Delhi Assembly Election

शाहीन बाग से धरना खत्म करने की मांग पर सुप्रीम कोर्ट ने केंद्र को नोटिस जारी किया

कोर्ट ने केंद्र सरकार को 17 फरवरी तक जवाब देने को कहा है. याचिकाकर्ताओं के वकीलों ने असुविधाजनक स्थिति का हवाला देते हुए कि इस संबंध में अंतरिम निर्देश जारी करने को कहा, हालांकि पीठ ने इस मांग को खारिज कर दिया.

दिल्ली विधानसभा चुनाव: निर्वाचन आयोग ने एक दिन बाद जारी किए आंकड़े, 62.59 प्रतिशत मतदान हुआ

अंतिम मतदान की घोषणा में देरी पर दिल्ली मुख्य चुनाव आयुक्त रणबीर सिंह ने कहा कि रिटर्निंग अधिकारी काम में व्यस्त थे और इसीलिए अंतिम घोषणा में देरी हुई. अंतिम मतदान की घोषणा में देरी पर आम आदमी पार्टी नेता संजय सिंह ने सवाल उठाए थे. वहीं, मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने भी इसे बेहद चौकाने वाला बताया था.

दिल्ली चुनाव: सभी एग्जिट पोल में आप को मिल रही है आसान जीत

इंडिया टुडे-एक्सिस के एग्जिट पोल के अनुसार आप को 59-68 और भाजपा को 2-11 सीट मिल सकती हैं. वहीं, एबीपी-सी वोटर के अनुसार आप को 49-63 और भाजपा को 5-19 सीट मिल सकती हैं.

दिल्ली विधानसभा चुनाव: दोपहर 12 बजे तक 15.57 फीसदी हुआ मतदान

दिल्ली में 2,689 स्थानों पर कुल 13,750 मतदान केंद्र हैं. 1.47 करोड़ लोग मताधिकार का प्रयोग करने के योग्य हैं जो 672 उम्मीदवारों के भाग्य का फैसला करेंगे.

शाहीन बाग से धरना हटाने की याचिका को सुप्रीम कोर्ट ने टाला, कहा- अभी चुनाव है, सोमवार को आइए

अमित साहनी नाम के एक वकील ने ये याचिका दायर की है. साहनी दिल्ली हाईकोर्ट भी गए थे लेकिन कोर्ट ने इसे खारिज कर दिया था और कहा था कि संबंधित विभाग इस मामले को देखें. हालांकि कोर्ट ने इस संबंध में कोई औपचारिक आदेश पारित नहीं किया था.

दिल्ली विधानसभा चुनाव में मतदाताओं को कितना प्रभावित करेगा शाहीन बाग़?

दिल्ली विधानसभा चुनाव के मद्देनज़र भाजपा, आम आदमी पार्टी और कांग्रेस पर हमला करने के लिए शाहीन बाग़ में नागरिकता संशोधन क़ानून के ख़िलाफ़ क़रीब दो महीने से चल रहे प्रदर्शन का इस्तेमाल कर रही है. यह मुद्दा न सिर्फ भाजपा के स्थानीय नेता उठा रहे हैं बल्कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और गृह मंत्री अमित शाह समेत हर भाजपा नेता शाहीन बाग़ के प्रदर्शन के नाम पर दिल्ली के मतदाताओं को प्रभावित करने की कोशिश करते दिखे हैं.

दिल्ली के सरकारी स्कूल पर अरविंद केजरीवाल के दावों पर क्या बोले लोग?

वीडियो: 2015 में दिल्ली विधानसभा चुनाव जीतने के बाद केजरीवाल सरकार ने सरकारी स्कूलों को निजी स्कूलों से बेहतर बनाने का वादा किया था. बीते पांच साल में सरकारी स्कूल और शिक्षा कितनी बदली, इस पर बच्चों, शिक्षकों और अभिभावकों से रीतू तोमर की बातचीत.

दिल्ली विधानसभा चुनाव: साल बदले, लेकिन हालात नहीं

वीडियो: विधानसभा चुनाव में दिल्ली की स्कूली शिक्षा में हुए बदलाव की चर्चा ज़ोरों पर है. हालांकि राजधानी दिल्ली के ही एक इलाके में आज भी कुछ लड़कियों को स्कूल जाने के लिए खुद नाव चलाना पड़ता है. अविचल दुबे की रिपोर्ट.

