गुजरात के पत्रकार महेश लांगा को सुप्रीम कोर्ट से अंतरिम ज़मानत मिली

'द हिंदू' के पत्रकार महेश लांगा को पिछले साल अक्टूबर में कथित धोखाधड़ी के मामले में गिरफ़्तार किया गया था और बाद में मनी लॉन्ड्रिंग का केस भी दर्ज किया गया था. 14 महीने से ज़्यादा समय से साबरमती जेल में बंद लांगा को अंतरिम ज़मानत देते हुए सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि वे अपने ख़िलाफ़ लगे आरोपों पर कुछ लिख नहीं सकते हैं.

गुजरात हाईकोर्ट ने संजीव भट्ट के जेल बदलने पर रोक लगाने की याचिका ख़ारिज की

गुजरात के पूर्व आईपीएस अधिकारी संजीव भट्ट की पत्नी गुजरात हाईकोर्ट में याचिका दायर कर अपने पति को पालनपुर जेल से स्थानांतरित किए जाने से रोकने की मांग की थी. कोर्ट ने कहा कि भट्ट को जेल स्थानांतरण की मांग करने का कोई पूर्ण अधिकार नहीं है. हिरासत का स्थान प्रशासन द्वारा हिरासत प्राधिकारी के चयन का मामला है.

मैंने जो देखा उस पर यकीन नहीं कर पाया, बस भागना शुरू कर दिया: एयर इंडिया हादसे में जीवित बचे शख़्स

अहमदाबाद से लंदन जा रहे एयर इंडिया फ्लाइट 171 में सवार एकमात्र जीवित व्यक्ति 40 वर्षीय विश्वास कुमार रमेश ने कहा कि विमान के उड़ान भरने के तीस सेकंड बाद एक तेज़ आवाज़ हुई और फिर विमान दुर्घटनाग्रस्त हो गया.

राजनीति में भाषा की शालीनता गुज़रे दिनों की बात हो चुकी है

गुजरात के लोग अशिष्ट, भद्दे और असभ्य बयानों के आदी हो चुके हैं. हमारे लिए यह सब सामान्य हो चुका है. यहां ‘100 करोड़ नी गर्लफ्रेंड’ एक चुटकुला बन जाता है और प्रधानमंत्री मोदी की स्त्रीविरोधी टिप्पणियां उनके ‘सेंस ऑफ ह्यूमर’ के सबूत के तौर पर तालियां बटोरती हैं.

विधानसभा चुनाव से एक साल पहले गुजरात के मुख्यमंत्री विजय रूपाणी को क्यों छोड़ना पड़ा पद

भाजपा के ‘मॉडल’ राज्य गुजरात के मुख्यमंत्री के रूप में विजय रूपाणी के इस्तीफ़ा देने के पांच संभावित कारण.

गंगा में बह रहे शवों के लिए ‘नंगे राजा’ पर उंगली उठाने वाली गुजराती कवयित्री से ख़फ़ा भाजपा

गंगा में बहे शवों को देखकर व्यथित हुई गुजराती कवियत्री पारुल खक्कर ने अपने दुख को चौदह पंक्तियों की की कविता की शक्ल दी, जिसे लेखकों के साथ-साथ आमजनों ने भी पसंद किया. हालांकि इसके बाद मूल रूप से गैऱ राजनीतिक पारुल सत्तारूढ़ भाजपा की ट्रोल आर्मी के निशाने गईं.