Syed Ali Shah Geelani

जम्मू-कश्मीर: आतंकियों से कथित संबंध के मामले में प्रोफेसर-पुलिसकर्मी और शिक्षक बर्ख़ास्त

बर्खास्त किए गए लोगों में कश्मीर विश्वविद्यालय के रसायन विज्ञान विभाग का प्रोफेसर अल्ताफ़ हुसैन पंडित, सरकारी शिक्षक मोहम्मद मक़बूल हाज़म और एक पुलिसकर्मी गुलाम रसूल शामिल हैं. संविधान के अनुच्छेद 311 (2)(सी) के तहत गठित समिति की सिफारिश पर तीनों को बर्ख़ास्त किया गया. यह राज्य की सुरक्षा के हित में बिना जांच किए ही किसी व्यक्ति को बर्ख़ास्त करने की अनुमति देता है.

जम्मू कश्मीर: सैयद अली शाह गिलानी के पोते और एक स्कूली शिक्षक बर्ख़ास्त

जम्मू कश्मीर सरकार ने इन लोगों पर आतंकवादियों के साथ संबंध रखने का आरोप लगाया है. उपराज्यपाल द्वारा इनकी बर्ख़ास्तगी संविधान के अनुच्छेद 311 (2)(सी) के तहत की गई है. संविधान के इस प्रावधान के अनुसार सरकार को बिना जांच के ही संबंधित अधिकारी को बर्ख़ास्त करने का अधिकार मिला हुआ है.

जम्मू कश्मीर: कैसे सैयद गिलानी के शव को उनके परिवार से लेकर जल्दी में दफ़नाया गया

अलगावादी नेता सैयद अली शाह गिलानी के परिवार का कहना है कि पहले जम्मू कश्मीर पुलिस इस बात पर सहमत हुई थी कि उनके परिजन उन्हें दफ़नाने के इंतज़ाम कर सकेंगे, लेकिन बाद में पुलिसकर्मी उनका शव लेकर चले गए.

जम्मू कश्मीर: सैयद गिलानी के शव को पाकिस्तान के झंडे में लपेटने पर यूएपीए के तहत मामला दर्ज

बडगाम पुलिस ने अलगाववादी नेता सैयद अली शाह गिलानी के इंतक़ाल के बाद उनके शव को पाकिस्तान के झंडे में लपेटने और कथित ‘राष्ट्र विरोधी’ नारेबाज़ी के मामले में यूएपीए और आईपीसी की विभिन्न धाराओं में प्राथमिकी दर्ज की है.

गिलानी की मौत: कश्मीर में लोगों के एकत्रित होने पर पाबंदी जारी, मोबाइल इंटरनेट सेवा फिर बंद

बीते एक सितंबर को अलगाववादी नेता सैयद अली शाह गिलानी के निधन के बाद कश्मीर घाटी के ज़्यादातर हिस्सों में लोगों के एकत्रित होने पर रोक लगाने के लिए प्रशासन द्वारा पाबंदी लगाई गई है. इंटरनेट सेवाओं और मोबाइल टेलीफोन सेवाओं को दो दिन तक बंद रखने के बाद शुक्रवार रात को बहाल किया गया था, लेकिन मोबाइल इंटरनेट सेवाओं को शनिवार सुबह फ़िर से बंद कर दिया गया.

जम्मू कश्मीर: अलगाववादी नेता सैयद अली शाह गिलानी का निधन

अलगाववादी मुहिम के अगुवा रहे 92 वर्षीय सैयद अली शाह गिलानी लंबे समय से बीमार थे. हुर्रियत कांफ्रेंस के संस्थापक सदस्य रहे गिलानी ने साल 2000 की शुरुआत में तहरीक-ए-हुर्रियत का गठन किया था, जिसे उन्होंने जून 2020 में छोड़ दिया था.

जम्मू कश्मीर: अलगाववादी नेता सैयद अली शाह गिलानी ने हुर्रियत कॉन्फ्रेंस छोड़ी

बीते अगस्त से नज़रबंद 90 वर्षीय सैयद अली शाह गिलानी को हुर्रियत कॉन्फ्रेंस का आजीवन अध्यक्ष बनाया गया था. उनके प्रवक्ता ने कहा कि अब उन्होंने पूरी तरह से इससे अलग होने की घोषणा की है.

जम्मू कश्मीरः सुप्रीम कोर्ट में धारा 35-ए पर सुनवाई से पहले यासीन मलिक हिरासत में

सुप्रीम कोर्ट में अनुच्छेद 35-ए पर 25 फरवरी को सुनवाई होने की संभावना. केंद्र सरकार ने जम्मू कश्मीर में अर्धसैनिक बलों की 100 अतिरिक्त कंपनियां तैनात करने का आदेश दिया.

Srinagar: Jammu and Kashmir Governor Satya Pal Malik during an Interview with PTI, in Srinagar, on Tuesday, October 16, 2018. ( PTI Photo/S Irfan)(Story No. DEL 66)(PTI10_16_2018_000159B)

जम्मू कश्मीर: 18 अलगाववादियों, 155 नेताओं का सुरक्षा कवर हटाया गया

इससे पहले 17 फरवरी को जम्मू कश्मीर प्रशासन ने मीरवाइज उमर फारूक के साथ चार अन्य अलगाववादी नेताओं शब्बीर शाह, हाशिम कुरैशी, बिलाल लोन और अब्दुल गनी भट की सुरक्षा वापस ले ली थी.

अमरनाथ यात्रियों की हत्या करने वाले को ख़ुदा माफ़ नहीं करेगा: गिलानी

गिलानी ने कहा, इस्लाम कहता है कि कोई व्यक्ति किसी निर्दोष की हत्या करता है तो वो पूरी मानवता की हत्या करता है और अगर कोई किसी की जान बचाता है तो वो पूरी मानवता को बचाता है.