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कोरोना वायरस: भारत में 1.56 लाख से अधिक की मौत, विश्व में मृतक संख्या 25 लाख के पार

भारत में कोरोना वायरस संक्रमण के बीते 24 घंटे के दौरान 16,577 नए मामले सामने आए और 120 और लोगों की मौत हुई है. देश में संक्रमण के कुल मामलों की संख्या बढ़कर 1.10 करोड़ से अधिक हो गई है. विश्व में संक्रमण के 11.29 करोड़ से ज़्यादा मामले दर्ज किए गए हैं.

Healthcare workers rest in front of a fan during a check up campaign for the coronavirus disease (COVID-19) at a slum area in Mumbai, India July 8, 2020. REUTERS/Francis Mascarenhas/Files

(फोटो: रॉयटर्स)

नई दिल्ली: भारत में एक दिन में कोविड-19 के 16,577 नए मामले सामने आने के बाद देश में संक्रमण के कुल मामलों की संख्या बढ़कर 11,063,491 हो गई. इनमें से 10,750,680 लोग संक्रमण मुक्त हो चुके हैं.

केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय द्वारा शुक्रवार सुबह आठ बजे अद्यतन किए गए आंकड़ों के अनुसार, पिछले 24 घंटे में 120 और लोगों की संक्रमण से मौत हो गई, जिससे मृतक संख्या बढ़कर 156,825 हो गई है.

आंकड़ों के अनुसार, केंद्र शासित प्रदेश लक्षद्वीप में वायरस से मौत का पहला मामला सामने आया है. भारत में कोरोना वायरस संक्रमण के मामले सामने आने के तकरीबन एक साल बाद बीते 18 जनवरी को लक्षद्वीप में इसका पहला मामला सामने आया था.

वहीं, पिछले 24 घंटे में वायरस से जिन 120 लोगों की मौत हुई, उनमें महाराष्ट्र के 56, केरल के 14 और पंजाब के 13 लोग शामिल हैं.

देश में उपचाराधीन लोगों की संख्या भी बढ़कर 155,986 हो गई, जो कुल मामलों का 1.41 प्रतिशत है.

आंकड़ों के अनुसार, कुल 10,750,680 लोगों के संक्रमण मुक्त होने के साथ ही देश में मरीजों के ठीक होने की दर बढ़कर 97.17 प्रतिशत हो गई. वहीं कोविड-19 से मृत्यु दर 1.42 प्रतिशत है.

भारतीय आयुर्विज्ञान अनुसंधान परिषद (आईसीएमआर) के अनुसार, देश में 25 फरवरी तक 214,661,465 नमूनों की कोविड-19 संबंधी जांच की जा चुकी है. इनमें से 831,807 नमूनों की जांच बृहस्पतिवार को की गई थी.

मंत्रालय के आंकड़ों के अनुसार, देश में वायरस से अभी तक कुल 156,825 लोगों की मौत हुई है, जिनमें से महाराष्ट्र के 51,993, तमिलनाडु के 12,483, कर्नाटक के 12,316, दिल्ली के 10,905, पश्चिम बंगाल के 10,260, उत्तर प्रदेश के 8,723 और आंध्र प्रदेश के 7,168 लोग शामिल हैं.

स्वास्थ्य मंत्रालय ने बताया कि अभी तक जिन लोगों की मौत हुई, उनमें से 70 प्रतिशत से ज्यादा मरीजों को अन्य बीमारियां भी थीं.

आंकड़ों के मुताबिक, भारत में कोविड-19 संक्रमण के कुल मामलों की संख्या 10 लाख से 20 लाख (सात अगस्त को) तक पहुंचने में 21 दिनों का समय लगा था, जबकि 20 से 30 लाख (23 अगस्त को) की संख्या होने में 16 और दिन लगे. हालांकि 30 लाख से 40 लाख (पांच सितंबर) तक पहुंचने में मात्र 13 दिनों का समय लगा है.

वहीं, 40 लाख के बाद 50 लाख (16 सितंबर को) की संख्या को पार करने में केवल 11 दिन लगे. मामलों की संख्या 50 लाख से 60 लाख (28 सितंबर को) होने में 12 दिन लगे थे. 60 से 70 लाख (11 अक्टूबर) होने में इसे 13 दिन लगे. 70 से 80 लाख (29 अक्टूबर को) होने में 19 दिन लगे और 80 से 90 लाख (20 नवंबर को) होने में 13 दिन लगे. 90 लाख से एक करोड़ (19 दिसंबर को) होने में 29 दिन लगे.

