Lord Shiva

वर्ष 1820 में बनी शिव-काली की पेंटिंग छापने को लेकर ‘द वीक’ के ख़िलाफ़ एफ़आईआर

अंग्रेज़ी पत्रिका ‘द वीक’ ने अपने ताज़ा अंक में प्रधानमंत्री के आर्थिक सलाहकार बिबेक देबरॉय का एक लेख छापा था. इसके साथ लगी भगवान शिव और मां काली की तस्वीर को आपत्तिजनक बताते हुए कानपुर में एक भाजपा नेता ने पत्रिका के ख़िलाफ़ धार्मिक भावनाएं भड़काने के आरोप में मामला दर्ज करा दिया है. देबरॉय ने पत्रिका से स्तंभकार के रूप में नाता तोड़ लिया है.

असम: महंगाई के विरोध में हुए नुक्कड़ नाटक में शिव बनने वाला गिरफ़्तार, बाद में रिहा किया गया

असम के नागांव ज़िले का मामला. नाटक में दिखाया गया था कि भगवान शिव और पार्वती के किरदार दोपहिया वाहन की सवारी कर रहे हैं, जब पेट्रोल ख़त्म हो जाता है और शिव बढ़ती कीमतों के कारण पेट्रोल का ख़र्च वहन करने में असमर्थ होते हैं. विश्व हिंदू परिषद और भारतीय जनता युवा मोर्चा व अन्य की शिकायतों के आधार पर शिव बने सामाजिक कार्यकर्ता बिरिंची बोरा को गिरफ़्तार कर लिया गया था.