Madhya Pradesh Congress

Bhopal: Madhya Pradesh Governor Anandiben Patel and Chief Minister Shivraj Chouhan pose for a group photo with the newly inducted ministers of the State Cabinet, after the swearing-in ceremony at Raj Bhawan in Bhopal, Thursday, July 2, 2020. (PTI Photo) (PTI02-07-2020 000089B)

मध्य प्रदेश में मंत्रिमंडल विस्तार शिवराज सरकार की मुश्किलों का अंत है या शुरुआत?

मध्य प्रदेश में शिवराज सरकार बनने के तीन महीने बाद हुए मंत्रिमंडल विस्तार को लेकर भाजपा के कई नेता अपनी नाराज़गी जता चुके हैं. जानकारों का कहना है कि यह फ़ैसला उपचुनावों को ध्यान में रखते हुए लिया गया है. नतीजों के बाद की परिस्थितियों में मंत्रिमंडल में फिर से फेरबदल होगा.

Bhopal: Madhya Pradesh Governor Anandiben Patel and Chief Minister Shivraj Chouhan pose for a group photo with the newly inducted ministers of the State Cabinet, after the swearing-in ceremony at Raj Bhawan in Bhopal, Thursday, July 2, 2020. (PTI Photo) (PTI02-07-2020 000089B)

मध्य प्रदेश: लंबे इंतज़ार के बाद हुआ मंत्रिमंडल विस्तार, 20 कैबिनेट और आठ राज्यमंत्री बनाए गए

मध्य प्रदेश में कमलनाथ सरकार गिराकर मुख्यमंत्री बनने वाले शिवराज सिंह चौहान ने करीब तीन महीने बाद पूर्ण कैबिनेट का गठन किया है. इसमें 16 भाजपा विधायकों के साथ कांग्रेस छोड़कर आए ज्योतिरादित्य सिंधिया खेमे के 12 विधायकों को शामिल किया गया है.

मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान के साथ भाजपा महासचिव कैलाश विजयवर्गीय. (फाइल फोटो: पीटीआई)

मध्य प्रदेश: भाजपा नेता का आरोप, कैलाश विजयवर्गीय शिवराज सरकार गिराने का प्रयास कर रहे हैं

मध्य प्रदेश के वरिष्ठ भाजपा नेता भंवरसिंह शेखावत ने आरोप लगाया है कि 2018 के विधानसभा चुनाव में भी पार्टी महासचिव कैलाश विजयवर्गीय ने यह सुनिश्चित किया था कि पार्टी को कम से कम सीटें मिलें, ताकि पिछले 13 सालों से राज्य की सत्ता के शीर्ष पर क़ाबिज़ मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान को हटाया जा सके.

(फोटो साभार: फेसबुक/ChouhanShivraj)

मध्य प्रदेश: क्या भाजपा का बिना मंत्रिमंडल विस्तार किए सरकार चलाना असंवैधानिक है?

संविधान का अनुच्छेद 164 (1 ए) मुख्यमंत्री समेत कम से कम 12 मंत्रियों के मंत्रिमंडल की बात करता है, लेकिन बीते दो महीनों से शिवराज सिंह चौहान केवल पांच मंत्रियों के साथ सरकार चला रहे हैं. कहा जा रहा है कि उन्हें डर है कि मंत्रिमंडल विस्तार करने पर मंत्री न बन सकने से असंतुष्ट विधायक आगामी राज्यसभा चुनाव में कहीं क्रॉस-वोटिंग न कर दें.

Bhopal: BJP leader Jyotiraditya Scindia being felicitated by party leader Shivraj Singh Chauhan, at party office in Bhopal, Thursday, March 12, 2020. (PTI Photo)(PTI12-03-2020_000214B)

मध्य प्रदेश: शिवराज सिंह चौहान का कथित ऑडियो सामने आया, कांग्रेस का साज़िशन सरकार गिराने का आरोप

बुधवार को सामने आए एक ऑडियो के आधार पर मध्य प्रदेश कांग्रेस ने भाजपा के केंद्रीय नेतृत्व पर कमलनाथ सरकार गिराने का षड्यंत्र रचने का इल्ज़ाम लगाया है. इस ऑडियो में मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान कथित तौर पर कह रहे हैं कि केंद्रीय नेतृत्व ने तय किया था कि सरकार गिरनी चाहिए.

