Kathua Rape

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अंतरात्मा का अभाव वर्तमान भारत का सबसे बड़ा संकट है

आखिर ऐसे लोग कहां हैं, जिनका अनुकरण किया जा सके? यह एक बड़ी चुनौती है. अगर मैं यह चाहता हूं कि मेरा बच्चा एक अच्छा नागरिक बने जो सर्वश्रेष्ठ मूल्यों के लिए आवाज उठा सके, तो आखिर इस मौजूदा पीढ़ी में वे प्रेरणा-पुरुष कहां हैं, जिनकी ओर देखा जा सकता है? हम 21वीं सदी में 19वीं सदी के अनुकरणीय व्यक्तियों की मिसाल कब तक देते रहेंगे?

Kathua Gangrape and Murder

कठुआ गैंगरेप: नाबालिग होने का दावा करने वाले आरोपी की उम्र 20 साल से अधिक

कठुआ बलात्कार और हत्या मामले के एक आरोपी ने मैट्रिक प्रमाणपत्र का हवाला देकर ख़ुद के नाबालिग होने का दावा किया था, जिस पर अदालत ने उसकी हड्डियों की जांच का आदेश दिया था.

Kathua Gangrape and Murder

पठानकोट में होगी कठुआ मामले की सुनवाई, महबूबा ने कहा इससे राज्य पुलिस का मनोबल बढ़ेगा

चीफ जस्टिस दीपक मिश्रा की अध्यक्षता वाली पीठ ने मामले को पठानकोट स्थानांतरित करने और फास्टट्रैक कोर्ट में दैनिक आधार पर सुनवाई करने का आदेश दिया है.

(फोटो: रॉयटर्स)

कठुआ मामले की सुनवाई पर सुप्रीम कोर्ट ने 7 मई तक रोक लगाई

सुप्रीम कोर्ट ने मामले की सुनवाई चंडीगढ़ में कराने और सीबीआई को जांच सौंपने की याचिका पर विचार करने के बाद कठुआ में चल रही कार्यवाही पर सात मई तक रोक लगा दी है.

(फोटो: रॉयटर्स)

हमारी ‘असल चिंता’ कठुआ मामले की निष्पक्ष सुनवाई को लेकर है: सुप्रीम कोर्ट

सुप्रीम कोर्ट ने कठुआ में बच्ची के साथ बलात्कार और उसकी हत्या के दो आरोपियों की उस याचिका पर विचार करने को हामी भर दी है जिसमें उन्होंने मुक़दमे की सुनवाई जम्मू से बाहर स्थानांतरित नहीं करने और मामले की जांच सीबीआई को सौंपने का अनुरोध किया है.

(फोटो साभार: अल्ट न्यूज़)

कठुआ में बच्ची के साथ बलात्कार न होने की ‘दैनिक जागरण’ की​ रिपोर्ट झूठी है

विशेष रिपोर्ट: दैनिक जागरण ने बीते 20 अप्रैल को ‘कठुआ में बच्ची से नहीं हुआ था दुष्कर्म’ शीर्षक से एक रिपोर्ट अपने सभी प्रिंट और आॅनलाइन संस्करणों में प्रमुखता से प्रकाशित की थी.

(फोटो: पीटीआई)

कठुआ पीड़िता की पहचान ज़ाहिर करने वाले मीडिया घरानों पर कोर्ट ने लगाया 10-10 लाख का जुर्माना

दिल्ली उच्च न्यायालय ने प्रत्येक मीडिया घराने को जम्मू कश्मीर पीड़ित मुआवज़ा कोष में 10-10 लाख रुपये जमा करने का निर्देश दिया है.

मधु किश्वर और प्रशांत भूषण (फोटो साभार: फेसबुक/रॉयटर्स)

फ़ेक न्यूज़ फैलाने का आरोप लगाते हुए प्रशांत भूषण ने मधु किश्वर के ख़िलाफ़ केस दर्ज ​कराया

वरिष्ठ अधिवक्ता प्रशांत भूषण ने ट्वीट किया है कि सांप्रदायिक नफ़रत और हिंसा भड़काने वाले ट्वीट करने पर मधु किश्वर के ख़िलाफ़ आपराधिक शिकायत दर्ज कराई है. उनके झूठ के पर्दाफ़ाश करने का वक़्त आ गया है.