Smriti Irani

Patna: Swami Ramdev after being offered a 'Makhana-garland' during a function, in Patna on Monday, July 16, 2018. (PTI Photo) (PTI7_16_2018_000021B)

रामदेव के पतंजलि को मिली वैदिक स्कूल बोर्ड चलाने की ज़िम्मेदारी

पतंजलि योगपीठ के चयन के साथ ही भारतीय शिक्षा बोर्ड देश का पहला ऐसा निजी स्कूल बोर्ड बन गया जो कि सरकार द्वारा मान्यता प्राप्त होगा.

New Delhi: Baba Ramdev during Bharatatma Ashokji Singhal Vedik Puraskar 2018 award function, in New Delhi, Tuesday, Sept. 25, 2018. (PTI Photo/Ravi Choudhary) (PTI9_25_2018_000186B)

देश का पहला वैदिक स्कूल बोर्ड स्थापित करने की दौड़ में रामदेव का ट्रस्ट शामिल

तीन साल पहले तत्कालीन एचआरडी मंत्री स्मृति ईरानी ने वैदिक शिक्षा बोर्ड गठित करने के रामदेव के प्रस्ताव को खारिज कर दिया था. उन्होंने एक निजी स्कूल बोर्ड स्थापित करने पर सरकार की आपत्ति दर्ज कराई थी. हालांकि, सरकार ने हाल ही में अपना फैसला पलट दिया.

New Delhi: Union Textiles Minister Smriti Irani addresses a press conference at BJP Headquarters in New Delhi, Tuesday, Sept 11, 2018. (PTI Photo) (PTI9_11_2018_000085B)

मोदी जिस दिन संन्यास लेंगे, मैं भी उसी दिन राजनीति छोड़ दूंगी: स्मृति ईरानी

केंद्रीय मंत्री स्मृति ईरानी ने एक कार्यक्रम में कहा कि नरेंद्र मोदी ने मुझे गुजरात से सांसद बनाया, राज्यसभा चुनाव में उम्मीदवार के तौर पर प्रस्तावित किया. जब मुझे मानव संसाधन मंत्री के तौर पर सेवा करने का मौका मिला, तो नेतृत्व के अलावा किसी को मुझ पर भरोसा नहीं था.

सरकार ने संसद को नहीं बताया रघुराम राजन द्वारा भेजे गए घोटालेबाज़ों के नाम, कहा- केस दर्ज हुआ है

बीते अगस्त महीने में वित्त मंत्रालय ने संसद में बताया था कि वित्त वर्ष 2015-16 से लेकर 2017-18 के बीच फ्रॉड की वजह से बैंकों को 69,755 करोड़ रुपये तक का नुकसान हुआ है. सीबीआई 292 बैंक फ्रॉड के मामलों की जांच कर रही है.

केंद्रीय सूचना आयोग को शर्मिंदा होना चाहिए कि आरबीआई उसके आदेशों को नहीं मान रहा: सूचना आयुक्त

सूचना आयुक्त श्रीधर आचार्युलु ने मुख्य सूचना आयुक्त आरके माथुर को पत्र लिखकर कहा कि आरबीआई द्वारा जानबूझकर कर्ज़ न चुकाने वाले लोगों की जानकारी नहीं देने पर केंद्रीय सूचना आयोग को सख़्त कदम उठाना चाहिए.

सीआईसी की पीएमओ को फटकार, रघुराम राजन द्वारा भेजे गए घोटालेबाजों के नाम सार्वजनिक करने को कहा

सीआईसी ने कहा कि यह दुर्भाग्य की बात है कि पीएमओ जानकारी देने से मना कर रहा है. उनका नैतिक, संवैधानिक और राजनीतिक कर्तव्य है कि वो भारत के नागरिकों को बड़े बैंक डिफॉल्टर्स और उनके खिलाफ की गई कार्रवाई की जानकारी दे.

सुप्रीम कोर्ट के आदेश का उल्लंघन, आरबीआई ने तीन साल बाद भी नहीं बताया शीर्ष 100 डिफॉल्टरों के नाम

विशेष रिपोर्ट: सुप्रीम कोर्ट ने तीन साल पहले दिसंबर 2015 में आरबीआई की सभी दलीलों को ख़ारिज करते हुए अपने फैसले में कहा था कि आरबीआई देश के शीर्ष 100 डिफॉल्टरों के बारे में जानकारी दे और इससे संबंधित सूचना वेबसाइट पर अपलोड करे.