मध्य प्रदेश के राज्यपाल लालजी टंडन, मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान और उन्हें नवगठित पांच कैबिनेट सदस्यों के साथ. (फोटो: ट्विटर/@BJP4MP)

मध्य प्रदेश: शिवराज चौहान ने पांच सदस्यीय मंत्रिपरिषद का गठन किया

कोरोना वायरस को फैलने से रोकने के लिए लगे देशव्यापी लॉकडाउन के बीच राज्यपाल लालजी टंडन ने राजभवन में एक समारोह में पांच सदस्यों को पद एवं गोपनीयता की शपथ दिलाई. मुख्यमंत्री शिवराज चौहान के मंत्रिपरिषद में दो बागी कांग्रेस विधायकों को भी जगह मिली है.

(फोटो साभार: फेसबुक/ChouhanShivraj)

मध्य प्रदेश: शिवराज सिंह चौहान के लिए वापसी के बाद की राह आसान नहीं है

मध्य प्रदेश में भाजपा की सत्ता वापसी तो हो गई है, लेकिन शिवराज सिंह चौहान के लिए यह कार्यकाल उनके पिछले कार्यकालों की तुलना में अधिक चुनौतीपूर्ण रहेगा. विश्लेषकों के अनुसार, उन्हें पार्टी में आए बाग़ी विधायकों को साधने से लेकर उन मुद्दों से भी निपटना है, जिन पर वे कांग्रेस को घेरते आए हैं.

प्रतीक हजेला. (फोटो साभार: फेसबुक)

मध्य प्रदेश: मुख्यमंत्री शिवराज चौहान ने प्रतीक हजेला को स्वास्थ्य प्रमुख के पद से हटाया

बुधवार को कोरोना वायरस की समीक्षा बैठक में मुख्यमंत्री शिवराज चौहान ने विशेष अधिकारी एवं आयुक्त स्वास्थ्य सेवाएं प्रतीक हजेला को हटाने का निर्देश दिया. पिछले साल अक्टूबर में सुप्रीम कोर्ट ने हजेला के मध्य प्रदेश ट्रांसफर किए जाने संबंधी आदेश जारी किए थे.

शिवराज सिंह चौहान के साथ कमलनाथ. (फोटो: पीटीआई)

मध्य प्रदेश: क्या उपचुनावों में जीत कांग्रेस को फिर सत्ता में ला सकती है?

आगर-मालवा और जौरा के विधायकों के निधन के कारण विधानसभा की दो सीटें पहले से ही खाली थीं. अब कांग्रेस के बागी 22 विधायकों के इस्तीफ़े के बाद राज्य में 24 सीटों पर उपचुनाव होने हैं.

Bhopal: BJP leader Jyotiraditya Scindia being felicitated by party leader Shivraj Singh Chauhan, at party office in Bhopal, Thursday, March 12, 2020. (PTI Photo)(PTI12-03-2020_000214B)

सीएम बनते ही शिवराज ने कमलनाथ द्वारा की नियुक्तियों को रद्द किया, सिंधिया के ख़िलाफ़ केस बंद

ज्योतिरादित्य सिंधिया और उनके करीबी विधायकों द्वारा बगावत करने के बाद तत्कालीन कांग्रेस सरकार ने कुछ नई नियुक्तियां की थीं, जिस पर विपक्ष ने कड़ा विरोध जताया था.

