कोविड-19

बंगाल चुनाव: हाईकोर्ट ने कोविड-रोधी नियमों के क्रियान्वयन पर निर्वाचन आयोग से नाराज़गी जताई

विधानसभा चुनाव राउंड-अप: पश्चिम बंगाल स्थित उत्तर 24 परगना ज़िले में मतदान के दौरान अंधाधुंध की गई बमबारी में एक बच्चे सहित छह लोग घायल हो गए. चुनाव आयोग ने उत्तर 24 परगना ज़िले में केंद्रीय बलों की गोलीबारी में तृणमूल के दो कार्यकर्ताओं के घायल होने के आरोप को ख़ारिज कर दिया. निर्वाचन आयोग ने तृणमूल कांग्रेस से कहा कि शेष तीन चरणों के चुनाव को एक साथ मिलाने का उसका सुझाव ‘व्यावहारिक नहीं’ है.

कोविड 19 की दूसरी लहर के बीच बीते दिनों पश्चिम बंगाल की एक चुनावी रैली में जुटी भीड़. (प्रतीकात्मक फोटो: फेसबुक)

कोविड 19 की दूसरी लहर के बीच बीते दिनों पश्चिम बंगाल की एक चुनावी रैली में जुटी भीड़. (प्रतीकात्मक फोटो: फेसबुक)

कोलकाता: कोलकाता हाईकोर्ट ने पश्चिम बंगाल में चल रही विधानसभा चुनाव प्रक्रिया के दौरान कोविड-19 रोधी नियमों के क्रियान्वयन को लेकर बृहस्पतिवार को निर्वाचन आयोग से नाराजगी जताई.

मुख्य न्यायाधीश टीबीएन राधाकृष्णन के नेतृत्व वाली खंडपीठ ने चुनाव के दौरान कोविड रोधी प्रोटोकॉल के क्रियान्वयन का आग्रह करने वाली तीन जनहित याचिकाओं पर सुनवाई करते हुए कहा कि कोविड सुरक्षा पर परिपत्र जारी करना और बैठकें करना पर्याप्त नहीं है तथा नियमों को लागू करने के लिए उठाए गए कदमों संबंध में शुक्रवार तक शपथ-पत्र दायर किया जाना चाहिए.

जनहित याचिकाओं में इस बात पर चिंता जताई गई कि जारी चुनाव प्रचार में लोग कोविड रोधी नियमों का पालन नहीं कर रहे.

याचिकाओं में आशंका जताई गई कि इसका परिणाम पश्चिम बंगाल में कोरोना वायरस संक्रमण के मामलों में गंभीर वृद्धि के रूप में निकल सकता है, जो फिलहाल महामारी की दूसरी लहर का सामना कर रहा है.

अदालत ने कहा, ‘हम रिकॉर्ड में रखी गई इस सामग्री से संतुष्ट नहीं हैं कि पश्चिम बंगाल में भारत निर्वाचन आयोग और इसके अधिकारियों ने अपने परिपत्र जारी किए हैं.’

पीठ ने जनहित याचिकाओं पर वीडियो कॉन्फ्रेंस के माध्यम से सुनवाई की.

इसने कहा कि कोविड सुरक्षा पर परिपत्र जारी करना और बैठकें करना पर्याप्त नहीं है तथा नियमों को लागू करने के लिए उठाए गए कदमों के संबंध में शुक्रवार तक शपथपत्र दायर किया जाना चाहिए.

पश्चिम बंगाल के उत्तर 24 परगना में बमबारी, छह लोग घायल

कोलकाता: पश्चिम बंगाल स्थित उत्तर 24 परगना जिले के तीतागढ़ विधानसभा क्षेत्र में बृहस्पतिवार दोपहर छठे दौर के मतदान के दौरान अंधाधुंध की गई बमबारी में एक बच्चे सहित कम से छह लोग घायल हो गए.

पुलिस अधिकारी ने उपरोक्त जानकारी देते हुए बताया कि घटना के बाद इलाके में राज्य पुलिस और केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बल (सीएपीएफ) की विशाल टीम को रवाना किया गया है.

उन्होंने बताया कि प्राथमिक जांच में खुलासा हुआ है कि तीतागढ़ के टाटा गेट इलाके में मास्क पहकर आए अज्ञात लोगों ने कई पेट्रोल बम फेंके.

अधिकारी ने बताया, ‘घायलों का बीएन बोस अस्पताल में इलाज चल रहा है. हम मामले को देख रहे हैं.’

बता दें कि पश्चिम बंगाल में छठे चरण का मतदान जारी है और चुनाव आयोग के मुताबिक शाम सात बजे तक 79.11 फीसदी वोटिंग हुई है.

