Police Atrocities

कासगंज मामलाः पुलिस हिरासत में युवक की मौत के कई दिनों बाद एफआईआर दर्ज

नौ नवंबर को कासगंज में अल्ताफ़ नाम के युवक की पुलिस हिरासत में संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई थी. पुलिस ने इसे ख़ुदकुशी बताया है जबकि मृतक के परिजनों ने पुलिस द्वारा बेरहमी से पीटे जाने से मौत होने का आरोप लगाया है.

कासगंज मामला: मृत युवक के परिजनों ने मांगा न्याय, कहा- पुलिस ने गढ़ी आत्महत्या की कहानी

नौ नवंबर को कासगंज में अल्ताफ़ नाम के युवक की पुलिस हिरासत में संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई थी. पुलिस ने इसे ख़ुदकुशी बताया है जबकि मृतक के परिजनों ने पुलिस द्वारा बेरहमी से पीटे जाने से मौत होने का आरोप लगाया है. अल्पसंख्यक आयोग ने मामले में यूपी प्रशासन से रिपोर्ट तलब की है.

क़ानून पुलिस हिरासत में पूछताछ के दौरान लोगों को पीटने की अनुमति नहीं देताः दिल्ली हाईकोर्ट

दिल्ली हाईकोर्ट दो लोगों की याचिका पर सुनवाई कर रहा था, जिन्हें कथित तौर पर अवैध रूप से हिरासत में लिया गया और दिल्ली पुलिस के कर्मचारियों ने इस दौरान उन्हें बेरहमी से पीटा था. उनका यह भी आरोप है कि पुलिस की ज़्यादती को लेकर की गई उनकी शिकायत पर भी कोई कार्रवाई नहीं हुई.

यूपी पुलिस के फेक एनकाउंटर मामलों को दबाया गया, एनएचआरसी ने भी नियमों का उल्लंघन किया: रिपोर्ट

नागरिक समाज संगठनों द्वारा मार्च 2017 और मार्च 2018 के बीच में उत्तर प्रदेश में पुलिस एनकाउंटर की 17 घटनाओं का अध्ययन किया गया है, जिसमें 18 लोगों की मौत हुई थी. इसमें से किसी में भी किसी पुलिसकर्मी पर कोई कार्रवाई नहीं हुई है. इन मामलों की जांच राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग ने भी की थी. इनमें से 12 मामलों में आयोग ने पुलिस को क्लीनचिट दे दी है.

उत्तर पूर्वी दिल्ली: ‘मेरी पिटाई के बाद जेल में डालने की धमकी दी गई’

वीडियो: उत्तर-पूर्व दिल्ली की हामिदा इदरीसी का आरोप है कि बीते 30 अगस्त को उनके किरायेदार और पड़ोसियों के बीच झगड़ा हुआ था. उन्होंने बीच-बचाव कर मामला शांत करा दिया था. बाद में दयालपुर थाने के एसएचओ गिरीश जैन और अन्य पुलिसकर्मी उन्हें जबरन थाने ले गए और उनकी बेरहमी से पिटाई की गई. हालांकि पुलिस ने इन आरोपों का खंडन किया है.

दिल्लीः मुस्लिम महिला का पुलिस हिरासत में बर्बरता से पिटाई का आरोप

मुस्लिम महिला का आरोप है कि बीते 30 अगस्त को उनके किरायेदार और पड़ोसियों के बीच झगड़ा हुआ था. उन्होंने बीच-बचाव कर मामला शांत करा दिया था. बाद में उत्तर-पूर्वी दिल्ली के दयालपुर थाने के एसएचओ गिरीश जैन और अन्य पुलिसकर्मी उन्हें जबरन थाने ले गए और उनकी बेरहमी से पिटाई की गई. एचएचओ ने आरोपों का खंडन किया है.

यूपी पुलिस द्वारा पूर्व सैन्यकर्मी की प्रताड़ना का मामलाः हाईकोर्ट ने डीजीपी से जवाब मांगा

एक पूर्व सैन्य अधिकारी ने इलाहाबाद हाईकोर्ट में याचिका दायर कर पीलीभीत ज़िले के पुलिसकर्मियों पर उन्हें और उनके परिवार से मारपीट और प्रताड़ित करने का आरोप लगाया था. सेवानिवृत्त सैन्यकर्मी ने पुलिसकर्मियों पर उन्हें अपमानित करने और आत्मसम्मान को ठेस पहुंचाने के इरादे से उनके निजी अंग में डंडा डालकर उन्हें प्रताड़ित कर सभी हदें पार करने का आरोप लगाया है.