Bhopal: BJP leader Jyotiraditya Scindia being felicitated by party leader Shivraj Singh Chauhan, at party office in Bhopal, Thursday, March 12, 2020. (PTI Photo)(PTI12-03-2020_000214B)

​शिवराज सिंह चौहान ने चौथी बार मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री पद की शपथ ली

बीते 10 मार्च को ज्योतिरादित्य सिंधिया के 22 विधायकों के साथ कांग्रेस से इस्तीफ़ा देने के बाद मध्य प्रदेश की कांग्रेस नेतृत्व वाली सरकार संकट में आ गई थी. कई दिनों के सियासी घमासान के बाद कांग्रेस सरकार में मुख्यमंत्री रहे कमलनाथ ने बहुमत साबित करने से पहले ही पद से इस्तीफ़ा दे दिया था.

भाजपा अध्यक्ष जेपी नड्डा और भाजपा नेता ज्योतिरादित्य सिंधिया की मौजूदगी में भाजपा की सदस्यता ग्रहण करते कांग्रेस के 22 बागी विधायक. (फोटो: ट्विटर/@JM_Scindia)

मध्य प्रदेश: सिंधिया की मौजूदगी में कांग्रेस के 22 बागी विधायक भाजपा में शामिल हुए

हाल ही में कांग्रेस छोड़कर भाजपा में शामिल होने वाले ज्योतिरादित्य सिंधिया ने कहा कि मध्य प्रदेश के विकास, प्रगति और उन्नति के अपने संकल्प के साथ कांग्रेस के सभी 22 पूर्व विधायकों ने राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा जी के निवास पर भाजपा की सदस्यता ग्रहण की.

Bhopal: Congress Madhya Pradesh President Kamal Nath and AICC General Secretary Digvijay Singh arrive to chair Madhya Pradesh Congress Coordination Committee meeting at PCC Headquarters, in Bhopal, on Thursday. (PTI Photo) (PTI5_24_2018_000029B)

बहुमत साबित करने से पहले मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री कमलनाथ ने दिया इस्तीफ़ा

उच्चतम न्यायालय 20 मार्च को मध्य प्रदेश की कांग्रेस नेतृत्व वाली कमलनाथ सरकार को बहुमत साबित करने का निर्देश दिया था. बीते 10 मार्च को ज्योतिरादित्य सिंधिया के साथ 22 विधायकों के इस्तीफ़ा देने के बाद कमलनाथ सरकार संकट में आ गई थी.

Bhopal: Congress Madhya Pradesh President Kamal Nath and AICC General Secretary Digvijay Singh arrive to chair Madhya Pradesh Congress Coordination Committee meeting at PCC Headquarters, in Bhopal, on Thursday. (PTI Photo) (PTI5_24_2018_000029B)

मध्य प्रदेश: भाजपा की याचिका पर सुप्रीम कोर्ट ने सभी पक्षों को भेजा नोटिस, कल होगी सुनवाई

भाजपा नेता और मध्य प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान की 12 घंटों के भीतर विश्वास मत कराने संबंधी याचिका पर मंगलवार को सुनवाई करते हुए सुप्रीम कोर्ट ने विधानसभा के स्पीकर, मुख्यमंत्री कमलनाथ और मध्य प्रदेश सरकार के मुख्य सचिव को नोटिस जारी किया है.

Bhopal: Madhya Pradesh Chief Minister Kamal Nath along with Congress party MLAs during the budget session of state assembly, in Bhopal, Monday, March 16, 2020. (PTI Photo)(PTI16-03-2020_000024B)

मध्य प्रदेश: राज्यपाल ने मुख्यमंत्री कमलनाथ को 17 मार्च को शक्ति परीक्षण करने का दिया निर्देश

राज्यपाल ने मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री कमलनाथ को लिखे गए पत्र में कहा है कि अगर आप 17 मार्च को शक्ति परीक्षण नहीं करेंगे तो यह माना जाएगा कि वास्तव में आपको विधानसभा में बहुमत प्राप्त नहीं है. मध्य प्रदेश सरकार में मंत्री पीसी शर्मा ने कहा कि ऐसा लगता है कि राज्यपाल दबाव में हैं.