Suicide

सुशांत सिंह राजपूत. (फोटो साभार: ट्विटर)

सुशांत मामला: हाईकोर्ट ने केंद्र से पूछा- क्या ‘ज़्यादा रिपोर्टिंग’ न्याय के शासन में दखलअंदाज़ी है

सुशांत आत्महत्या मामले में ‘मीडिया ट्रायल’ के आरोपों को लेकर सुनवाई कर रहे बॉम्बे हाईकोर्ट ने कहा कि यदि अत्यधिक रिपोर्टिंग होती है तो यह आरोपी को लोगों की नज़र में ला सकती है, जिसके चलते वह साक्ष्य मिटा सकता है या भाग सकता है.

अर्णब गोस्वामी (फोटो साभार: ट्विटर)

सुशांत मामले में रिपब्लिक टीवी को कोर्ट की फटकार, कहा- यदि आप ही जज बन जाएंगे तो हम किसलिए हैं

बॉम्बे हाईकोर्ट ने यह टिप्पणी उन जनहित याचिकाओं पर सुनवाई करते हुए की, जिनमें सुशांत सिंह राजपूत की मौत के मामले में टीवी चैनलों को मीडिया ट्रायल करने से रोकने का आग्रह किया गया है.

दिल्ली पुलिस (फोटो: रायटर्स)

बीते क़रीब तीन साल में हर 35 दिन में दिल्ली पुलिस के एक कर्मचारी ने ख़ुदकुशी की: आरटीआई

समाचार एजेंसी पीटीआई द्वारा आरटीआई के तहत दायर आवेदन के जवाब में दिल्ली पुलिस ने बताया कि जनवरी 2017 से 30 जून 2020 तक दिल्ली के 37 कर्मचारियों और अधिकारियों ने आत्महत्या की है. पिछले 42 महीनों में 14 कर्मचारियों ने ड्यूटी के दौरान जान दी, जबकि 23 कर्मचारियों ने ‘ऑफ ड्यूटी’ आत्महत्या की.

Beed

महाराष्ट्र: साहूकार के कथित उत्पीड़न के बाद क़र्ज़ में डूबे किसान ने आत्महत्या की

मामला महाराष्ट्र के बीड ज़िले का है. पुलिस ने बताया कि घटनास्थल से मिले एक सुसाइड नोट में किसान ने साहूकार पर उत्पीड़न करने का आरोप लगाया है, जिसके बाद साहूकार को गिरफ़्तार कर लिया गया है.

Narendra Modi Mission Shakti Announcement TV Reuters

प्रिंट की तरह टीवी मीडिया को नियमित करने के लिए नियामक संस्था क्यों नहीं है: बॉम्बे हाईकोर्ट

अभिनेता सुशांत सिंह राजपूत की मौत के मामले में मीडिया कवरेज को लेकर दायर हुई जनहित याचिकाओं पर सुनवाई करते हुए बॉम्बे हाईकोर्ट ने कहा कि जिस तरीके से प्रिंट मीडिया के लिए भारतीय प्रेस परिषद है, केंद्र सरकार इलेक्ट्रॉनिक मीडिया के लिए इसी तरह की परिषद के बारे में क्यों नहीं सोचती है.

Kondagaon

छत्तीसगढ़ः कथित गैंगरेप के बाद युवती ने कर ली थी ख़ुदकुशी, पुलिस ने तीन महीने बाद दर्ज किया केस

छत्तीसगढ़ के कोंडागांव ज़िले में 18 जुलाई को कथित तौर पर सात लोगों ने एक लड़की के साथ गैंगरेप किया था. अगले दिन उसने आत्महत्या कर ली थी. घटना के तीन महीने बाद पुलिस ने छह आरोपियों को गिरफ़्तार किया है. थाना प्रभारी को सस्पेंड कर उनके ख़िलाफ़ विभागीय जांच शुरू कर दी गई है.

सुशांत सिंह राजपूत. (फोटो साभार: ट्विटर)

सुशांत सिंह मामला: बॉम्बे हाईकोर्ट ने पूछा, जांच पर सलाह देना क्या मीडिया का काम है?

बॉम्बे हाईकोर्ट ने अभिनेता सुशांत सिंह राजपूत की मौत के मामले में ‘मीडिया ट्रायल’ के ख़िलाफ़ जनहित याचिकाओं पर सुनवाई करते हुए यर टिप्पणी की. साथ इस मामले पर केंद्र सरकार से जवाब मांगा है.

अश्वीन कुमार, (फोटो: पीटीआई)

पूर्व सीबीआई निदेशक अश्वनी कुमार शिमला स्थित घर में मृत पाए गए

1973 बैच के 69 वर्षीय आईपीएस अधिकारी अश्वनी कुमार नगालैंड के राज्यपाल और हिमाचल प्रदेश पुलिस के पूर्व प्रमुख भी रहे थे. बुधवार को शिमला के पास उनके घर में उनका शव फंदे से लटकता मिला. पुलिस ने बताया कि उन्हें एक सुसाइड नोट मिला है जिस पर लिखा है कि वह एक नई यात्रा पर जा रहे हैं.

