भारत

रिलायंस जियो में 9.99 फीसदी शेयर खरीदेगी फेसबुक, 43,574 करोड़ रुपये में होगा सौदा

इस करार के बाद जियो प्लेटफार्म में छोटे हिस्सेदारों की श्रेणी में फेसबुक की हिस्सेदारी सबसे ज्यादा होगी. इस सौदे से रिलायंस इंडस्ट्रीज समूह को अपने कर्ज का बोझ कम करने में मदद मिलेगी तथा फेसबुक की भारत में स्थिति और मजबूत होगी.

JIO REUTERS

(फोटो: रॉयटर्स)

नई दिल्ली: सोशल मीडिया क्षेत्र की दिग्गज अमेरिकी कंपनी फेसबुक ने मुकेश अंबानी के नेतृव वाले रिलायंस इंडस्ट्रीज समूह की कंपनी जियो प्लेटफार्म्स लिमिटेड की 9.99 प्रतिशत हिस्सेदारी खरीदने का करार किया है. कंपनियों ने बुधवार को यह घोषणा की.

बयान के मुताबिक यह सौदा 43,574 करोड़ रुपये (5.7 अरब डालर) का है. रिलायंस इंडस्ट्रीज के दूरसंचार नेटवर्क जियो की शत प्रतिशत हिस्सेदारी जियो प्लेटफार्म्स लिमिटेड के पास है.

बयान में कहा गया है कि रिलायंस इंडस्ट्रीज लिमिटेड, जियो प्लेटफार्म्स लिमिटेड और फेसबुक ने जियो प्लेटफार्म्स में फेसबुक द्वारा 43574 करोड रुपये के निवेश का पक्का करार किया है. इस करार में जियो प्लेटफार्म्स का मूल्य 4.62 लाख करोड़ रुपये (65.95 अरब डालर) आंका गया है.

इस तरह जियो प्लेटफार्म्स में फेसबुक की हिस्सेदारी 9.99 प्रतिशत होगी. इस करार के बाद जियो प्लेटफार्म में छोटे हिस्सेदारों की श्रेणी में फेसबुक की हिस्सेदारी सबसे ज्यादा होगी.

सौदे के बाद आरआईएल के शेयरों में उछाल

फेसबुक के जियो प्लेटफार्म्स में 43,574 करोड़ रुपये का निवेश करने की घोषणा के बाद बुधवार को रिलायंस इंडस्ट्रीज लिमिटेड (आरआईएल) के शेयरों में आठ फीसदी से ज्यादा का उछाल आया. शुरुआती कारोबार के दौरान बीएसई पर आरआईएल के शेयर 8.34 प्रतिशत बढ़कर 1,339.20 रुपये पर पहुंच गए.

इसी तरह एनएसई पर कंपनी के शेयर 8.27 प्रतिशत की तेजी के साथ 1,339.70 रुपये के भाव पर थे. इस दौरान 30 शेयरों वाले सेंसेक्स और 50 शेयरों वाले निफ्टी में सबसे अधिक बढ़त आरआईएल में देखने को मिली.

इस दौरान कंपनी का बाजार मूल्यांकन भी 45,527.62 करोड़ रुपये बढ़कर 8,29,084.62 करोड़ रुपये हो गया. फेसबुक ने मुकेश अंबानी के नेतृव वाले रिलायंस इंडस्ट्रीज समूह की कंपनी जियो प्लेटफार्म्स लिमिटेड में 10 प्रतिशत हिस्सेदारी खरीदने के लिए 5.7 अरब डॉलर या करीब 43,574 करोड़ रुपये निवेश का करार किया है.

इस सौदे से रिलायंस इंडस्ट्रीज समूह को अपने कर्ज का बोझ कम करने में मदद मिलेगी तथा फेसबुक की भारत में स्थिति और मजबूत होगी. उसके लिए उपयोगकर्ता आधार के लिहाज से भारत इस समय सबसे बड़ा बाजार है.

आरआईएल ने अपने कर्ज को कम करने के प्रयासों के तहत फेसबुक के साथ यह सौदा किया है. आरआईएल अपने व्यवसायों में रणनीतिक भागीदारी की तलाश कर रही है.

समूह अपने तेल-रसायन कारोबार में 20 प्रतिशत हिस्सेदारी बेचने के लिए सऊदी समकक्ष के साथ बातचीत भी कर रही है. समूह ने अगले साल तक कर्ज मुक्त होने का लक्ष्य तय किया है.

ताजा सौदा जियो और फेसबुक दोनों के लिए फायदेमंद है क्योंकि चीन के बाद भारत दुनिया का दूसरा सबसे बड़ा इंटरनेट बाजार है. आरआईएल ने कहा कि इस सौदे के लिए अभी नियामक और अन्य मंजूरियां मिलनी बाकी हैं.

(समाचार एजेंसी भाषा से इनपुट के साथ)