निर्वाचन आयोग ने केंद्रीय बलों की ओर से गोलीबारी के तृणमूल के आरोपों को खारिज किया

अशोक नगर/कोलकाता: निर्वाचन आयोग (ईसी) ने बृहस्पतिवार को तृणमूल कांग्रेस के उस आरोप को खारिज कर दिया, जिसमें दावा किया गया था कि उत्तर 24 परगना जिले के अशोक नगर विधानसभा क्षेत्र में केंद्रीय बलों की गोलीबारी में उसके दो कार्यकर्ता घायल हो गए हैं. अधिकारी ने यह जानकारी दी.

तृणमूल कार्यकर्ताओं ने आरोप लगाया था कि अशोक नगर सीट के तांग्रा इलाके स्थित मतदान केंद्र संख्या 79 के बाहर उसके दो कार्यकर्ता केंद्रीय बलों की गोली से उस समय घायल हो गए, जब कुछ पार्टी सदस्यों ने वहां से भाजपा प्रत्याशी तनुजा चक्रवर्ती के दौरे का विरोध किया.

(प्रतीकात्मक फोटो: पीटीआई)

(प्रतीकात्मक फोटो: पीटीआई)

पुलिस ने बताया कि इसको लेकर इलाके में भाजपा और तृणमूल कांग्रेस कार्यकर्ताओं में झड़प हुई और दोनों तरफ से बमबारी हुई.

उन्होंने बताया कि अज्ञात लोगों ने केंद्रीय पुलिस बल को लेकर आए एक वाहन में भी तोड़फोड़ की.

अशोकनगर से तृणमूल कांग्रेस प्रत्याशी नारायण गोस्वामी ने आरोप लगाते हुए कहा, ‘पार्टी के मेरे दो सहयोगी उस समय घायल हो गए जब केंद्रीय बलों द्वारा चलाई गई गोली उनके पैर में लगी. दोनों का नजदीकी अस्पताल मे इलाज चल रहा है. केंद्रीय बल सही काम नहीं कर रहे हैं.’

इसके बाद निर्वाचन आयोग ने जिले में तैनात अधिकारियों से रिपोर्ट तलब की और उसके आधार पर आरोपों को खारिज कर दिया.

वरिष्ठ अधिकारी ने बताया, ‘केंद्रीय बलों द्वारा गोली चलाने की कोई घटना नहीं हुई है. ऐसी कोई रिपोर्ट नहीं है. यह आधारहीन आरोप है.’

मालूम हो कि चौथे चरण के मतदान के दौरान 10 अप्रैल को कूच बिहार जिले के सीतलकूची क्षेत्र के जोरपाटकी गांव में कथित तौर पर स्थानीय लोगों की तरफ से केंद्रीय बलों पर कथित हमले और उसके बाद जवानों द्वारा की गई फायरिंग में चार लोगों की मौत हो गई थी.

प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, सुरक्षा बलों ने तब फायरिंग की जब गांववालों ने एक 12 साल के बच्चे पर सीआईएसएफ जवानों द्वारा हमले की अफवाह के बाद उन्हें घेर लिया था.

इस घटना से राजनीतिक तूफान आ गया है. केंद्रीय बल का दावा है कि गोली ‘आत्मरक्षा’ में चलाई गई है. वहीं टीएमसी ने इसे मतदाताओं को डराने के लिए सोच-समझकर की गई हत्या बताया है.

ममता बनर्जी ने गोलीबारी को नरसंहार करार दिया था और इसे केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह की साजिश बताया था.

बंगाल: कांग्रेस ने शमशेरगंज से दिवंगत उम्मीदवार की जगह उनकी पत्नी को प्रत्याशी बनाया

कोलकाता: कांग्रेस ने पश्चिम बंगाल की शमशेरगंज विधानसभा सीट से अपने उम्मीवदार रेयाउल हक का पिछले सप्ताह कोविड-19 के चलते देहांत होने के बाद उनकी पत्नी रुकइया खातून को प्रत्याशी घोषित किया है.

पार्टी ने एक बयान में कहा, ‘कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी ने दिवंगत रियाजुल हक की पत्नी रुकइया खातून को पश्चिम बंगाल की शमशेरगंज विधानसभा सीट से उम्मीदवार बनाने को मंजूरी दे दी है.’

निर्वाचन आयोग ने मुर्शिदाबाद जिले की शमशेरगंज और जंगीपुर सीट से उम्मीदवारों के देहांत के बाद इन सीटों पर चुनाव स्थगित कर दिए थे.

मालूम हो कि रिवोल्यूशनरी सोशलिस्ट पार्टी (आरएसपी) की ओर से मुर्शिदाबाद जिले के जंगीपुरा सीट से चुनाव मैदान में उतरे प्रदीप कुमार नंदी की मौत बीते 16 अप्रैल को कोरोना संक्रमण की वजह से हो गई थी. उनसे पहले 15 अप्रैल को मुर्शिदाबाद जिले की शमशेरगंज सीट से उम्मीदवार रेजाउल हक की भी संक्रमण से मौत हो हुई थी.

