वीडी सावरकर

अंडमान प्रशासन के पास सावरकर की दया याचिकाओं का रिकॉर्ड नहीं: सरकार

अंडमान सेल्युलर जेल के लाइट एंड साउंड शो में सावरकर द्वारा अंग्रेज़ों को लिखी गई दया याचिकाओं का कोई उल्लेख न होने को लेकर राज्यसभा में सवाल पूछा गया था.

गोडसे ही नहीं, सावरकर पर भी बात होनी चाहिए

वीडियो: भोपाल से भाजपा सांसद प्रज्ञा ठाकुर के लोकसभा में नाथूराम गोडसे को एक बार फिर से देशभक्त कहने पर विवाद हुआ है. इस विवाद पर दिल्ली विश्वविद्यालय के प्रोफेसर अपूर्वानंद का नज़रिया.

भाजपा का असली अपराध प्रज्ञा ठाकुर को सांसद बनाना था

भाजपा के लोग चाहे जो दिखावा करें, लेकिन प्रज्ञा ठाकुर भारत के लिए शर्मिंदगी का सबब हैं. वे संसद और इसकी सलाहकार समिति के लिए शर्मिंदगी की वजह हैं. और निश्चित तौर पर वे अपने राजनीतिक आकाओं के लिए भी शर्मिंदगी का कारण हैं. लेकिन शायद उन्हें इस शब्द का मतलब नहीं पता.

कश्मीर और 370 से लेकर विभाजन तक नेहरू के प्रति भाजपा की नफ़रत झूठ की बुनियाद पर टिकी है

गृहमंत्री अमित शाह ने अगस्त में दिए एक भाषण में कहा था कि अगर नेहरू न होते, तो पाक अधिकृत कश्मीर भारत के कब्ज़े में होता. सच तो यह है कि अगर आज कश्मीर भारत का हिस्सा है तो यह केवल नेहरू के चलते ही है.

राष्ट्र निर्माण का आधार हैं सावरकर के संस्कार, भारत रत्न से रखा गया वंचित: नरेंद्र मोदी

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने यह बयान महाराष्ट्र के अकोला में एक चुनावी रैली को संबोधित करते हुए दिया. इससे एक दिन पहले ही महाराष्ट्र विधानसभा चुनाव के लिए जारी अपने घोषणा-पत्र में भाजपा ने सावरकर को भारत रत्न से सम्मानित करने का वादा किया था.

महाराष्ट्र: भाजपा का घोषणापत्र में सावरकर को भारत रत्न देने का वादा

महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस और भाजपा के राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष जेपी नड्डा द्वारा जारी 40 पन्ने के घोषणापत्र में ज्योतिबा और सावित्रीबाई फुले को भी भारत रत्न देने की बात कही है. साथ ही युवाओं को एक करोड़ रोजगार उपलब्ध कराने सहित कई अन्य वादे किए गए हैं.

जिन्ना को आरोपों से बरी करने का वक़्त आ गया है

यह सही है कि विभाजन से भारतीय मुसलमानों का सबसे ज़्यादा नुकसान हुआ, लेकिन इसके लिए जिन्ना या मुस्लिम लीग को क़सूरवार ठहराना इतिहास का सही पाठ नहीं है.

अपने-अपने जिन्ना

भारतीय राजनीति में जिन्ना के बरक्स अगर किसी दूसरे व्यक्तित्व को खड़ा किया जा सकता है तो वो हैं वीर सावरकर. संयोग नहीं है कि अपनी ज़िंदगी के पहले हिस्से की उपलब्धियों को अपनी बाद की ज़िंदगी में धो डालने वाले यह दोनों नेता विभाजन के द्विराष्ट्र सिद्धांत के पैरोकार थे.

Aligarh: Aligarh Muslim University's Women's College joined in a protest with university students during a protest at the gate of their campus in Aligarh on Thursday. PTI Photo (PTI5_3_2018_000172B)

अलीगढ़ ज़िले में इंटरनेट सेवाओं पर रोक, एएमयू में छात्रों का धरना जारी

अलीगढ़ मुस्लिम विश्वविद्यालय में मुहम्मद अली जिन्ना की तस्वीर को लेकर हुए विवाद को देखते हुए प्रशासन ने उठाया क़दम. ज़िले में धारा 144 भी लागू.

‘एएमयू पर हमला करने वाले याद रखें कि सावरकर ने जिन्ना की मुस्लिम लीग के साथ गठबंधन किया था’

अलीगढ़ मुस्लिम यूनिवर्सिटी में इतिहास के प्रोफेसर मोहम्मद सज्जाद का कहना है कि सरकार की तरह एएमयू इतिहास को अपने हिसाब से तोड़ने-मरोड़ने में विश्वास नहीं रखता.

भगत सिंह और सावरकर: दो याचिकाएं जो हिंद और हिंदुत्व का अंतर बताती हैं

भगत सिंह ने ब्रिटिश सरकार से कहा कि उनके फांसी देने की जगह गोलियों से भून दिया जाए. सावरकर ने अपील की उन्हें छोड़ दिया जाए तो आजीवन क्रांति से किनारा कर लेंगे.

अंग्रेज़ों से माफ़ी मांगने वाले सावरकर ‘वीर’ कैसे हो गए?

सावरकर ने अंग्रेज़ों को सौंपे अपने माफ़ीनामे में लिखा था, ‘अगर सरकार अपनी असीम भलमनसाहत और दयालुता में मुझे रिहा करती है, मैं यक़ीन दिलाता हूं कि मैं संविधानवादी विकास का सबसे कट्टर समर्थक रहूंगा और अंग्रेज़ी सरकार के प्रति वफ़ादार रहूंगा.’