Chief Minister Himanta Biswa Sarma

असम: कथित ‘तालिबान समर्थक पोस्ट’ के लिए यूएपीए के तहत गिरफ़्तार 14 लोगों को ज़मानत

असम पुलिस द्वारा इस मामले में गिरफ़्तार किए गए सोलह लोगों में से चौदह को निचली अदालत और गुवाहाटी हाईकोर्ट ने ज़मानत दे दी है. कोर्ट ने कहा कि उन्हें जेल में रखने के लिए कोई पर्याप्त आधार नही हैं.

नॉर्थ ईस्ट डायरीः विरोध के बीच अडाणी समूह को सौंपा गया गुवाहाटी हवाईअड्डे का संचालन

इस हफ्ते नॉर्थ ईस्ट डायरी में असम, मणिपुर, मेघालय, सिक्किम, अरुणाचल प्रदेश और मणिपुर के प्रमुख समाचार.

नॉर्थ ईस्ट डायरी: मणिपुर के आदिवासी नेता की हत्या मामले की एनआईए जांच के आदेश

इस हफ्ते नॉर्थ ईस्ट डायरी में मणिपुर, असम, मेघालय, मिज़ोरम, अरुणाचल प्रदेश और त्रिपुरा के प्रमुख समाचार.

असम: सरकारी नौकरी पाने के लिए एससी, एसटी, आदिवासी को दो बच्चों के नियम से छूट दी गई

असम मंत्रिमंडल ने राज्य की क़रीब 11 लाख महिलाओं का सूक्ष्म ऋण माफ़ करने के लिए 1,800 करोड़ रुपये और सार्वजनिक उपक्रम हिंदुस्तान पेपर मिल्स (एचपीसी) की बंद पड़ी दो इकाइयों की परिसंपत्ति अधिग्रहित करने के लिए 700 करोड़ रुपये मंज़ूर किए. मुख्यमंत्री हिमंता बिस्वा शर्मा ने कहा कि इससे 11 लाख महिलाओं के 25 हज़ार रुपये तक के क़र्ज़ माफ़ होंगे.

नॉर्थ ईस्ट डायरी: हिमंता बिस्वा सरकार के सौ दिन और ‘नए असम’ का वादा

वीडियो: इस हफ्ते नॉर्थ ईस्ट डायरी में असम में हिमंता बिस्वा शर्मा की अगुवाई वाली भाजपा सरकार के सौ दिनों और केंद्रीय मंत्री किरेन रिजिजू के अरुणाचल प्रदेश से चकमा और हाजोंग समुदाय को हटाने संबंधी बयान पर द वायर की नेशनल अफेयर्स एडिटर संगीता बरुआ पिशारोती से मीनाक्षी तिवारी की बातचीत.

मुर्गे, बकरे का मांस या मछली खाने के बजाय बीफ़ ज़्यादा खाओः मेघालय के भाजपा मंत्री

पिछले हफ्ते मेघालय सरकार में कैबिनेट मंत्री की शपथ लेने वाले भाजपा नेता सनबोर शुलई ने कहा कि एक लोकतांत्रिक देश में हर कोई अपनी पसंद का खाना खाने के लिए स्वतंत्र है. मेघालय और असम के बीच तनावपूर्ण सीमा विवाद पर उन्होंने कहा कि हमारे पास अपने लोगों की रक्षा करने की भावना होनी चाहिए, हमें अपने बल का उपयोग करना चाहिए. पुलिस को असम पुलिस से बात करने के लिए जाना चाहिए.

असम-मिज़ोरम सीमा संबंधी विवाद के गंभीर स्थिति में पहुंचने का ज़िम्मेदार कौन है

असम और मिज़ोरम की सीमा पर गोलीबारी जैसी घटना पहले कभी नहीं हुई थी. इस बारे में दोनों ही राज्यों के मुख्यमंत्रियों के बयान अलग-अलग हैं. हालांकि इस तरह की झड़प को रोकने में गृह मंत्री अमित शाह की विफलता केंद्रीय गृह मंत्रालय की भूमिका पर सवाल उठाती है.

