RTXZEKN

छेड़खानी रोकने के लिए पश्चिम बंगाल के स्कूल का आदेश, अलग-अलग दिन स्कूल आएं लड़के-लड़कियां

शिक्षा मंत्री पार्थ चटर्जी ने इस मामले में जांच के आदेश दिए हैं. उन्होंने कहा, इस तरह के फैसलों का कभी समर्थन नहीं किया जा सकता और इसे तत्काल वापस लिया जाना चाहिए.

(प्रतीकात्मक फोटो: रॉयटर्स)

राज्यों ने 2018 तक निर्भया फंड का केवल 20 फीसदी इस्तेमाल किया

केंद्र सरकार द्वारा साल 2018 तक जारी किए गए 854.66 करोड़ रुपये में से विभिन्न राज्य और केंद्र शासित प्रदेशों ने मात्र 165.48 करोड़ रुपये का इस्तेमाल किया.

NIFT-Website

एनआईएफटी हैदराबाद यौन उत्पीड़न मामला: नौकरी से निकाले गए सभी 56 कर्मचारी बहाल

हैदराबाद के नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ फैशन टेक्नोलॉजी के एक स्टेनोग्राफर के ख़िलाफ़ 56 कर्मचारियों ने पिछले साल अक्टूबर में यौन उत्पीड़न की शिकायत दर्ज कराई थी, जिसके बाद इन लोगों को नौकरी से निकाल दिया गया था जबकि आरोपी अभी भी कैंपस में ही काम कर रहे हैं.

सीजेआई रंजन गोगोई (फोटो: पीटीआई)

सीजेआई गोगोई पर यौन उत्पीड़न का आरोप लगाने वाली महिला के पति की नौकरी बहाल

सीजेआई के ख़िलाफ़ उत्पीड़न की शिकायत करने वाली महिला ने एक हलफनामे में आरोप लगाया था कि उन्हें सुप्रीम कोर्ट कर्मचारी के रूप में बर्ख़ास्त किए जाने के बाद दिल्ली पुलिस में कार्यरत उनके पति और पति के भाई को निलंबित कर दिया गया था.

NIFT-Website

हैदराबादः एनआईएफटी ने यौन उत्पीड़न का आरोप लगाने वाली 56 महिला कर्मचारियों को नौकरी से निकाला

हैदराबाद के नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ फैशन टेक्नोलॉजी के एक स्टेनोग्राफर के ख़िलाफ़ 56 महिला कर्मचारियों ने पिछले साल अक्टूबर में यौन उत्पीड़न की शिकायत दर्ज कराई थी, जिसके बाद इन महिलाओं को नौकरी से निकाल दिया गया जबकि आरोपी स्टेनोग्राफर अभी भी कैंपस में ही काम कर रहा है.

अभिनेता नाना पाटेकर और अभिनेत्री तनुश्री दत्ता. (फोटो साभार: फेसबुक)

#मीटू: तनुश्री दत्ता मामले में नाना पाटेकर पर मुकदमा चलाने के लिए कोई सबूत नहीं- मुंबई पुलिस

तनुश्री दत्ता द्वारा नाना पाटेकर के ख़िलाफ़ दर्ज कराए गए छेड़खानी के मामले ओशीवारा पुलिस ने मेट्रोपोलिटन मजिस्ट्रेट के समक्ष ‘बी समरी’ रिपोर्ट दाखिल की है. यह रिपोर्ट तब दी जाती है जब आरोपपत्र दाखिल करने और मुकदमा चलाने के लिए पुलिस को आरोपी के ख़िलाफ़ कोई सबूत नहीं मिलता.