सीआईसी का आदेश, रघुराम राजन द्वारा भेजी गई घोटालेबाजों की सूची पर सरकार जानकारी दे

केंद्रीय सूचना आयोग (सीआईसी) ने 50 करोड़ रुपये और उससे अधिक का ऋण लेने और जानबूझकर उसे नहीं चुकाने वालों के नाम के संबंध में सूचना नहीं उपलब्ध कराने को लेकर आरबीआई गवर्नर उर्जित पटेल को कारण बताओ नोटिस भेजा है.

रघुराम राजन ने मोदी को ही भेजी थी एनपीए घोटालेबाज़ों की सूची, कार्रवाई पर सरकार की चुप्पी

द वायर एक्सक्लूसिव: एक आरटीआई के जवाब में आरबीआई ने बताया कि पूर्व आरबीआई गवर्नर रघुराम राजन ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी समेत वित्त मंत्रालय को एनपीए घोटालेबाज़ों की सूची भेजी थी. सूची के संबंध में हुई कार्रवाई पर जानकारी देने से केंद्र सरकार का इनकार.

#मीटू: भाजपा नेता बोलीं, महिला पत्रकार इतनी मासूम नहीं कि उनका फायदा उठाया जा सके

मध्य प्रदेश में भाजपा महिला मोर्चा की अध्यक्ष लता केलकर ने मंत्री और पूर्व संपादक एमजे अकबर पर महिला पत्रकारों द्वारा लगाए गए यौन उत्पीड़न के आरोपों पर कहा कि पत्रकार बहनों को मैं इतना मासूम नहीं मानती कि कोई उनका ग़लत फायदा उठा ले.

एनपीए के घोटालेबाज़ों पर रघुराम राजन की सूची पर संसदीय समिति ने पीएमओ से मांगा जवाब

भाजपा सांसद मुरली मनोहर जोशी की अध्ययक्षता वाली प्राक्कलन समिति को भेजे अपने नोट में रिज़र्व बैंक के पूर्व गवर्नर रघुराम राजन ने कहा था कि उन्होंने पीएमओ को एनपीए के फ़र्ज़ीवाड़े के बड़े मामलों की एक सूची भेजी थी, ताकि उनकी गंभीरतापूर्वक जांच की जा सके.

एनपीए पर रघुराम राजन की रिपोर्ट रसूख़दारों पर सरकारी मेहरबानी का दस्तावेज़ है

अब यह देखा जाना बाक़ी है कि क्या मोदी सरकार इन बड़े कॉरपोरेट घरानों के ख़िलाफ़ कार्रवाई करने में सफल हो पाती है, जो आने वाले आम चुनावों में अज्ञात चुनावी बॉन्डों के सबसे बड़े ख़रीदार हो सकते हैं.

माल्या को ‘माल्या’ किसने बनाया?

विजय माल्या ने हर दल की मदद से खुद को राज्यसभा में पहुंचाकर भारत की संसदीय परंपरा को उपकृत किया. मैं माल्या के इस योगदान का सम्मान करता हूं. इस मामले में प्रो-माल्या हूं. क्या माल्या बहुत बड़े राजनीतिक विचारक थे? जिन-जिन लोगों ने उन्हें संसद में पहुंचाया वो सामने आकर बोले तों. वन सेंटेंस में!

जनता एनपीए विवाद में उसी तरह उल्लू बन रही है जैसे हिंदू-मुस्लिम डिबेट में बनती है

अगर यह राजनीतिक विवाद किसी भी तरह से आर्थिक अपराध का है तो दस लाख करोड़ रुपये लेकर फरार अपराधियों के नाम लिए जाने चाहिए. किसके राज मे लोन दिया गया यह विवाद है, किसे लोन दिया गया इसका नाम ही नहीं है.

New Delhi: Prime Minister Narendra Modi and former prime minister Manmohan Singh during a release of the book titled "Moving On...Moving Forward: A Year in Office" published on experiences of M Venkaiah Naidu during his first year as Vice President of India and Chairman of Rajya Sabha, in New Delhi on Sunday, Sept 2, 2018. (PTI Photo/Kamal Singh)(PTI9_2_2018_000057B)

एनपीए को लेकर यूपीए और एनडीए की नीतियां और नीयत एक जैसी है

कुछ अमीर उद्योगपति और अमीर होते रहें, जनता हिंदू-मुस्लिम करती रहे, इसलिए कांग्रेस भी नहीं बताती है कि वह जब सत्ता में आएगी तो उसकी अलग आर्थिक नीति क्या होगी. भाजपा भी यह सब नहीं करती है जबकि वह सत्ता में है.