असम-मिज़ोरम सीमा विवाद: असम पुलिस के घायल जवान की मौत, मृतक संख्या सात हुई

असम और मिज़ोरम की विवादित सीमा पर 26 जुलाई को हुए हिंसक झड़प में पांच पुलिसकर्मी और एक आम नागरिक की मौत हो गई थी. इस घटना में कछार एसपी समेत 50 अन्य घायल हो गए थे. 

असम और मिज़ोरम के बीच सीमा विवाद की वजह क्या है?

मौजूदा असम और मिज़ोरम के बीच 164 किलोमीटर की सीमा ब्रिटिश ज़माने से ही है जब मिज़ोरम को असम के एक ज़िले लुशाई हिल्स के नाम से जाना जाता था. विवाद 1875 की एक अधिसूचना से उपजा है, जो लुशाई हिल्स को कछार के मैदानी इलाकों से अलग करता है, जबकि 1933 की एक अन्य अधिसूचना ने उस विवाद को बढ़ाने का काम किया, जिसके तहत लुशाई हिल्स और मणिपुर के बीच एक सीमा निर्धारित कर दी गई.

सीमा विवादः असम के मुख्यमंत्री ने वीडियो ट्वीट कर कहा- मिज़ोरम पुलिस ने मामला बढ़ाया

लंबे समय से चले आ रहे सीमा विवाद को लेकर बीते सोमवार को असम और मिज़ोरम पुलिस के बीच हुए हिंसक संघर्ष में असम के कम से कम पांच पुलिसकर्मियों की मौत हो गई, जबकि क़रीब 50 अन्य घायल हो गए. असम के मुख्यमंत्री हिमंता बिस्वा शर्मा ने मामले को लेकर सुप्रीम कोर्ट में ले जाने की बात कही है.

असम-मिज़ोरम सीमा विवाद: दोनों राज्यों की पुलिस के बीच संघर्ष, असम के छह पुलिसकर्मियों की मौत

सीमा विवाद को लेकर असम और मिज़ोरम के मुख्यमंत्रियों के बीच सार्वजनिक रूप से कहासुनी हुई. दोनों मुख्यमंत्रियों ने हिंसा के लिए एक-दूसरे को ज़िम्मेदार ठहराते हुए केंद्र सरकार से तत्काल हस्तक्षेप की मांग की. केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने हिमंता बिस्वा शर्मा और ज़ोरमथांगा से बात कर शांति बनाए रखने की अपील की है.

असम के मुख्यमंत्री की अल्पसंख्यकों के उचित परिवार नियोजन की टिप्पणी गुमराह करने वाली: विपक्ष

राज्य के तीन ज़िलों में अतिक्रमित भूमि से कई परिवारों को हाल में हटाए जाने का संदर्भ देते हुए मुख्यमंत्री हिमंता बिस्वा शर्मा ने अल्पसंख्यक समुदाय से परिवार नियोजन अपनाने की अपील की थी. विपक्षी कांग्रेस, एआईयूडीएफ तथा अल्पसंख्यक छात्र निकाय ने इस बयान को दुर्भाग्यपूर्ण, तुच्छ व भ्रामक क़रार दिया है.

कोविड-19 रोधी टीके की कमी की वजह से असम में आधी क्षमता से हो रहा है टीकाकरण: मुख्यमंत्री

असम के मुख्यमंत्री हिमंता बिस्वा सरमा ने लोगों से टीकाकरण में राज्य सरकार का साथ देने और मुख्यमंत्री राहत कोष या असम आरोग्य निधि में पैसा दान करने की अपील की. हालांकि उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि राज्य में वित्तीय संकट में नहीं है और उसके पास अपनी आबादी के टीकाकरण के लिए पर्याप्त बजट है.