ओडिशा के कोरापुट और उसके आस-पास के आदिवासी बहुल जिलों में पारंपरिक चिकित्सा पद्धति आधुनिक दवाइयों के आने के बाद धीमे-धीमे मिट रही है. यह रिपोर्ट आदिवासी चिकित्सा और उससे जुड़े तमाम पहलुओं की पड़ताल करती है.
ओडिशा के आदिवासी इलाकों में कपास और उसके बाद हुई बीटी कॉटन की खेती ने बेहिसाब त्रासदी को जन्म दिया है. इसने जमीन को किसी अन्य फसल के लायक नहीं छोड़ा, और छिड़के गए कीटनाशकों ने स्थानीय लोगों के बीच कैंसर को जन्म दे दिया. युवा शोधार्थी शुभम सिंह की ज़मीनी रिपोर्ट जो संस्मरण और पत्रकारिता की संधि पर दर्ज होती है.