जस्टिस मदन बी. लोकुर. (फोटो साभार: फेसबुक/National Commission for Protection of Child Rights)

सीजेआई यौन उत्पीड़न: जस्टिस लोकुर ने कहा- संस्थागत भेदभाव हुआ, शिकायतकर्ता को मिले जांच रिपोर्ट

सुप्रीम कोर्ट के रिटायर्ड जस्टिस मदन बी लोकुर ने कहा कि शिकायतकर्ता महिला को मामले की सुनवाई करने वाली आंतरिक शिकायत समिति की रिपोर्ट निश्चित तौर पर मिलनी चाहिए ताकि शिकायतकर्ता महिला को उन सवालों का जवाब मिल सके, जो उसने उठाए हैं.

Students-protest-pti

‘उच्च शिक्षा पर हमला करने का मकसद सरकारों से सवाल पूछने वालों को ख़त्म करना है’

मानवाधिकारों से जुड़े समूह पीपुल्स कमीशन ऑन श्रिंकिंग डेमोक्रेटिक स्पेस ने देश में शिक्षा व्यवस्था का हाल जानने के लिए 17 राज्यों में 50 शैक्षणिक संस्थानों के छात्र-छात्राओं और शिक्षकों से बात कर रिपोर्ट जारी की है.

(फोटो: पीटीआई)

क्या देश का क़ानून हर व्यक्ति के लिए समान है?

2016 में सुप्रीम कोर्ट ने इस बारे में जांच की थी कि क्या किसी पद पर बैठे व्यक्ति द्वारा यौन उत्पीड़न के आरोपों को ‘राजनीतिक साज़िश’ कहा जा सकता है.

सीजेआई रंजन गोगोई (फोटो: पीटीआई)

सीजेआई यौन उत्पीड़न: नौकरी से निकालने के ख़िलाफ़ शिकायतकर्ता करेंगी सीजेआई से अपील

सुप्रीम कोर्ट की पूर्व कर्मचारी ने आरोप लगाया है कि सीजेआई रंजन गोगोई द्वारा किए गए आपत्तिजनक व्यवहार का विरोध करने के कारण उन्हें कोर्ट से बर्ख़ास्त कर दिया गया था.

(फोटो: रॉयटर्स)

एयर इंडिया के कमांडर पर यौन उत्पीड़न का आरोप, जांच शुरू

एयर इंडिया की शिकायतकर्ता महिला पायलट ने कहा कि यह घटना पांच मई को हैदराबाद में एक रेस्तरां में हुई, जहां उनके कमांडर ने उनके निजी जीवन के बारे में आपत्तिजनक सवाल पूछे.

अटॉर्नी जनरल केके वेणुगोपाल. (फोटो: पीटीआई)

सीजेआई यौन उत्पीड़न मामले पर केंद्र सरकार से मतभेद के चलते इस्तीफ़ा दे सकते हैं अटॉर्नी जनरल

एक्सक्लूसिव: सीजेआई पर लगे यौन उत्पीड़न के आरोपों की जांच कर रही समिति में एक बाहरी सदस्य शामिल करने की मांग करते हुए अटॉर्नी जनरल केके वेणुगोपाल ने सुप्रीम कोर्ट के सभी जजों को पत्र लिखा था. इस पर केंद्र सरकार द्वारा उन्हें स्पष्टीकरण देने को कहा गया कि ये उनकी ‘निजी राय’ है न कि केंद्र की.

मुख्य न्यायाधीश रंजन गोगोई. (फोटो: पीटीआई)

सीजेआई यौन उत्पीड़न मामला: शिकायतकर्ता ने कहा- ‘हम सब खो चुके हैं, अब कुछ नहीं बचा’

एक्सक्लूसिव: यौन उत्पीड़न के आरोपों पर सीजेआई रंजन गोगोई को सुप्रीम कोर्ट की आंतरिक समिति द्वारा क्लीनचिट मिलने के बाद शिकायतकर्ता महिला से विशेष बातचीत.

CJI

आरफ़ा का इंडिया: इंसाफ़ के मंदिर में इंसाफ़ नहीं?

