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बिहार की जाति-जनगणना एक साहसिक क़दम है, जिसके प्रभाव राज्य से बाहर तक दिखाई देंगे

मुख्यमंत्री नीतीश कुमार और उपमुख्यमंत्री तेजस्वी यादव का राज्य में जाति जनगणना करवाने का निर्णय 2024 के लोकसभा चुनावों के मद्देनज़र राष्ट्रीय राजनीति को बड़े स्तर पर प्रभावित करने का माद्दा रखता है.

बिहार में जाति आधारित जनगणना शुरू; नीतीश ने कहा- केंद्र इसके लिए तैयार नहीं, राज्य करवा रहा है

बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने स्पष्ट किया है कि प्रत्येक परिवार की आर्थिक स्थिति के साथ-साथ केवल जातियों को सूचीबद्ध किया जाएगा, उप-जातियों को नहीं. बिहार की राजनीति में जाति-आधारित जनगणना एक प्रमुख मुद्दा रहा है. नीतीश की पार्टी जदयू और महागठबंधन के सभी घटक लंबे समय से मांग कर रहे थे कि यह जल्द से जल्द किया जाए.

राजदेव रंजन हत्या: ‘मुझे एक ईमानदार पत्रकार की पत्नी होने की सज़ा मिली’

साल 2016 में बिहार के सीवान ज़िले में पत्रकार राजदेव रंजन की हत्या कर दी गई थी. सीवान से चार बार सांसद रहे दिवंगत मोहम्मद शहाबुद्दीन हत्या के आरोपियों में से एक थे. बीते छह सालों से मामले की सीबीआई जांच चल रही है और रंजन का परिवार इंसाफ़ के इंतज़ार में है.

शराबबंदी के ग़लत क्रियान्वयन से बिहार के लोगों की जान जोखिम में: हाईकोर्ट

पटना हाईकोर्ट ने एक ज़मानत याचिका का निस्तारण करते हुए शराबबंदी लागू होने के बाद ज़हरीली शराब की त्रासदी को इस क़दम का सबसे चिंताजनक परिणाम बताया. साथ ही राज्य सरकार को नकली शराब के सेवन से बीमार होने वालों के इलाज के लिए मानक प्रोटोकॉल विकसित करने में विफल रहने पर फटकार लगाई.

जो शराब पीते हैं महापापी हैं, भारतीय कहलाने के लायक नहीं: नीतीश कुमार

बिहार विधान परिषद में राज्य के सख़्त शराब निषेध क़ानून में संशोधन के लिए चर्चा के दौरान मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने कहा कि शराब पीने वालों को कोई कानूनी राहत नहीं मिलेगी. उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि नकली शराब पीने से मरने वालों के परिवारों को कोई राहत नहीं मिलेगी.

बिहार विधानसभा ने शराबबंदी क़ानून में नरमी से जुड़ा विधेयक पारित किया

संशोधित क़ानून के अनुसार, पहली बार अपराध करने वालों को जुर्माना जमा करने के बाद ड्यूटी मजिस्ट्रेट से ज़मानत मिल जाएगी और यदि अपराधी जुर्माना राशि जमा करने में सक्षम नहीं है तो उसे एक महीने की जेल का सामना करना पड़ सकता है. 

शराबबंदी क़ानून को लेकर एक बार फिर सुप्रीम कोर्ट ने बिहार सरकार को फटकार लगाई

सुप्रीम कोर्ट ने बिहार सरकार को फटकारते हुए कहा कि शराब की समस्या एक सामाजिक मुद्दा है और हर राज्य को इससे निपटने के लिए क़ानून बनाने का अधिकार है, लेकिन इस पर कुछ अध्ययन करना चाहिए था कि यह कितनी तादाद में मुक़दमे बढ़ाएगा, किस तरह का बुनियादी चाहिए होगा और कितनी संख्या में न्यायाधीशों की ज़रूरत पड़ेगी.

बिहार: चंपारण सत्याग्रह स्थल के पास गांधी जी की प्रतिमा को क्षतिग्रस्त किया गया

पुलिस के अनुसार, मोतीहारी शहर के चरखा पार्क में महात्मा गांधी के चंपारण सत्याग्रह के शताब्दी वर्ष को चिह्नित करने के लिए स्थापित की गई प्रतिमा गंभीर रूप से क्षतिग्रस्त हो गई है. सोशल मीडिया पर सामने आईं ख़बरों में आरोप लगाए गए हैं कि रविवार रात को इलाके में धार्मिक नारे सुने गए थे, जिससे संकेत मिलता है कि इसमें मुख्यधारा से अलग दक्षिणपंथी समूहों की संलिप्तता हो सकती है.