दिल्ली विधानसभा चुनावः चांदनी चौक के चुनावी मैदान में पुराने चेहरे नए दल के साथ उतरे

देश का व्यापारिक केंद्र कहे जाने वाले चांदनी चौक विधानसभा क्षेत्र में 1998 से 2013 तक लगातर चार बार कांग्रेस जीती है, लेकिन 2015 में आम आदमी पार्टी की अलका लांबा ने इस सीट से जीत दर्ज की. 1993 में पहली और आखिरी बार भाजपा इस सीट से जीती थी.

दिल्ली में चुनाव प्रचार करने उतरे नीतीश कुमार, कहा- 2005 के बिहार की याद दिलाता है बुराड़ी

बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह के साथ बुराड़ी में जदयू उम्मीदवार के समर्थन में एक रैली को संबोधित किया. दिल्ली में शिक्षा का स्तर सुधारने के केजरीवाल के दावे पर सवाल उठाते हुए नीतीश कुमार ने पूछा कि उन्होंने पिछले पांच साल में कितने स्कूल बनाए.

मुफ्त की घोषणाएं कर केंद्र और दिल्ली सरकार विज्ञापन में ख़र्च कर रहीं पैसा: अलका लांबा

वीडियो: दिल्ली विधानसभा चुनाव को लेकर चांदनी चौक सीट से कांग्रेस प्रत्याशी और विधायक अलका लांबा से रीतू तोमर की बातचीत.

दिल्ली चुनाव: बुराड़ी की जनता बोली- जिसने हमारे लिए काम किया, उसे देंगे वोट

वीडियो: उत्तरी दिल्ली के बुराड़ी विधानसभा क्षेत्र से आम आदमी पार्टी से संजीव झा, भाजपा-जदयू गठबंधन से शैलेंद्र कुमार और कांग्रेस-राजद गठबंधन से प्रमोद त्यागी चुनाव मैदान में हैं. यहां के मतदाताओं ने राज्य और केंद्र की योजनाओं समेत नागरिकता क़ानून पर अपनी राय साझा की.

दिल्ली विधानसभा चुनाव: क्या बदल पाएगी चांदनी चौक की सूरत?

वीडियो: दिल्ली का दिल कहे जाने वाले चांदनी चौक में मुख्य मुक़ाबला कांग्रेस की अलका लांबा, आम आदमी पार्टी के प्रह्लाद सिंह साहनी और भाजपा के सुमन कुमार गुप्ता के बीच है. यहां के मुद्दों पर रीतू तोमर ने लोगों से बातचीत की.

दिल्ली चुनाव: गांधीनगर सीट पर आप, कांग्रेस और भाजपा में किसका पलड़ा भारी?

एशिया के कपड़ों का सबसे बड़ा मार्केट कहा जाने वाला पूर्वी दिल्ली का गांधीनगर व्यापारियों का इलाका है. गांधीनगर सीट लंबे समय तक कांग्रेस का गढ़ रही है. साल 1993 में भाजपा ने यह सीट जीती थी जिसके बाद लगातार चार बार कांग्रेस नेता अरविंदर सिंह लवली ने यहां से जीत दर्ज की. हालांकि साल 2015 में आम आदमी पार्टी की लहर में कांग्रेस का यह किला भी ढह गया.

दिल्ली चुनाव: अनुराग ठाकुर तीन दिन, प्रवेश वर्मा चार दिन प्रचार नहीं कर सकेंगे

चुनाव आयोग ने केंद्रीय मंत्री अनुराग ठाकुर और भाजपा सांसद प्रवेश वर्मा पर दिल्ली विधानसभा चुनाव में सामाजिक टकराव फैलाने वाले विवादित बयान देने के कारण चुनाव प्रचार करने पर यह प्रतिबंध लगाया गया है. इससे पहले भाजपा प्रत्याशी कपिल मिश्रा को 48 घंटे के लिए चुनाव प्रचार करने से प्रतिबंधित कर दिया गया था.