देश में 110 दिन में कोविड-19 के मामले एक लाख हुए थे और 59 दिनों में वह 10 लाख के पार चले गए थे.

वायरस के मामले और मौतें

24 घंटे में सामने आए नए मामलों की बात करें तो बीते 25 फरवरी को 16,738, 24 फरवरी को 13,742, 23 फरवरी को 10,584, 22 जनवरी को 14,199, 21 फरवरी को 14,264, 20 फरवरी को 13,993, 19 फरवरी को 13,193, 18 फरवरी को 12,881, 17 फरवरी को 11,610, 16 फरवरी को 9,121, 15 फरवरी को 11,649, 14 फरवरी को 12,194, 13 फरवरी को 12,143, 12 फरवरी को 9,309, 11 फरवरी को 12,923, दस फरवरी को 11,067, नौ फरवरी को 9,110, आठ फरवरी को 11,831, सात फरवरी को 12,059, छह फरवरी को 11,713, पांच फरवरी को 12,408, चार फरवरी को 12,899, तीन फरवरी को 11,039, दो फरवरी को 8,635, एक फरवरी को 11,427 नए मामले सामने आए थे.

इसी तरह 24 घंटे में मौत के मामलों की बात करें तो 25 फरवरी को 138, 24 फरवरी को 104, 23 फरवरी को 78, 22 जनवरी को 83, 21 फरवरी को 90, 20 फरवरी को 101, 19 फरवरी को 97, 18 फरवरी को 101, 17 फरवरी को 100, 16 फरवरी को 81, 15 फरवरी को 90, 14 फरवरी को 92, 13 फरवरी को 103, 12 फरवरी को 78, 11 फरवरी को 108, दस फरवरी को 94, नौ फरवरी को 78, आठ फरवरी को 84, सात फरवरी को 78, छह फरवरी को 95, पांच फरवरी को 120, चार फरवरी को 107, तीन फरवरी को 110, दो फरवरी को 94, एक फरवरी को 118 लोग संक्रमण से जान गंवा चुके हैं.

जनवरी में 24 घंटे के दौरान संक्रमण के सर्वाधिक 20,346 मामले बीते सात जनवरी को दर्ज किए गए थे. वहीं इस अवधि में सबसे अधिक 264 लोगों की मौत छह जनवरी को हुई थी.

31 जनवरी को 13,052, 30 जनवरी को 13,083, 29 जनवरी को 18,855, 28 जनवरी को 11,666, 27 जनवरी को 12,689, 26 जनवरी को 9,102, 25 जनवरी को 13,203, 24 जनवरी को 14,849, 23 जनवरी को 14,256, 22 जनवरी को 14,545, 21 जनवरी को 15,223, 20 जनवरी को 13,823 नए मामले सामने आए थे.

31 जनवरी को 127, 30 जनवरी को 137, 29 जनवरी को 163, 28 जनवरी को 123, 27 जनवरी को 137, 26 जनवरी को 117, 25 जनवरी को 131, 24 जनवरी को 155, 23 जनवरी को 152, 22 जनवरी को 163, 21 जनवरी को 151, 20 जनवरी को 162 लोगों ने संक्रमण से जान गंवाई थी.

इससे पहले दिसंबर महीने में 24 घंटे के दौरान पांच दिसंबर को संक्रमण के अधिकतम 36,652 मामले सामने आए थे और चार दिसंबर को संक्रमण से अधिकतम 540 लोगों की मौत हुई थी. नवंबर महीने 24 घंटे के दौरान सात नवंबर को संक्रमण के अधिकतम 50,356 मामले सामने आए थे और पांच नवंबर को संक्रमण से अधिकतम 704 लोगों की मौत हुई थी.

अक्टूबर महीने की बात करें तो एक तारीख को अधिकतम 86,821 और 28 अक्टूबर को न्यूनतम 43,893 मामले 24 घंटे के दौरान सामने आए थे. अक्टूबर में 24 घंटे में मरने वालों की अधिकतम संख्या 1 अक्टूबर को 1,181 थी.

सात सितंबर को 90,802 और 30 सितंबर को 80,472 नए मामले दर्ज किए गए थे. सात से 30 सितंबर के बीच नए मामलों की संख्या घटती बढ़ती रही. इस अवधि में 22 सितंबर को 75,083 (न्यूनतम) और 17 सितंबर को 97,894 (अधिकतम) मामले दर्ज किए गए थे, जो अब तक का सर्वाधिक आंकड़ा भी है.