(प्रतीकात्मक फोटो: रॉयटर्स)

भारत के बड़े मेडिकल संस्थानों में आत्महत्या से रोकथाम की व्यवस्थाएं नहीं: आरटीआई

आत्महत्या और मानसिक स्वास्थ्य को लेकर ज़ाहिर की जा रही चिंताओं के बीच एक आरटीआई के जवाब में पता चला है कि डब्ल्यूएचओ और मानसिक स्वास्थ्य देखभाल अधिनियम, 2017 के स्पष्ट निर्देशों के बावजूद देश के कुछ बड़े मेडिकल संस्थानों में आत्महत्या या इसके प्रयासों को रोकने की कोई महत्वपूर्ण रणनीति नहीं है.

(फोटो संभार: Indiarailinfo.com)

बंगाल: नाबालिग आदिवासी बहनों से सामूहिक बलात्कार, एक ने आत्महत्या की, दूसरी की हालत गंभीर

घटना पश्चिम बंगाल के जलपाईगुड़ी ज़िले की है. इस संबंध में पुलिस ने तीन लोगों को गिरफ़्तार किया है. आरोपियों पर बलात्कार और आत्महत्या के लिए उकसाने का मामला दर्ज किया गया है.

AKI 7 September 2020.00_22_09_14.Still003

सुशांत, रिया, कंगना और मीडिया का सर्कस

वीडियो: सुशांत सिंह राजपूत की मौत के मामले में ड्रग्स से जुड़े पहलू को लेकर रिया चक्रवर्ती से नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो द्वारा पूछताछ की जा रही है. ब्यूरो जाते समय रिया के साथ हुए मीडिया के दुर्व्यवहार पर वरिष्ठ पत्रकार प्रभात शुंगलू से द वायर की सीनियर एडिटर आरफ़ा ख़ानम शेरवानी की बातचीत.

(फोटो: पीटीआई)

2019 में जितने लोगों ने आत्महत्या की, उनमें से लगभग एक चौथाई दिहाड़ी मज़दूर थे: एनसीआरबी

राष्ट्रीय अपराध रिकॉर्ड ब्यूरो द्वारा जारी आंकड़ों के मुताबिक, 2019 में कुल 139,123 लोगों ने आत्महत्या की है, जिसमें दिहाड़ी मज़दूरों की संख्या लगभग एक चौथाई यानी 32,563 है. इसके बाद गृहिणियों द्वारा आत्महत्या के सर्वाधिक मामले आए हैं. 2019 में 14,019 बेरोज़गारों ने आत्महत्या की थी, जो 2018 की तुलना में 8.37 प्रतिशत अधिक है.

A farmer shows wheat crop damaged by unseasonal rains in his wheat field at Sisola Khurd village in the northern Indian state of Uttar Pradesh, March 24, 2015. To match Insight INDIA-MODI/ Picture taken March 24, 2015. REUTERS/Anindito Mukherjee

साल 2019 में 42,480 किसानों और दिहाड़ी मजदूरों ने आत्महत्या की: एनसीआरबी

साल 2018 के मुकाबले किसानों की आत्महत्या में मामूली गिरावट आई है, जबकि दिहाड़ी कामगारों की आत्महत्या में आठ फीसदी की बढ़ोतरी हुई है.

संतराम सनोडिया. (फोटो: Special Arrangement)

मध्य प्रदेश: फसल के दाम न मिलने पर किसान ने की थी आत्महत्या, मुआवज़े के लिए भटक रहा है परिवार

मध्य प्रदेश के सिवनी ज़िले के एक किसान ने अक्टूबर 2018 में फसल के दाम न मिलने के चलते आत्महत्या कर ली थी. इसके बाद प्रशासन ने उनके परिवार को 10 लाख रुपये की सहायता राशि दिए जाने की घोषणा की थी, जिसे पाने के लिए उनका परिवार बीते दो सालों से संघर्ष कर रहा है.

Banda

उत्तर प्रदेश: बांदा ज़िले में किसान ने फांसी लगाकर आत्महत्या की

मामला चिल्ला थाना क्षेत्र के पलरा गांव का है. चिल्ला थाना प्रभारी ने बताया कि मृतक सात बीघे की कृषि भूमि गिरवी रखी थी, लेकिन जिस व्यक्ति ने भूमि गिरवी रखी, उसने बदले में उन्हें को पैसा नहीं दिया. संभवतः इसी से परेशान होकर उन्होंने फांसी लगाकर आत्महत्या की.