यूपीः दलित युवक की कथित तौर पर हिरासत में मौत, तीन पुलिसकर्मियों के ख़िलाफ़ केस दर्ज

उत्तर प्रदेश के सुल्तानपुर​ ज़िले का मामला. एक नाबालिग लड़की के अपहरण के आरोपी दलित युवक की मां की शिकायत के आधार पर तीनों पुलिसकर्मियों के ख़िलाफ़ हत्या का मामला दर्ज करने के साथ उन्हें निलंबित कर दिया गया है. शिकायतकर्ता का कहना है कि तीनों पुलिसकर्मियों ने उनके बेटे को मारने की मंशा से उसका गला घोंटा और डंडे से बेरहमी से उसकी पिटाई की, जिससे उसकी मौत हो गई.

यूपी: 10 लोगों को फ़र्ज़ी केस में फंसाने के आरोप में एसएचओ सहित तीन पुलिसकर्मियों पर एफ़आईआर

बीते चार फरवरी को दो पुलिसवाले एटा ज़िले में आगरा रोड पर स्थित ढाबे पर खाना खाने गए थे, लेकिन उन्होंने उसका भुगतान करने से इनकार कर दिया था. जब ढाबा मालिक ने उनसे पैसे मांगे तब उन्होंने उनकी पिटाई कर दी और लूट के आरोप में ढाबे पर मौजूद ग्राहकों सहित 10 लोगों को फंसा दिया था.

जामिया हिंसा: पुलिस पर एफआईआर की याचिका ख़ारिज, अदालत ने कहा- आधिकारिक ड्यूटी थी

दिसंबर 2019 में सीएए के ख़िलाफ़ एक प्रदर्शन में हुई झड़प के बाद दिल्ली पुलिस ने जामिया मिलिया परिसर में घुसकर लाठीचार्ज किया था, जिसमें क़रीब 100 लोग घायल हुए थे. विश्वविद्यालय ने बिना अनुमति प्रवेश और छात्रों व सुरक्षा गार्डों पर हमले के आरोप में पुलिस पर एफआईआर दर्ज करने की याचिका दायर की थी.

जामिया हिंसा के एक साल बाद भी एफ़आईआर दर्ज नहीं, अब उम्मीद भी नहींः कुलपति

बीते साल दिसंबर में नागरिकता संशोधन क़ानून के ख़िलाफ़ हुए प्रदर्शन के बाद दिल्ली पुलिस ने जामिया मिलिया इस्लामिया परिसर में घुसकर लाठीचार्ज किया था, जिसमें क़रीब 100 लोग घायल हुए थे. वहीं, एक छात्र की एक आंख की रोशनी चली गई थी.

ओडिशाः कथित तौर पर पुलिस हिरासत में मौत के दो मामले, जांच के आदेश

ओडिशा के पुरी और सुंदरगढ़ ज़िलों में कथित तौर पर पुलिस हिरासत में मौत के मामले सामने आए हैं, जिसे लेकर ओडिशा विधानसभा के शीतकालीन सत्र के पहले दिन हंगामा हुआ. अदालत की निगरानी में जांच के लिए ओडिशा हाईकोर्ट में याचिका भी दायर की गई है.

आंध्र प्रदेशः ऑटो चालक ने परिवार समेत ट्रेन के आगे आकर आत्महत्या की, पुलिस प्रताड़ना का आरोप

यह घटना आंध्र प्रदेश के कर्नूल में तीन नवंबर को हुई. घटना के बाद सामने आए एक वीडियो में ऑटो चालक पुलिस की प्रताड़ना से परेशान होने की बात कहते नज़र आते हैं. मृतकों में दो बच्चे भी शामिल हैं.

यूपी: निलंबित महोबा एसपी पर आरोप लगाने वाले कारोबारी की मौत, परिवार ने लगाया प्रताड़ना का आरोप

आठ सितंबर को महोबा के तत्कालीन एसपी मणिलाल पाटीदार के ख़िलाफ़ रिश्वत मांगने का आरोप लगाने के कुछ ही घंटे बाद कारोबारी को गोली मार दी गई थी. इसके बाद एसपी को निलंबित कर उनके ख़िलाफ़ हत्या के प्रसास का केस दर्ज किया गया था. अब मृत व्यवसायी के बड़े भाई ने कहा है कि एफआईआर में अब तक हत्या की धारा नहीं जोड़ी गई है.

कैंपस में अनुशासन को लेकर जेएनयू, जामिया, एएमयू और बीएचयू जैसे विश्वविद्यालयों ने चर्चा की

जामिया मिलिया इस्लामिया द्वारा आयोजित वेबिनार ‘विश्वविद्यालयों में अनुशासन’ में जामिया, जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय, बनारस हिंदू विश्वविद्यालय, अलीगढ़ मुस्लिम विश्वविद्यालय और जामिया हमदर्द शामिल थे. चर्चा में कैंपस के उपद्रवी तत्वों को अलग-थलग करने से लेकर पुलिस के साथ संपर्क पर चर्चा की गई.