बिहारः शराबबंदी क़ानून में संशोधन का मसौदा तय, गिरफ़्तारी के बजाय जुर्माने का प्रावधान

ये प्रस्तावित संशोधन शराबबंदी क़ानून को लेकर बिहार सरकार की आलोचना के बाद किए गए हैं. पिछले महीने सुप्रीम कोर्ट के चीफ जस्टिस एनवी रमना ने राज्य के शराबबंदी क़ानून को लेकर दूरदर्शिता की कमी का हवाला देते हुए कहा था कि इसकी वजह से हाईकोर्ट में बड़ी संख्या में जमानत याचिकाएं लंबित पड़ी हैं.

बिहार में भगवान मिल जाएं तो मिल जाएं मगर बोतल नहीं मिलनी चाहिए

नशा शराब में होता तो नाचती बोतल. बिहार में उल्टा हो रहा है. बोतल नाच नहीं रही है, बोतल के पीछे बिहार नाच रहा है. बिहार में बोतल मिल रही है लेकिन विधानसभा में बोतल का मिल जाना सारी कल्पनाओं की पराकाष्ठा है. 

Patna: Bihar Chief Minister Nitish Kumar attends the foundation stone laying ceremony of 'Multipurpose Prakash Kendra and Udyan' at the campus of Guru Ka Bagh in Patna, Sunday, Sept 9, 2018. (PTI Photo)(PTI9_9_2018_000102B)

बिहार: शीतकालीन सत्र के बीच विधानसभा परिसर में मिली शराब की ख़ाली बोतलें, जांच के आदेश

शीतकालीन सत्र के दूसरे दिन विधानसभा भवन परिसर के दक्षिण-पूर्वी छोर पर दोपहिया वाहनों के पार्किंग स्थल के रूप में चिह्नित क्षेत्र में शराब की कुछ ख़ाली बोतलें मिली थीं, जिसके बाद विपक्ष ने सदन में हंगामा किया. नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने प्रदेश में पूर्ण शराबबंदी के बावजूद शराब की उपलब्धता और उसके सेवन को रोक पाने में नीतीश सरकार पर विफल रहने का आरोप लगाया.

बिहार: ज़हरीली शराब से चार और लोगों की मौत, दिवाली के बाद से मृतक संख्या 40 हुई

बिहार में अप्रैल 2016 से लागू शराबबंदी के बावजूद मौत के ये मामले सामने आए हैं. मौत के नए मामले समस्तीपुर ज़िले से आए हैं. मृतकों में सेना के एक जवान और बीएसएफ के एक कर्मचारी भी शामिल हैं. इससे पहले गोपालगंज और पश्चिमी चंपारण ज़िलों में ज़हरीली शराब के सेवन से कम से कम 33 लोगों की मौत हो गई थी.

बिहार में शराब पीने से मरने वालों की संख्या 33 हुई

बिहार के गोपालगंज और पश्चिम चंपारण ज़िलों में इन लोगों की मौत हुई है. पुलिस ने बताया कि इस संबंध में दोनों ज़िलों के चार पुलिसकर्मियों को निलंबित कर दिया गया है. राज्य में अप्रैल 2016 से शराब के सेवन और बिक्री पर पूर्ण प्रतिबंध है. 

शराबबंदी वाले बिहार में कथित तौर पर नकली शराब के सेवन से कम से कम 24 लोगों की मौत

बिहार के गोपालगंज और पश्चिम चंपारण ज़िलों की घटना. पिछले दो दिनों में कथित तौर पर नकली शराब के सेवन से इन लोगों की जान गई और कई अन्य बीमार हो गए हैं. हालांकि दोनों ज़िलों के प्रशासन ने अब तक मौतों के कारणों की पुष्टि नहीं की है. 

बिहार: पुलिसकर्मियों को ड्यूटी के दौरान फोन का इस्तेमाल न करने का निर्देश

बिहार के पुलिस महानिदेशक एसके सिंघल द्वारा जारी आदेश में कहा गया है कि ऐसे उदाहरण सामने आए हैं जिनमें पुलिस अधिकारी व कर्मी ड्यूटी के दौरान अनावश्यक रूप से मोबाइल फोन का इस्तेमाल करते हैं. ड्यूटी के दौरान मोबाइल का अनावश्यक उपयोग अनुशासनहीनता का परिचायक है.