बंगाल में चुनाव कार्यक्रम में तब्दीली से इनकार; कांग्रेस, टीएमसी को कारण गिनाए

नई दिल्ली: निर्वाचन आयोग ने बुधवार को पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव कार्यक्रम में किसी तरह के बदलाव से इनकार किया और तृणमूल कांग्रेस से कहा कि शेष तीन चरणों के चुनाव को एक साथ मिलाने का उसका सुझाव ‘व्यावहारिक नहीं’ है.

आयोग ने पश्चिम बंगाल कांग्रेस के प्रमुख अधीर रंजन चौधरी से कहा कि मुस्लिमों का रमजान का महीना समाप्त होने और महामारी कम होने के बाद राज्य में शेष चरणों के चुनाव कराने की उनकी मांग इसलिए स्वीकार्य नहीं है कि राज्य विधानसभा का कार्यकाल 30 मई को समाप्त हो रहा है और उससे पहले नई विधानसभा का गठन किया जाना है.

Kolkata: A shopkeeper displays T-shirts with portraits of politicians printed on them, ahead of the Lok Sabha polls, in Kolkata, Thursday, March 14, 2019. (PTI Photo/Swapan Mahapatra)(PTI3_14_2019_000108B)

(प्रतीकात्मक फोटो: पीटीआई)

कांग्रेस नेता को बताया गया, ‘चुनाव के कार्यक्रम में किसी भी तरह का बदलाव चुनाव कराने के संवैधानिक एवं कानूनी प्रावधानों पर असर डालेगा.’

चौधीर ने चुनाव आयोग को 19 अप्रैल को पत्र लिखकर चुनाव टालने का आग्रह किया था.

तृणमूल कांग्रेस के नेता डेरेक ओ ब्रायन द्वारा राज्य के मुख्य निर्वाचन अधिकारी को लिखे पत्र के जवाब में आयोग ने जनप्रतिनिधित्व कानून के विभिन्न प्रावधानों और कोरोना वायरस महामारी के परिप्रेक्ष्य में मतदाताओं की सुरक्षा के लिए उठाए गए विभिन्न कदमों का हवाला दिया और राज्य में चुनाव के कार्यक्रम में बदलाव से इनकार किया.

पश्चिम बंगाल में छठे चरण का चुनाव जहां 22 अप्रैल को होना है, वहीं सातवें चरण और आठवें चरण का चुनाव क्रमश: 26 अप्रैल और 29 अप्रैल को होना है.

ब्रायन ने अपने पत्र में निर्वाचन आयोग से आग्रह किया था कि राज्य में छठे, सातवें और आठवें चरण के चुनाव को एक साथ कराया जाए और दावा किया कि राजनीतिक दलों एवं उम्मीदवारों के पास 52 दिन चुनाव प्रचार करने के लिए थे.

निर्वाचन आयोग ने जवाब में कहा कि इस बार अतिरिक्त चरण के बावजूद चुनाव का कुल समय 2016 के चुनावों की तुलना में 11 दिन कम कर 66 दिन किया गया है.

कोरोना वायरस के मामलों पर टीएमसी की चिंताओं का जिक्र करते हुए चुनाव आयोग ने कहा कि उसने अपनी संवैधानिक शक्तियों का इस्तेमाल करते हुए चुनाव प्रचार का समय शाम सात बजे से सुबह दस बजे के बीच प्रतिबंधित किया है ताकि भीड़ को इकट्ठा नहीं होने दिया जाए.

आयोग ने कहा कि उसने प्रत्येक चरण में चुनाव से पहले प्रचार समाप्त होने की अवधि को भी 48 घंटे से बढ़ाकर 72 घंटे कर दिया है.

बंगाल के बैरकपुर में भाजपा उम्मीदवार की कार पर बम से हमला

बैरकपुर: पश्चिम बंगाल के उत्तर 24 परगना जिले के खारदाह विधानसभा क्षेत्र से भाजपा उम्मीदवार शैलेंद्र दत्त की कार पर बुधवार शाम कथित तौर पर एक देसी बम से हमला किया गया. पुलिस के एक अधिकारी ने यहां यह जानकारी दी.

इस घटना में हालांकि किसी के हताहत होने की खबर नहीं है.

दत्त ने दावा किया कि वह रहारा में कल्याणी एक्सप्रेसवे पर सड़क किनारे एक चाय की दुकान पर चाय ले रहे थे, जब किसी ने एक बम फेंका जो उनके वाहन से कुछ मीटर दूर गिरा.

पुलिस अधिकारी ने कहा कि बैरकपुर पुलिस आयुक्तालय में उपायुक्त स्तर के एक अधिकारी ने मामले की जांच के लिए मौके का मुआयना किया.

कुछ महीनों पहले तृणमूल कांग्रेस छोड़ने वाले भाजपा उम्मीदवार ने कहा कि वह घटना को लेकर चुनाव आयोग से शिकायत करेंगे.

(समाचार एजेंसी भाषा से इनपुट के साथ)