छह सितंबर को संक्रमण के नए मामले पहली बार 90 हजार (90,632) के पार हो गए थे. 28 अगस्त को पहली बार 70 हजार (75,760) के पार, सात अगस्त को पहली बार 60 हजार (62,538) के पार, 30 जुलाई को पहली बार 50 हजार के पार हो गए थे.

इसी तरह 20 जुलाई को यह पहली बार 40 हजार के पार, 16 जुलाई को पहली बार 30 हजार के पार, 10 जुलाई को पहली बार 25 हजार (26,506) के पार, तीन जुलाई को पहली बार 20 हजार के पार, 21 जून को पहली बार 15 हजार के पार और 20 जून को संक्रमण के नए मामलों की संख्या पहली बार 14 हजार के पार हुई थी.

सितंबर महीने में एक दिन में मरने वालों की बात करें तो एक सितंबर को इनकी संख्या 819 और 29 सितंबर को न्यूनतम 776 थी. इन दो तारीखों के अलावा पूरे महीने हर दिन मरने वालों की संख्या एक हजार से अधिक रही है. 16 सितंबर को 1290 लोगों की जान गई, जो एक दिन में मरने वालों का सर्वाधिक आंकड़ा है.

10 अगस्त से 31 अगस्त तक बीते 24 घंटे या एक दिन में मरने वालों की संख्या 1007 से अधिकतम 1,092 (19 अगस्त का आंकड़ा) के बीच रही. 24 जुलाई से नौ अगस्त के बीच एक दिन या 24 घंटे में मौत का आंकड़ा 700 से लेकर 933 (आठ अगस्त का आंकड़ा) के बीच रहा है. एक जुलाई से 23 जुलाई के बीच यह आंकड़ा 507 से 1,129 के बीच रहा.

11 जून से 30 जून के बीच मरने वालों की संख्या 300 से 500 के अंदर रही है. 22 जून को एक दिन में मरने वालों की संख्या पहली बार 400 से अधिक रही थी. और 11 जून को पहली बार मरने वालों की संख्या 300 के आंकड़े को पार कर गई थी.

दुनियाभर में मामले 11.29 करोड़ से ज़्यादा, 25.07 लाख से अधिक लोगों की मौत

अमेरिका की जॉन्स हॉपकिन्स यूनिवर्सिटी की ओर से जारी आंकड़ों के अनुसार, पूरी दुनिया में कोरोना वायरस संक्रमण के कुल मामले बढ़कर 112,999,297 हो गए हैं और अब तक 2,507,444 लोगों की जान जा चुकी है.

दुनियाभर में कोरोना से अमेरिका सबसे अधिक प्रभावित देश है. यहां संक्रमण के अब तक 28,411,373 मामले सामने आए हैं, जबकि मरने वालों की संख्या 508,127 हो चुकी है.

भारत संक्रमण से सर्वाधिक प्रभावित दूसरा देश है. भारत के बाद तीसरे सर्वाधिक प्रभावित देश ब्राजील में संक्रमण के अब तक 10,390,461 मामले मिले हैं और 251,498 लोग दम तोड़ चुके हैं.

ब्राजील के बाद रूस को पछाड़कर ब्रिटेन फिर चौथा सर्वाधिक प्रभावित देश बन गया है. यहां संक्रमण के 4,166,727 मामले आए हैं, जबकि 122,303 मरीजों की मौत दर्ज की जा चुकी है.

ब्रिटेन के बाद पांचवें सर्वाधिक प्रभावित देश रूस में संक्रमण के 4,164,802 मामले आए हैं, जबकि 83,481 मरीजों की मौत के मामले सामने आए हैं.

रूस के बाद छठे सर्वाधिक प्रभावित देश फ्रांस में संक्रमण के 3,746,475 मामले आए हैं और 85,734 लोगों ने जान गंवा दी है. फ्रांस के बाद सातवें सर्वाधिक प्रभावित स्पेन में संक्रमण के 3,180,212 मामले सामने आए हैं और 68,813 मौतें हुई हैं.

स्पेन के बाद आठवें सर्वाधिक प्रभावित देश इटली में संक्रमण के 2,868,435 मामले दर्ज हुए हैं, जबकि 96,974 मौतें हुई हैं. इटली के बाद नौवें प्रभावित देश तुर्की में संक्रमण के 2,674,766 मामले सामने आए हैं और 28,358 मौतें हुई हैं.

तुर्की के बाद 10वें सर्वाधिक प्रभावित देश जर्मनी में संक्रमण के 2,427,069 मामले सामने आ चुके हैं, जबकि 69,343  लोगों की यह महामारी जान ले चुकी है.

(समाचार एजेंसी भाषा से इनपुट के साथ)