वीडियो: सुप्रीम कोर्ट की आंतरिक जांच समिति द्वारा यौन उत्पीड़न मामले में भारत के मुख्य न्यायाधीश रंजन गोगोई को क्लीनचिट देने पर आरफ़ा ख़ानम शेरवानी का नज़रिया.

9th May thumbnail-min

द वायर बुलेटिन: नामांकन रद्द होने के ख़िलाफ़ दाख़िल तेज बहादुर यादव की याचिका सुप्रीम कोर्ट ने ख़ारिज की

वकील इंदिरा जयसिंह और लॉयर्स कलेक्टिव पर विदेशी चंदा लेने के आरोप पर सुप्रीम कोर्ट द्वारा जवाब मांगने समेत दिनभर की महत्वपूर्ण ख़बरों का अपडेट.

8th bulletin thumbnail (1)

द वायर बुलेटिन: राजीव गांधी को ‘भ्रष्टाचारी नंबर वन’ कहने वाले बयान पर भी चुनाव आयोग ने मोदी को क्लीनचिट दी

चुनाव आयोग को भाजपा नेताओं के ख़िलाफ़ सबसे अधिक आचार संहिता उल्लंघन की शिकायतें मिलने समेत दिनभर की महत्वपूर्ण ख़बरों का अपडेट.

सूचना आयुक्त श्रीधर आचार्युलु. (फोटो: धीरज मिश्रा/द वायर)

सीजेआई गोगोई को क्लीनचिट देने वाली रिपोर्ट सार्वजनिक की जाए: पूर्व सूचना आयुक्त

पूर्व सूचना आयुक्त श्रीधर आचार्युलु कहा, ‘जनहित का मामला लोगों को जानने का अधिकार देता है. इसलिए यौन उत्पीड़न के मामले में जो जानकारी सार्वजनिक नहीं की जानी चाहिए, उसे छिपाते हुए आंतरिक समिति द्वारा दिए गए फैसले की रिपोर्ट सार्वजनिक की जानी चाहिए.’

7th may 2018 bulletin thumbnail

द वायर बुलेटिन: सीजेआई को क्लीनचिट मिलने के ख़िलाफ़ विरोध प्रदर्शन, कई कार्यकर्ता हिरासत में लिए गए

चुनाव आयोग द्वारा दो और मामलों में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को क्लीनचिट देने समेत दिनभर की महत्वपूर्ण ख़बरों का अपडेट

मुख्य न्यायाधीश रंजन गोगोई. (फोटो: पीटीआई)

सीजेआई पर यौन उत्पीड़न का आरोप लगाने वाली महिला ने मांगी जांच रिपोर्ट की कॉपी

सुप्रीम कोर्ट की पूर्व महिला कर्मचारी ने जस्टिस एसए बोबडे की जांच समिति को पत्र लिखकर कहा कि मुझे रिपोर्ट पाने का अधिकार है. जिस तरह से सीजेआई को प्रत्यक्ष या अप्रत्यक्ष रूप में रिपोर्ट की एक कॉपी दी गई उसी तरह से मुझे भी एक कॉपी पाने का अधिकार है.

मुख्य न्यायाधीश रंजन गोगाई. (फोटो: पीटीआई)

अदालत ने अपने मुखिया की रक्षा में न्याय व्यवस्था पर जनता के विश्वास की हत्या कर डाली

यौन उत्पीड़न के मामलों में सबसे आवश्यक माना जाता है कि अगर आरोपी किसी संस्था में निर्णयकारी स्थिति में है, तो वहां से उसे हटाया जाए. पिछले दिनों ऐसे कितने ही प्रसंग हमारे सामने आए जिनमें संस्था के प्रमुखों को कार्य से मुक्त किया गया. निष्पक्षता की यह पहली शर्त मानी जाती है. लेकिन सुप्रीम कोर्ट से जुड़े इस विशेष मामले में ऐसा नहीं हुआ.